ब्रिटिश पाउंड और जापानी येन का क्रॉस पेयर 216.00 के महत्वपूर्ण प्रतिरोध स्तर से ऊपर टिकने में असमर्थ रहने के बाद हालिया कारोबारी सत्रों में दबाव में आ गया है। इस विफलता के बाद यह मुद्रा जोड़ी अपने 50-दिवसीय सिंपल मूविंग एवरेज (SMA) के नीचे आ गई, जिससे तकनीकी संकेतकों पर बिकवाली का दबदबा साफ दिखाई दे रहा है। वर्तमान में GBP/JPY का भाव 214.25 पर बना हुआ है, जिसमें 0.37 प्रतिशत की दैनिक गिरावट दर्ज की गई है। लाइव बाजार के आंकड़ों के अनुसार, इस पेयर का कारोबार 215.23 के आसपास हो रहा है, जो पिछले बंद भाव 215.97 के मुकाबले 0.34 प्रतिशत की गिरावट को दर्शाता है। 52 हफ्तों के दौरान इस पेयर का दायरा 197.50 से 219.52 के बीच रहा है।
तकनीकी संकेतक और प्रमुख सपोर्ट स्तर
तकनीकी विश्लेषण के नजरिए से GBP/JPY में इस समय न्यूट्रल से बियरिश रुझान देखा जा रहा है। 50-दिवसीय SMA स्तर 215.58 के नीचे गिरावट दर्ज होने के बाद अब ट्रेडर्स की निगाहें 100-दिवसीय SMA पर टिकी हैं, जो 214.75 के स्तर पर स्थित है। यदि बाजार इस सपोर्ट को तोड़कर नीचे की ओर बढ़ता है, तो बिकवाली का दौर और तेज हो सकता है। इसके बाद अगला प्रमुख सपोर्ट 200-दिवसीय SMA पर 212.45 के आसपास देखा जा रहा है। यदि यह स्तर भी टूटता है, तो 7 अगस्त का निचला स्तर 211.47 और 20-दिवसीय सपोर्ट 209.60 परीक्षण के दायरे में आ सकते हैं। दैनिक पिवट पॉइंट 215.15 पर स्थित है, जबकि तात्कालिक सपोर्ट S1 215.06 और S2 214.88 के स्तर पर बने हुए हैं।
रिलेटिव स्ट्रेंथ इंडेक्स (RSI) वर्तमान में 49 के स्तर पर है, जो यह दर्शाता है कि खरीदारों की गति धीमी पड़ रही है और बिकवाली करने वाले धीरे-धीरे नियंत्रण हासिल कर रहे हैं। हालांकि, दीर्घकालिक रुझान में 50-दिवसीय EMA (215.29) और 200-दिवसीय EMA (211.33) के बीच गोल्डन क्रॉस बना हुआ है, और ADX 26 पर रहते हुए एक ट्रेंडिंग बाजार का संकेत दे रहा है। स्टोकेस्टिक इंडिकेटर की फास्ट लाइन 85 और सिग्नल लाइन 83 पर बनी हुई है। यदि पाउंड दोबारा मजबूती दिखाता है और ऊपर की ओर बढ़ता है, तो पहला प्रतिरोध 10 अप्रैल का उच्चतम स्तर 216.60 होगा, जिसके बाद 217.00 का मनोवैज्ञानिक स्तर आता है। इसके ऊपर 10 जुलाई का उच्चतम स्तर 218.69 और 15 जुलाई का उच्चतम स्तर 219.61 मुख्य रेजिस्टेंस जोन के रूप में काम करेंगे।
ब्रिटिश पाउंड और अमेरिकी डॉलर का समीकरण
जापानी येन के खिलाफ कमजोरी के विपरीत, ब्रिटिश पाउंड ने अमेरिकी डॉलर के मुकाबले मजबूत बढ़त हासिल की है। GBP/USD की जोड़ी 1.3600 के पार पहुंचकर मध्य मई के बाद के अपने उच्चतम स्तर पर कारोबार कर रही है। यूके में जारी ताजा आर्थिक आंकड़ों के अनुसार, जुलाई महीने में वार्षिक कंज्यूमर प्राइस इंडेक्स (CPI) मुद्रास्फीति बढ़कर 2.9 प्रतिशत हो गई, जो बाजार के अनुमानों के बिल्कुल अनुकूल रही। इसके अलावा, जुलाई में कोर CPI मुद्रास्फीति 2.6 प्रतिशत रही, जिसने 2.5 प्रतिशत के अनुमान को पीछे छोड़ दिया। मुद्रास्फीति के इन आंकड़ों ने पाउंड को डॉलर के मुकाबले मजबूत सहारा दिया।
ग्लोबल फॉरेक्स और बॉन्ड मार्केट का माहौल
अमेरिकी डॉलर पर इस समय भारी दबाव बना हुआ है। अमेरिकी ट्रेजरी विभाग द्वारा लंबे समय वाले कूपन प्रतिभूतियों के लिए तरलता सहायता बायबैक संचालन के आकार को दोगुना करने के फैसले ने डॉलर की विनिमय दर को कमजोर कर दिया है। इस फैसले के बाद अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड में भी तेज गिरावट देखने को मिली। इसी वजह से EUR/USD की जोड़ी जून की शुरुआत के बाद के अपने उच्चतम स्तर 1.1650 के पार पहुंच गई। दूसरी ओर, कमजोर डॉलर और अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में गिरावट का सीधा फायदा सोने (XAU/USD) को मिला, जिससे इसने अपने पिछले कारोबारी दिन के सभी नुकसान की भरपाई करते हुए जोरदार वापसी की। वैश्विक निवेशक अब मौद्रिक नीति के भविष्य के रुख को समझने के लिए FOMC मिनिट्स का इंतजार कर रहे हैं।


















