मुकेश अंबानी की अगुवाई वाली रिलायंस इंडस्ट्रीज समूह की डिजिटल इकाई जियो प्लेटफॉर्म्स ने घरेलू शेयर बाजार में बेहद शानदार आगाज किया है। लिस्टिंग के पहले ही कारोबारी सत्र में कंपनी के शेयरों ने निवेशकों को बेहतरीन मुनाफा कराते हुए अपने 1119 रुपये के निर्गम मूल्य यानी इश्यू प्राइस के मुकाबले करीब 27 प्रतिशत की तेज छलांग लगाकर कारोबार समाप्त किया। इस जोरदार बढ़त के दम पर कंपनी मूल्यांकन के मामले में भारतीय इक्विटी बाजार की दूसरी सबसे बड़ी मूल्यवान फर्म बनकर उभरी है।
शुरुआती सत्र से ही हावी रहे खरीदार, रिकॉर्ड स्तरों को छुआ
जियो प्लेटफॉर्म्स लिमिटेड के शेयरों ने बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (बीएसई) और नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) पर 1358 रुपये के स्तर से कारोबार का आरंभ किया, जो इसके मूल निर्गम मूल्य से 21.36 प्रतिशत अधिक था। ट्रेडिंग के दौरान निवेशकों की भारी लिवाली के चलते बीएसई पर शेयर 27.23 प्रतिशत तक चढ़कर 1423.80 रुपये के इंट्राडे उच्चतम स्तर तक पहुंच गया। अंत में बीएसई पर यह शेयर 26.66 प्रतिशत की बढ़त दर्ज करते हुए 1417.35 रुपये के भाव पर बंद हुआ।
इसी तरह नेशनल स्टॉक एक्सचेंज पर भी जोरदार खरीदारी देखने को मिली, जहां शेयर 27.24 प्रतिशत उछलकर 1423.90 रुपये के उच्चतम इंट्राडे स्तर को छूने में कामयाब रहा। दिन भर के सौदों के निपटारे के बाद एनएसई पर यह 26.67 प्रतिशत की बढ़त के साथ 1417.50 रुपये के स्तर पर बंद हुआ।
13 लाख करोड़ रुपये के पार पहुंचा बाजार मूल्यांकन
कारोबार के पहले दिन के अंत तक जियो प्लेटफॉर्म्स का कुल बाजार पूंजीकरण (मार्केट कैप) 13 लाख करोड़ रुपये दर्ज किया गया। देश की शीर्ष पांच सबसे मूल्यवान कंपनियों की सूची में यह दिग्गज संस्थान भारती एयरटेल, एचडीएफसी बैंक और आईसीआईसीआई बैंक को पीछे छोड़ते हुए दूसरे पायदान पर काबिज हो गया।
बाजार में 15.67 लाख करोड़ रुपये के मार्केट कैप के साथ रिलायंस इंडस्ट्रीज सबसे मूल्यवान कंपनी के शीर्ष स्थान पर कायम है। इस नई लिस्टिंग के बाद जियो प्लेटफॉर्म्स और रिलायंस इंडस्ट्रीज का संयुक्त बाजार पूंजीकरण बढ़कर 28.72 लाख करोड़ रुपये तक पहुंच गया है, जो समूह की बाजार पर मजबूत वित्तीय पकड़ को रेखांकित करता है।
दूरसंचार क्षेत्र में भारती एयरटेल को पछाड़कर नंबर एक स्थान पर कब्जा
शेयर बाजार में इस ब्लॉकबस्टर शुरुआत के बाद जियो प्लेटफॉर्म्स लिमिटेड दूरसंचार और डिजिटल सेवा क्षेत्र की सबसे बड़ी कंपनी भी बन गई है। कंपनी ने इस दौड़ में सीधे तौर पर भारती एयरटेल को पीछे छोड़ दिया है, जिसका बाजार मूल्यांकन 12.16 लाख करोड़ रुपये दर्ज किया गया था।
इस ऐतिहासिक लिस्टिंग की मजबूत नींव इसके 30,213 करोड़ रुपये के विशाल आईपीओ के दौरान ही पड़ चुकी थी, जिसे निवेशकों की ओर से कुल 22.19 गुना बोलियां हासिल हुई थीं। आम जनता के इश्यू और एंकर निवेशकों के आवंटन को मिलाकर कुल मांग 7 लाख करोड़ रुपये से अधिक पहुंच गई थी। इसके लिए करीब 1.39 करोड़ आवेदन दर्ज किए गए थे, जो वैश्विक पूंजी बाजार के स्तर पर भी एक अभूतपूर्व पैमाना माना जा रहा है।





















