बुधवार को शेयर बाजार की शुरुआत कमजोर रही और शुरुआती कारोबार में ही सेंसेक्स 500 अंक से ज्यादा नीचे लुढ़क गया। सबसे बड़ा दबाव बैंकिंग सेक्टर पर दिखा, जहां कई बड़े नाम धड़ाम हो गए। तिमाही नतीजों के तुरंत बाद एचडीएफसी बैंक का शेयर 5 फीसदी, एक्सिस बैंक करीब 5 फीसदी और कोटक महिंद्रा बैंक 3 फीसदी तक गिर गया। लेकिन इसी बिकवाली के माहौल में आईसीआईसीआई बैंक का शेयर अकेला हरे निशान में चमकता रहा। यह करीब एक फीसदी की बढ़त के साथ एनएसई पर 1455 रुपये के भाव पर कारोबार कर रहा था। जब पूरा सेक्टर दबाव में हो, तब इस शेयर की तेजी ने बाजार को हैरान कर दिया।
बड़े बैंकों के शेयर क्यों टूटे
इन दिग्गज बैंकों की गिरावट के पीछे दो बड़ी वजहें रहीं। पहली, उनके मार्जिन पर बढ़ता दबाव और दूसरी, एसेट क्वालिटी में आई कमजोरी। यही वह मोर्चा है जहां निवेशकों को चिंता हुई और उन्होंने मुनाफावसूली शुरू कर दी। एक्सिस बैंक का शेयर करीब 4.89% गिरकर 1264 रुपये पर आ गया। बैंक की कोर कमाई भले ठीक-ठाक रही हो, लेकिन नेट इंटरेस्ट मार्जिन का घटकर 3.46% पर आ जाना इसके लिए राहत की खबर नहीं रहा। कोटक महिंद्रा बैंक भी 3.07% की तेज गिरावट के साथ 377.90 रुपये के स्तर पर फिसल गया। वहीं एचडीएफसी बैंक का शेयर Q1 नतीजों के बाद 5% तक टूट चुका था।
आईसीआईसीआई बैंक ने कैसे बाजी पलटी
दूसरी तरफ आईसीआईसीआई बैंक ने वित्त वर्ष की पहली तिमाही में बाजार की उम्मीदों से कहीं बेहतर प्रदर्शन किया। बैंक की लोन ग्रोथ पूरे सेक्टर में सबसे तेज रही और उसने बाकी बैंकों के मुकाबले ज्यादा कर्ज बांटा। इसके साथ ही बैंक का नेट इंटरेस्ट मार्जिन सुधरा है, फीस से होने वाली कमाई बढ़ी है और एसेट क्वालिटी भी पहले से काफी मजबूत हुई है। यही मजबूत बुनियाद है जिसकी वजह से निवेशक और ब्रोकरेज दोनों इस शेयर पर भरोसा जता रहे हैं और आगे भी अच्छी कमाई की गुंजाइश देख रहे हैं।
ब्रोकरेज हाउस हुए बुलिश, तय किए बड़े टारगेट
शानदार नतीजों के बाद दिग्गज ब्रोकरेज हाउस आईसीआईसीआई बैंक के शेयर पर फिदा हैं। नोमुरा ने इस पर अपनी बाय रेटिंग बरकरार रखते हुए 1700 रुपये का टारगेट प्राइस तय किया है। बर्नस्टीन ने 1550 रुपये के टारगेट के साथ मार्केट परफॉर्म रेटिंग दी है। वहीं ब्रोकरेज फर्म प्रभुदास लीलाधर ने निवेशकों को इस शेयर में पैसा लगाने की सलाह दी है और इसके लिए 1850 रुपये का टारगेट प्राइस रखा है। कुल मिलाकर तस्वीर साफ है, बाकी बैंकों को जहां मार्जिन और एसेट क्वालिटी की चिंता ले डूबी, वहीं आईसीआईसीआई बैंक इन्हीं मोर्चों पर मजबूती दिखाकर बाजार की भीड़ से अलग खड़ा नजर आया।



















