नवीकरणीय ऊर्जा क्षेत्र की प्रमुख कंपनी सुझलन एनर्जी के शेयरों में मंगलवार के कारोबारी सत्र के दौरान भारी कमजोरी दर्ज की गई और इंट्राडे ट्रेड में यह करीब साढ़े नौ प्रतिशत तक टूट गया। कंपनी की ओर से जारी ताजा तिमाही नतीजों में शुद्ध मुनाफे में गिरावट की जानकारी दी गई थी, जिसका सीधा असर इसके शेयरों पर देखने को मिला। बाजार में सुझलन एनर्जी का स्टॉक निवेशकों की बिकवाली के दबाव में आ गया।
तिमाही वित्तीय नतीजे और शुद्ध मुनाफा
सुझलन एनर्जी ने वित्त वर्ष 2027 की पहली तिमाही यानी Q1FY27 के दौरान 305.22 करोड़ रुपये का समेकित शुद्ध मुनाफा कमाया है। पिछले वित्त वर्ष की इसी तिमाही में कंपनी ने 324.32 करोड़ रुपये का शुद्ध मुनाफा अर्जित किया था, जिसके मुकाबले इस बार सालाना आधार पर छह प्रतिशत की गिरावट आई है। हालांकि, इससे ठीक पिछली तिमाही यानी वित्त वर्ष 2026 की चौथी तिमाही में कंपनी का शुद्ध मुनाफा 1,114.35 करोड़ रुपये दर्ज किया गया था, जिसके मुकाबले इस तिमाही के आंकड़े काफी नीचे रहे हैं।
शेयर की चाल और बाजार पूंजीकरण
कारोबारी हफ्ते के दूसरे दिन मंगलवार, 28 जुलाई को बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज पर सुझलन एनर्जी का शेयर 9.7 प्रतिशत की गिरावट के साथ 47.98 रुपये के स्तर पर बंद हुआ। इस कारोबार के अंत तक कंपनी का कुल बाजार पूंजीकरण 65,942.58 करोड़ रुपये आंका गया। सत्र के दौरान सुझलन एनर्जी के शेयर ने 53.21 रुपये के ऊपरी और 47.84 रुपये के निचले इंट्राडे स्तर को छुआ, जिससे निवेशकों में भारी हलचल बनी रही।
परिचालन से राजस्व और विभिन्न सेगमेंट का प्रदर्शन
मुनाफे में मामूली गिरावट आने के बावजूद कंपनी का परिचालन से शुद्ध राजस्व मजबूत स्थिति में बना रहा। सुझलन एनर्जी का Q1FY27 में परिचालन से शुद्ध राजस्व 3,819.36 करोड़ रुपये रहा, जबकि पिछले साल की समान अवधि में यह आंकड़ा 3,117.33 करोड़ रुपये था। वित्त वर्ष 2026 की चौथी तिमाही में परिचालन से राजस्व 5,468.06 करोड़ रुपये दर्ज किया गया था। इन सभी आंकड़ों को शामिल करने के बाद समीक्षाधीन तिमाही में कंपनी का कुल परिचालन राजस्व 3,862.53 करोड़ रुपये पर पहुंच गया।
सेगमेंट के लिहाज से बात करें तो कंपनी ने नवीकरणीय ऊर्जा खंड से Q1FY27 के दौरान अनुमानित 3,174.31 करोड़ रुपये की कमाई की, जो कि Q1FY26 में 2,494.57 करोड़ रुपये थी। इसके अलावा, रीएसेट मैनेजमेंट सर्विसेज से राजस्व 631.88 करोड़ रुपये रहा, जबकि फाउंड्री और फॉरजिंग सेगमेंट ने इसी तिमाही में 125.86 करोड़ रुपये का राजस्व सृजित किया।
ऑर्डर बुक और प्रबंधन की टिप्पणी
कंपनी ने दावा किया है कि उसने Q1FY27 के दौरान अब तक की सबसे अधिक डिलीवरी पूरी की है। कंपनी की विज्ञप्ति के अनुसार, उसे टाटा पावर, सनश्योर एनर्जी, वारी और अन्य कंपनियों से लगभग एक गीगावाट के नए ऑर्डर प्राप्त हुए हैं। टाटा पावर और वारी ग्रुप से मिले दो बड़े डेवलपर-प्रेरित ईपीसी ऑर्डर सहित लगभग 1 गीगावाट के रिकॉर्ड नए ऑर्डर शामिल हैं।
सुझलन ग्रुप के वाइस चेयरमैन गिरीश तांती ने कहा कि सुझलन 2.0 की प्रक्रिया चल रही है क्योंकि हम पवन आधारित नवीकरणीय ऊर्जा समाधानों के साथ चार रणनीतिक विकास इंजनों का निर्माण कर रहे हैं, अपनी तकनीक को मजबूत कर रहे हैं और दीर्घकालिक ग्राहक साझेदारियों पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं।



















