अमेरिकी मध्यावधि चुनाव में डाक मतपत्र भेजकर पोप लियो XIV ने रचा अभूतपूर्व इतिहासराहुल गांधी के शक्ति प्रदर्शन के सामने भाजपा का पलटवार, राजधानी में 1 नवंबर को आमने-सामने होंगे दोनों दलकेदारनाथ मंदिर जाने पर सारा अली खान के साथ खड़ी हुईं सोनिया बंसल, आस्था को बताया निजी अधिकारदीपावली और ठंड के दिनों में इन शुभ पौधों से सजाएं अपना घर, आसान देखभाल में रहेंगे तरोताजाइंदौर की नेहा संवारे ने बदला पिता का रंगोली कारोबार, एमबीए के बाद देशभर में पहुंचाए उत्पादमलेशिया में ब्याज दरें 2.75% पर स्थिर रहने का अनुमान, 5 नवंबर को बैंक नेगारा मलेशिया की बैठकजवाहरलाल नेहरू स्टेडियम में दिलजीत दोसांझ का लाइव कॉन्सर्ट, हिट गानों की मांग के बीच विवादित ट्रैक्स पर टिकी नजरेंतिमाही नतीजों में चमकी जियो प्लेटफॉर्म्स, शुद्ध मुनाफे में दर्ज हुई 14 फीसदी की बढ़तराजस्थान में पंचायत चुनाव के दूसरे दौर में बंपर वोटिंग, बारिश के बाद भी केंद्रों पर उमड़े ग्रामीणदीपावली से पहले राजस्थान सरकार ने बढ़ाया महंगाई भत्ता, कर्मचारियों को मिलेगा तदर्थ बोनस भी
अमेरिकी डॉलर की वापसी से यूरो फिसला, ब्याज दरों पर फेड के सख्त रुख से बाजार में दबावबाज़ार
30 अक्तू॰ 2026, 8:14 pm (2 घंटे पहले)· 0

अमेरिकी डॉलर की वापसी से यूरो फिसला, ब्याज दरों पर फेड के सख्त रुख से बाजार में दबाव

यूरोपीय सेंट्रल बैंक के सख्त रुख और यूरोजोन के बेहतर जीडीपी आंकड़ों के बावजूद अमेरिकी डॉलर ने बढ़त बनाकर यूरो को दिन के ऊपरी स्तरों से नीचे धकेल दिया। फेडरल रिजर्व की ओर से नीतिगत दरें ऊंची बनाए रखने की संभावना और पश्चिम एशिया संकट से कच्चे तेल की कीमतों का दबाव बना हुआ है।

अंतरराष्ट्रीय मुद्रा बाजार में शुक्रवार को अमेरिकी डॉलर ने जोरदार वापसी करते हुए अन्य प्रमुख मुद्राओं पर दबाव बना दिया। शुरुआती कारोबार में यूरो ने मजबूत जीडीपी आंकड़ों और यूरोपीय सेंट्रल बैंक के सख्त नीतिगत संकेतों के सहारे बढ़त हासिल की थी, लेकिन दिन चढ़ने के साथ ही यूरो दिन के उच्चतम स्तर से फिसल गया। वैश्विक स्तर पर कृत्रिम बुद्धिमत्ता यानी AI क्षेत्र में अत्यधिक खर्च को लेकर निवेशकों की चिंताएं बढ़ी हैं, वहीं लगातार बनी हुई महंगाई के कारण अमेरिकी फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दरों को कड़ा रखने के संकेत से ग्रीनबैक को अतिरिक्त मजबूती मिली है।

डॉलर इंडेक्स में गिरावट के बाद तेजी से सुधार

छह प्रमुख वैश्विक मुद्राओं के मुकाबले अमेरिकी मुद्रा की चाल को मापने वाला अमेरिकी डॉलर इंडेक्स (DXY) दिन के दौरान पहले गिरकर 101.53 के स्तर तक आ गया था। हालांकि, इसके बाद इसमें तेज उछाल देखने को मिला और यह दोबारा 102.00 के पार निकल गया। डॉलर में इस गिरावट को सीमित रखने में पश्चिम एशिया के घटनाक्रमों के चलते ऊर्जा कीमतों में आई तेजी ने अहम भूमिका निभाई है। ईंधन महंगा होने से मुद्रास्फीति का जोखिम बढ़ा है, जिसने फेडरल रिजर्व को नीतिगत दरों पर सख्त रुख बनाए रखने पर मजबूर किया है।

ये भी पढ़ें

फेडरल रिजर्व का रुख और दिसंबर में दर वृद्धि की संभावना

ब्याज दरों के मोर्चे पर अमेरिकी केंद्रीय बैंक ने बुधवार को अपनी बेंचमार्क नीतिगत दरों को 3.75%-4.00% के दायरे में स्थिर रखा था। केंद्रीय बैंक ने मूल्य स्थिरता हासिल करने की अपनी प्रतिबद्धता को दोहराया है। इस नीतिगत निर्णय के बीच बारकिन ने कहा कि फेड ने क्रमिक दृष्टिकोण का संकेत दिया है। नीति निर्माताओं के बयानों और जारी आंकड़ों के बीच व्यापारी दिसंबर में संभावित ब्याज दर वृद्धि के पक्ष में बने हुए हैं। शिकागो मर्केंटाइल एक्सचेंज के CME FedWatch Tool के मुताबिक, दिसंबर की बैठक में दर वृद्धि की संभावना करीब 75% आंकी गई है।

वैश्विक मुद्राओं के मुकाबले अमेरिकी डॉलर का प्रदर्शन

मुद्रा बाजार में आज अमेरिकी डॉलर ने अन्य प्रतिस्पर्धी मुद्राओं की तुलना में सबसे ज्यादा मजबूती यूरो के खिलाफ दर्ज की है। मुद्रा विनिमय दरों में उतार-चढ़ाव को मापने वाले संकेतकों से साफ है कि आधार मुद्रा के तौर पर डॉलर अधिकांश प्रमुख मुद्राओं पर भारी पड़ा। हालांकि, एशियाई कारोबारी सत्र के दौरान ऑस्ट्रेलियाई डॉलर ने कुछ अलग रुख दिखाया। AUD/USD जोड़ी शुक्रवार को सुधरकर 0.7035 के करीब पहुंच गई। ऑस्ट्रेलिया में उपभोक्ता मूल्य सूचकांक यानी CPI आधारित मुद्रास्फीति के गर्म आंकड़ों ने रिजर्व बैंक ऑफ ऑस्ट्रेलिया द्वारा भविष्य में दरें बढ़ाए जाने की संभावनाओं को हवा दी, जिससे ऑस्ट्रेलियाई डॉलर को समर्थन मिला।

येन की स्थिति और सोने पर ब्याज दरों की मार

दूसरी तरफ, जापानी येन के मुकाबले डॉलर का रुख मिला-जुला रहा। USD/JPY जोड़ी में शुक्रवार को लगातार तीसरे कारोबारी सत्र में नरमी देखी गई। यह जोड़ी 157.00 के दायरे तक फिसलने के बाद हल्की रिकवरी की कोशिश करती नजर आई। निवेशक बैंक ऑफ जापान की ताजा बैठक के नतीजों का विश्लेषण कर रहे हैं, जहां जापानी केंद्रीय बैंक ने पूर्व अनुमानों के मुताबिक नीतिगत दरों में कोई बदलाव नहीं किया और उन्हें अपरिवर्तित छोड़ दिया।

मुद्रा बाजार के इस उतार-चढ़ाव और दर वृद्धि की संभावनाओं का सीधा असर कीमती धातुओं पर पड़ा है। शुक्रवार को सोना गिरकर इस साल के नए निचले स्तर यानी वर्ष के न्यूनतम स्तर पर आ गया। वैश्विक वित्तीय बाजारों में जोखिम से बचने के सामान्य माहौल के बावजूद सोने को समर्थन नहीं मिल पा रहा है। अमेरिकी फेडरल रिजर्व द्वारा आगे भी ब्याज दरें बढ़ाए जाने की लगातार बनी आशंकाओं ने सोने की कीमतों पर भारी दबाव बनाया है, जिससे यह कीमती धातु चालू महीने का अंत नकारात्मक दायरे में करने की राह पर दिखाई दे रही है।

सवाल-जवाब

दिन के दौरान अमेरिकी डॉलर इंडेक्स किस स्तर तक गिरा और कहां सुधरा?
अमेरिकी डॉलर इंडेक्स 101.53 के निचले स्तर तक गिरने के बाद दोबारा तेजी से सुधरकर 102.00 के पार निकल गया।
दिसंबर में अमेरिकी फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दर बढ़ाने की क्या संभावना जताई जा रही है?
CME FedWatch Tool के अनुसार व्यापारी दिसंबर की बैठक में ब्याज दर में बढ़ोतरी की लगभग 75% संभावना मान रहे हैं।
अमेरिकी केंद्रीय बैंक ने नीतिगत ब्याज दरों को किस दायरे में बनाए रखा है?
फेडरल रिजर्व ने बुधवार को अपनी नीतिगत ब्याज दरों को 3.75%-4.00% के दायरे में स्थिर रखा है।
सोने की कीमतों में शुक्रवार को किस तरह का रुझान दर्ज किया गया?
अमेरिकी ब्याज दरों में और बढ़ोतरी की आशंकाओं के कारण सोना शुक्रवार को फिसलकर इस वर्ष के नए न्यूनतम स्तर पर आ गया।
बैंक ऑफ जापान की हालिया नीतिगत बैठक का क्या परिणाम रहा?
बैंक ऑफ जापान ने व्यापक बाजार अनुमानों के अनुसार अपनी नीतिगत ब्याज दरों को बिना किसी बदलाव के अपरिवर्तित रखा।
ऑस्ट्रेलियाई डॉलर में मजबूती की मुख्य वजह क्या रही?
ऑस्ट्रेलिया में उपभोक्ता मूल्य सूचकांक के आंकड़े अधिक रहने से रिजर्व बैंक ऑफ ऑस्ट्रेलिया द्वारा दरें बढ़ाए जाने की संभावनाओं को बल मिला, जिससे AUD/USD बढ़कर 0.7035 के करीब पहुंच गया।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 1

Ravikash Gupta@ravikash·1 घंटे पहले

फेड की दिसंबर बैठक में दर बढ़ाने की 75% संभावना सचमुच चौंकाने वाली है।

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR
Chamar no WhatsApp