मेघालय के मुख्यमंत्री कॉनराड के संगमा ने उन सभी दावों और आरोपों को सिरे से नकार दिया है जिनमें नेशनल पीपुल्स पार्टी (NPP) पर राजनीतिक जनाधार बढ़ाने के लिए अन्य दलों के विधायकों को तोड़ने का आरोप लगाया जा रहा था। कैबिनेट में पॉल लिंगदोह को शामिल किए जाने के बाद पत्रकारों से मुखातिब होते हुए मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि सत्ताधारी दल का दामन थामने वाले तमाम जनप्रतिनिधि किसी दबाव में नहीं, बल्कि अपने व्यक्तिगत निर्णय और स्वतंत्र इच्छा से यह कदम उठा रहे हैं।
गठबंधन सहयोगियों के साथ तालमेल का परिणाम
मुख्यमंत्री ने एनपीपी के लगातार मजबूत होने की वजह बताते हुए कहा कि यह ताकत सरकार में वर्षों तक एक साथ काम करने और आपसी राजनीतिक रिश्तों के जरिए बनी है। उनके अनुसार मेघालय डेमोक्रेटिक अलायंस (MDA) सरकार के कामकाज के दौरान जो जनप्रतिनिधि एनपीपी के संपर्क में रहे, उनके बीच एक गहरा तालमेल और समझ विकसित हुई। इसी सहज रिश्ते ने समय के साथ उन नेताओं के एनपीपी में शामिल होने के फैसले को सकारात्मक रूप से प्रभावित किया है।
संगमा ने इस धारणा को भी पूरी तरह खारिज किया कि एनपीपी जानबूझकर अपने गठबंधन सहयोगियों की राजनीतिक स्थिति को कमजोर कर रही है। उन्होंने कहा कि पार्टी ने हमेशा अपने सहयोगियों के साथ स्वस्थ कामकाजी संबंध बनाए रखे हैं और किसी भी राजनीतिक चालबाजी के माध्यम से उन्हें नुकसान पहुंचाने का एनपीपी का कोई इरादा नहीं है। इसके साथ ही उन्होंने यूनाइटेड डेमोक्रेटिक पार्टी (UDP) के नेता मेटबाह लिंगदोह के मंत्रिमंडल से हटने को लेकर चल रही तरह-तरह की अटकलों पर विराम लगाया। उन्होंने स्पष्ट किया कि मेटबाह लिंगदोह पर पद छोड़ने के लिए किसी ने कोई दबाव नहीं बनाया था और इस्तीफा देने का उनका फैसला पूरी तरह से व्यक्तिगत था।
गारो हिल्स में नए सदस्य और विधानसभा की स्थिति
राजनीतिक घटनाक्रम की जानकारी साझा करते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि गारो हिल्स स्वायत्त जिला परिषद (GHADC) के तृणमूल कांग्रेस (TMC) से जुड़े 3 सदस्य औपचारिक रूप से 4 नवंबर को एनपीपी में शामिल होंगे। हालांकि उन्होंने यह भी संकेत दिया कि विधानसभा स्तर पर टीएमसी के विधायकों को लेकर फिलहाल ऐसा कोई कदम तुरंत होने की संभावना नहीं है। सरकार की स्थिरता पर भरोसा जताते हुए संगमा ने कहा कि मौजूदा दौर में प्रशासन किसी बड़े राजनीतिक फेरबदल की उम्मीद नहीं कर रहा है और मौजूदा कैबिनेट ढांचे के साथ सरकार अपना कार्यकाल सफलतापूर्वक पूरा करेगी।
पर्यटन विभाग की जिम्मेदारी और शिलांग रोपवे परियोजना
हाल ही में मंत्रिमंडल में शामिल किए गए मंत्री पॉल लिंगदोह को दोबारा पर्यटन विभाग का प्रभार मिलने की संभावना है, जिसे वे पूर्व में भी संभाल चुके हैं। पदभार संभालने के बाद लिंगदोह ने मेघालय के पर्यटन उद्योग को नई गति देने को अपनी प्राथमिक कार्यसूची में सबसे ऊपर रखा है। इसके साथ ही उन्होंने प्रस्तावित शिलांग रोपवे परियोजना को लेकर उठ रही स्थानीय चिंताओं पर भी गौर किया है।
रोपवे के मुद्दे पर मुख्यमंत्री कॉनराड संगमा ने अपनी बात रखते हुए कहा कि प्रशासन सभी संबंधित पक्षों और स्थानीय हितधारकों के साथ चर्चा के लिए हमेशा तैयार है, लेकिन इस परियोजना का आगे बढ़ना राज्य के हित में बेहद जरूरी है। उन्होंने रेखांकित किया कि शिलांग रोपवे परियोजना स्थानीय स्तर पर सैकड़ों युवाओं को सीधे तौर पर रोजगार मुहैया करा सकती है, जबकि पर्यटन बढ़ने से हजारों अन्य परिवारों की आजीविका को अप्रत्यक्ष रूप से मजबूत सहारा मिलेगा।
सांस्कृतिक आयोजन और संसदीय समिति का स्वागत
राज्य की आस्था और सांस्कृतिक पहचान को बढ़ावा देने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री ने दो बड़े गॉस्पेल संगीत कार्यक्रमों के आयोजन की घोषणा की। यह संगीत कार्यक्रम खासी-जयंतिया हिल्स में प्रेस्बिटेरियन चर्च और गारो हिल्स में बैपटिस्ट चर्च के संयुक्त सहयोग से आयोजित किए जाएंगे।
इसके अलावा मुख्यमंत्री ने विदेशी अंशदान (विनियमन) संशोधन विधेयक, 2026 पर चर्चा के लिए शिलांग पहुंची संयुक्त संसदीय समिति की परामर्श प्रक्रिया का स्वागत किया। इस परामर्श के दौरान समिति ने लगभग 40 अलग-अलग संगठनों के प्रतिनिधियों के साथ विस्तृत बातचीत की। संगमा ने इस तरह के खुले संवाद को लोकतांत्रिक प्रक्रिया का एक बेहद सकारात्मक और मजबूत पहलू करार दिया।



















