किसी भी आम इंसान की पूरी जिंदगी की सबसे बड़ी वित्तीय पूंजी उसके अपने घर के निर्माण पर खर्च होती है। हर व्यक्ति की यही इच्छा होती है कि चाहे जितना भी पैसा लगे, उसका मकान सबसे मजबूत और बेहतर तरीके से बनकर तैयार हो। जिन लोगों के पास पर्याप्त धन उपलब्ध है, उनके लिए अपने सपनों का भव्य महल बनाना आसान होता है। हालांकि, सीमित आय और सीमित पैसों वाले परिवारों के लिए एक ढंग का मकान तैयार करना बेहद चुनौतीपूर्ण हो जाता है। जब जमीन खरीदने और उस पर निर्माण कराने दोनों की लागत को जोड़ा जाता है, तो कुल खर्च कई लाख रुपये तक पहुंच जाता है। ऐसे में जहानाबाद के एक अनुभवी ठेकेदार ने 8 से 10 लाख रुपये के सीमित बजट के भीतर 2 BHK फ्लैट का निर्माण पूरा करने का व्यावहारिक रास्ता दिखाया है।
11 साल के राजमिस्त्री और ठेकेदारी अनुभव से निकली तरकीबें
बिहार के जहानाबाद जिले के अंतर्गत आने वाले घोसी प्रखंड के रहने वाले बैजू कुमार पिछले 11 वर्षों से राजमिस्त्री के रूप में काम कर रहे हैं। समय के साथ अपने काम का अनुभव बढ़ने पर उन्होंने ठेकेदारी का कार्य संभालना शुरू कर दिया। वे अक्सर जमीन के आकार और मकान मालिक की आर्थिक क्षमता को ध्यान में रखकर बेहतर फ्लैट बनाने का नक्शा और तरीका निकाल लेते हैं। उनका मानना है कि वर्तमान समय में जमीन खरीदना और उस पर मकान बनवाना किसी जंग को जीतने जैसा कठिन काम बन चुका है। इसलिए हर व्यक्ति को अपनी जेब और तय बजट के हिसाब से ही निर्माण कार्य की योजना बनानी चाहिए।
फाउंडेशन और दीवारों में ऐसे बचाएं निर्माण लागत
बैजू कुमार के अनुसार 10 लाख रुपये के बजट में 2 BHK फ्लैट आसानी से तैयार किया जा सकता है। इसके लिए निर्माण के दौरान कुछ खास जगहों पर समझदारी से कटौती करनी होगी, जिससे मकान की मजबूती पर कोई विपरीत असर न पड़े। सबसे पहले जमीन में गड्ढा खोदते समय गहराई को केवल 5 फीट तक ही सीमित रखना चाहिए और उसमें 10 इंच के पिलर देने चाहिए। इसके बाद प्लिंथ यानी कुर्सी का निर्माण तैयार कर लेना चाहिए। इसके अतिरिक्त मकान के अंदर जहां भी 10 इंच मोटी दीवार की संरचनात्मक आवश्यकता न हो, वहां 5 इंच की ईंट की दीवार बनाकर काम चलाया जा सकता है। दीवारों में ईंटों की संख्या कम होने से सीधे तौर पर बालू, गिट्टी और सीमेंट की खपत घट जाती है, जिससे कुल खर्च में भारी बचत होती है।
सरिया और पिलर की मोटाई नियंत्रित कर रोकें अतिरिक्त खर्च
मकान बनाते समय कुल लागत बढ़ने के कई छोटे लेकिन महत्वपूर्ण कारण होते हैं। कुछ मकान मालिक नींव खोदते समय बहुत अधिक गहराई तक निर्माण कार्य करवाते हैं, जिससे जमीन के नीचे ही एक पूरा फ्लैट बनाने जितना पैसा खर्च हो जाता है। इसके अलावा कई लोग पिलर में 4 सरिया छड़ों की जगह 6 सरिया छड़ों का इस्तेमाल करते हैं, जिससे लोहे की खरीद का खर्च अचानक बढ़ जाता है। इसी तरह पिलर और बीम में जरूरत से ज्यादा मोटाई वाले सरिया का उपयोग करना भी बजट को बिगाड़ देता है। लोग 12 एमएम के सरिया की जगह 16 एमएम का सरिया लगा देते हैं, जिससे लागत काफी बढ़ जाती है। यदि नींव की खुदाई, ईंट की मोटाई और सरिया के चयन जैसे इन छोटे कारकों पर सही समय पर नियंत्रण कर लिया जाए, तो 8 से 10 लाख रुपये के भीतर एक शानदार और मजबूत 2 BHK फ्लैट बिना किसी कर्ज के बनकर तैयार हो सकता है।



















