ज़ेरोधा फंड हाउस ने म्यूचुअल फंड बाज़ार में अपने कदम मजबूत करते हुए नया ज़ेरोधा लाइफ साइकिल फंड 2031 पेश किया है। इस नए फंड के साथ कंपनी ने अपनी टारगेट-डेट फंड सीरीज़ का विस्तार करते हुए निवेशकों को 5 साल की मैच्योरिटी वाला विकल्प दिया है। इससे पहले ज़ेरोधा फंड हाउस 10 साल और 15 साल की अवधि वाले दो फंड (ज़ेरोधा लाइफ साइकिल फंड 2036 और ज़ेरोधा लाइफ साइकिल फंड 2041) पहले ही लॉन्च कर चुका है।
एनएफओ की समयसीमा और निवेश विवरण
ज़ेरोधा लाइफ साइकिल फंड 2031 का नया फंड ऑफर (NFO) गुरुवार, 27 अगस्त को आम निवेशकों के लिए खोल दिया गया है। जो निवेशक इस योजना में पैसा लगाना चाहते हैं, वे 10 सितंबर तक अपना आवेदन जमा कर सकते हैं। यह योजना पूरी तरह से वर्ष 2031 की मैच्योरिटी तिथि को ध्यान में रखकर बनाई गई है, जिससे निवेशकों को अपने मध्यम अवधि के वित्तीय लक्ष्यों को पूरा करने में मदद मिलेगी।
ऑटोमेटेड ग्लाइड पाथ और एसेट एलोकेशन रणनीति
इस नई योजना का मुख्य आधार एक मल्टी-एसेट निवेश मॉडल है। यह फंड मुख्य रूप से तीन प्रमुख एसेट क्लास - इक्विटी (शेयर बाजार), डेट (बॉन्ड व सरकारी प्रतिभूतियां) और कमोडिटीज (सोना और चांदी) में निवेश करता है। अलग-अलग संपत्तियों में निवेश करने से पोर्टफोलियो का जोखिम कम होता है और बाजार के विभिन्न चरणों में बेहतर रिटर्न मिलने की संभावना रहती है।
इस फंड की सबसे बड़ी खासियत इसका पूर्व-निर्धारित एसेट एलोकेशन स्ट्रक्चर है, जिसे नियम-आधारित ग्लाइड पाथ कहा जाता है। शुरुआती सालों में जब मैच्योरिटी में काफी समय होता है, तब फंड का अधिक हिस्सा इक्विटी में निवेश किया जाता है ताकि संपत्ति में तेजी से वृद्धि हो सके। जैसे-जैसे लक्ष्य वर्ष यानी 2031 नजदीक आता है, फंड खुद-ब-खुद और व्यवस्थित तरीके से सुरक्षित निवेश (डेट और सरकारी प्रतिभूतियों) की तरफ शिफ्ट होने लगता है। इससे मैच्योरिटी के समय बाजार के उतार-चढ़ाव से कमाए गए पैसे का बचाव होता है।
पोर्टफोलियो संरचना और बेंचमार्क इंडेक्स
पोर्टफोलियो के निर्माण के लिए यह फंड पैसिव इंडेक्स ट्रैकिंग का सहारा लेता है। इक्विटी हिस्सेदारी के लिए यह योजना निफ्टी लार्जमैंडकैप 250 इंडेक्स को ट्रैक करती है, जिससे भारत की शीर्ष 250 बड़ी और मध्यम कंपनियों में विविधीकृत निवेश मिलता है। वहीं डेट यानी ऋण वाले हिस्से के लिए फंड अलग-अलग अवधि की भारत सरकार की प्रतिभूतियों में निवेश करता है, जिससे क्रेडिट जोखिम न्यूनतम रहता है।
मध्यम अवधि के वित्तीय लक्ष्यों की पूर्ति
2031 वेरिएंट के जुड़ने से अब ज़ेरोधा की लाइफ साइकिल सीरीज़ में तीन मैच्योरिटी विकल्प - 5 साल (2031), 10 साल (2036) और 15 साल (2041) उपलब्ध हो गए हैं। ज़ेरोधा फंड हाउस के सीबीओ वैभव जालान ने बताया कि कई व्यक्तिगत वित्तीय लक्ष्य ऐसे होते हैं जिनके लिए 10 या 15 साल का इंतजार नहीं किया जा सकता।
कार खरीदने की योजना, शादी या यात्रा का खर्च, या फिर होम लोन के लिए डाउन पेमेंट की रकम जुटाना ऐसे लक्ष्य हैं जो कम समय में पूरे करने होते हैं। 2031 फंड को ठीक ऐसे ही कम समय वाले लक्ष्यों को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है। "2031 फंड को ठीक इसी तरह की समयसीमा के लिए बनाया गया है," ज़ेरोधा फंड हाउस के सीबीओ वैभव जालान ने कहा।
निवेश प्रक्रिया का सरलीकरण और भावी योजनाएं
खुदरा निवेशकों के लिए बाजार के उतार-चढ़ाव के बीच अपने पोर्टफोलियो का संतुलन खुद बनाना काफी कठिन होता है। टारगेट-डेट फंड इस काम को स्वचालित रूप से कर देते हैं। ज़ेरोधा फंड हाउस के सीईओ विशाल जैन ने कहा कि सही निवेश केवल सही संपत्ति चुनने के बारे में नहीं है, बल्कि सही समय पर जोखिम को नियंत्रित करने के बारे में भी है।
"ज़ेरोधा लाइफ साइकिल फंड सीरीज़ आपके लिए इस बदलाव को संभालती है, ताकि निवेश सरल बना रहे," ज़ेरोधा फंड हाउस के सीईओ विशाल जैन ने कहा। फंड हाउस ने यह भी स्पष्ट किया है कि भविष्य में विभिन्न मैच्योरिटी वर्षों के साथ और भी नई योजनाएं लाई जाएंगी ताकि हर उम्र और वर्ग के निवेशक अपनी समयसीमा के अनुसार सही फंड चुन सकें।



















