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दिल्ली में भारी बारिश से इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर जलभराव, टर्मिनल थ्री के पास फंसे यात्रीभारत
4 सित॰ 2026, 6:17 pm (41 मिनट पहले)· 2

दिल्ली में भारी बारिश से इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर जलभराव, टर्मिनल थ्री के पास फंसे यात्री

राजधानी दिल्ली में तेज बारिश के बाद इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट के टर्मिनल थ्री पर भारी जलभराव हो गया। पानी भरने के कारण यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा और वाहनों तक पहुंचने में काफी जद्दोजहद करनी पड़ी।

राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में शुक्रवार दोपहर हुई मूसलाधार बारिश ने भले ही मौसम को सुहाना बना दिया हो, लेकिन इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट की व्यवस्थाओं की पोल खोल दी। तेज बारिश के बाद एयरपोर्ट के अराइवल एरिया और सड़कों पर पानी भर गया, जिससे वहां आने-जाने वाले लोगों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा।

टर्मिनल थ्री पर जलभराव से बढ़ी मुश्किलें

अचानक हुई भारी बारिश के कारण पानी तेजी से फैलते हुए इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट के टर्मिनल थ्री के मीट एंड ग्रीट एरिया तक जा पहुंचा। अपनी हवाई यात्रा पूरी कर दिल्ली पहुंचने वाले यात्रियों को टर्मिनल से बाहर निकलकर अपने वाहनों तक पहुंचने के लिए खासी मशक्कत करनी पड़ी। पानी भरने की वजह से पैदल चलने वालों के साथ-साथ वाहन चालकों को भी भारी ट्रैफिक और जलभराव का सामना करना पड़ा।

मौसम के मिजाज से पहले भी प्रभावित होती रही हैं सेवाएं

राष्ट्रीय राजधानी में मौसम के कड़े तेवर और भारी बारिश के कारण यातायात और विमान सेवाएं अक्सर प्रभावित होती रही हैं। मौसम विभाग द्वारा समय-समय पर ऑरेंज और येलो अलर्ट जारी किए जाते हैं, जिसके चलते एनसीआर क्षेत्र में सड़कों पर लंबा जाम और जलभराव जैसी समस्याएं आम हो जाती हैं। यात्रियों की सुरक्षा और सुविधा को ध्यान में रखते हुए एयरपोर्ट प्रशासन और संबंधित एजेंसियां लगातार जल निकासी के उपायों पर काम करती हैं, ताकि खराब मौसम में उड़ानों और यात्रियों पर कम से कम असर पड़े।

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सवाल-जवाब

दिल्ली एयरपोर्ट पर जलभराव की मुख्य वजह क्या थी?
दोपहर में हुई अचानक मूसलाधार बारिश के कारण इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट के अराइवल और मीट एंड ल्लीट एरिया में भारी पानी भर गया था।
कौन सा टर्मिनल जलभराव से सबसे ज्यादा प्रभावित हुआ?
इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट का टर्मिनल थ्री इस जलभराव से प्रभावित हुआ।
यात्रियों को किस तरह की परेशानी उठानी पड़ी?
यात्रियों को अपनी हवाई यात्रा पूरी करने के बाद टर्मिनल से बाहर आकर अपने वाहनों तक पहुंचने के लिए भारी जद्दोजहद करनी पड़ी।
क्या इस घटना से उड़ानों पर भी असर पड़ा?
भारी बारिश और जलभराव के दौरान यात्रियों की आवाजाही प्रभावित हुई और उन्हें सड़कों तथा परिसर में कठिनाइयों का सामना करना पड़ा।
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टिप्पणियाँ 2

Karan Malhotra@karan-malhotra·20 मिनट पहले

यह घटना सिर्फ एक मौसम संबंधी समस्या नहीं, बल्कि उच्च सुरक्षा वाले राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय परिवहन केंद्रों पर बुनियादी ढांचे की तैयारी पर एक गंभीर सवालिया निशान है। इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट जैसे संवेदनशीलता और भारी आवाजाही वाले क्षेत्र में जलभराव होना सीधे तौर पर प्रशासनिक लापरवाही और आपदा प्रबंधन की पोल खोलता है। यदि समय रहते दिल्ली की ड्रेनेज प्रणाली और नागरिक सुरक्षा के मानकों की उच्चस्तरीय जांच नहीं की गई, तो यह स्थिति किसी बड़ी सुरक्षा चूक या गंभीर जनहानि का कारण बन सकती है। आगे यह देखना होगा कि एयरपोर्ट प्रबंधन और स्थानीय प्रशासन मानसून से निपटने के लिए क्या ठोस कदम उठाते हैं।

Rohan Verma@rohan-verma·19 मिनट पहले

सहकर्मी की बात को आगे बढ़ाते हुए, यह सिर्फ दिल्ली तक सीमित नहीं है; उत्तर प्रदेश जैसे पड़ोसी राज्यों से आने वाले लाखों यात्रियों और उत्तर भारतीय परिवहन नेटवर्क पर भी इसका सीधा असर पड़ता है। जब देश के सबसे व्यस्त हवाई अड्डे पर ऐसी स्थिति बनती है, तो यह स्पष्ट है कि नागरिक एजेंसियों और एयरपोर्ट प्रशासन के बीच समन्वय की भारी कमी है। यदि ज़मीनी स्तर पर जल निकासी के बुनियादी ढांचे को समय रहते मजबूत नहीं किया गया, तो आने वाले महीनों में उत्तर भारत के अन्य बड़े परिवहन केंद्र भी ऐसी ही व्यवस्थागत नाकामी का शिकार हो सकते हैं, जिससे क्षेत्रीय कनेक्टिविटी बुरी तरह प्रभावित होगी।

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