शारदीय नवरात्र से पूर्व उत्तराभाद्रपद में शनि का प्रवेश, सप्तम भाव के गोचर से साझेदारी और कारोबार पर असरवोटर लिस्ट में नाम जुड़वाने के नियमों में बदलाव, कई राज्यों में फॉर्म-6 से हटी एसआईआर घोषणापंजाब कांग्रेस अध्यक्ष पद से अमरिंदर सिंह राजा वारिंग की हो सकती है छुट्टी, विजय इंदर सिंगला सबसे आगेदीपावली पर पटाखों पर नहीं लगेगा पूर्ण प्रतिबंध, सुप्रीम कोर्ट तलाशेगा आस्था और सेहत के बीच संतुलनबिना जानकारी बेंच से केस हटाने पर सुप्रीम कोर्ट सख्त, रजिस्ट्री और सरकारी वकील की कार्यशैली पर सवालमेष राशिफल 1 अक्टूबर 2026: बातचीत में नरमी और संयम से सुलझेंगे रिश्ते, कामकाज में अनुशासन देगा सफलतापूर्वजों के मोक्ष का महातीर्थ गयाजी, 45 से अधिक पवित्र वेदियों पर श्राद्ध से मिलता है पितृ दोषों से छुटकाराकश्मीर मामले पर नई दिल्ली की दो टूक, तुर्की नेतृत्व को बाहरी दखल से दूर रहने की हिदायतमिर्जापुर में नवरात्रि से पूर्व मां विंध्यवासिनी धाम का कायाकल्प, मेटैलिक रंगों और गुलाबी पत्थरों से संवरेगा कॉरिडोरकर्नाटक के पश्चिमी तट और अंदरूनी जिलों को जोड़ेगा सी-20 कॉरिडोर, 461 किमी लंबे रूट से बदलेगी माल ढुलाई की तस्वीर
गुजरात के बंदरगाहों और सीमा पार से पंजाब में आ रहा नशा, मजीठिया और भोला का हो आमना-सामना: कुलदीप सिंह धालीवालभारत
30 सित॰ 2026, 8:40 pm (33 मिनट पहले)· 0

गुजरात के बंदरगाहों और सीमा पार से पंजाब में आ रहा नशा, मजीठिया और भोला का हो आमना-सामना: कुलदीप सिंह धालीवाल

आम आदमी पार्टी के नेता कुलदीप सिंह धालीवाल ने बिक्रम मजीठिया और जगदीश भोला से आमने-सामने पूछताछ कराने की मांग उठाई है। साथ ही उन्होंने गुजरात बंदरगाहों से मादक पदार्थों की आवक और सीमा सुरक्षा को लेकर केंद्र पर सवाल खड़े किए हैं।

पंजाब में मादक पदार्थों के फैलाव और तस्करी की रोकथाम को लेकर राजनीतिक माहौल एक बार फिर गरमा गया है। आम आदमी पार्टी पंजाब के मुख्य प्रवक्ता एवं विधायक कुलदीप सिंह धालीवाल ने शिरोमणि अकाली दल और भारतीय जनता पार्टी पर कड़े आरोप लगाए हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली राज्य सरकार ने इस बुराई को जड़ से उखाड़ने के लिए बड़े पैमाने पर मुहिम शुरू की है, जिसके तहत अब तक हजारों तस्करों को सलाखों के पीछे भेजा जा चुका है।

मजीठिया और जगदीश भोला के बीच आमने-सामने पूछताछ की मांग

विशेष जांच दल (एसआईटी) द्वारा अकाली दल के नेता बिक्रम सिंह मजीठिया को तलब किए जाने के बाद मामले ने नया मोड़ ले लिया है। कुलदीप सिंह धालीवाल का कहना है कि पूरे प्रकरण की असलियत सार्वजनिक करने के लिए जरूरी है कि बिक्रम मजीठिया और जगदीश भोला को एक साथ बैठाकर पूछताछ की जाए। उन्होंने दावा किया कि वर्ष 2007 से लेकर 2017 के दौरान जब राज्य में अकाली दल और भाजपा का गठबंधन शासन था, उसी दौर में नशीले पदार्थों का व्यापक नेटवर्क तैयार हुआ था। उनका आरोप है कि इस पूरे तंत्र को खड़ा करने में मजीठिया और उनके सहयोगियों की अहम भूमिका रही थी, और अब इस गैरकानूनी धंधे में शामिल किसी भी शख्स को बख्शा नहीं जाएगा।

ये भी पढ़ें

विपक्षी दलों के आरोपों और बदले की भावना पर प्रतिक्रिया

विपक्षी खेमे द्वारा लगाए जा रहे राजनीतिक प्रतिशोध के आरोपों का खंडन करते हुए धालीवाल ने कहा कि सरकार का लक्ष्य बदला लेना नहीं, बल्कि राज्य को नशामुक्त बनाना है। अगर झूठे मुकदमे दर्ज करने की मंशा होती तो यह कदम काफी पहले उठाया जा सकता था, जबकि मौजूदा जांच पूरी निष्पक्षता और नियमों के तहत आगे बढ़ रही है। उन्होंने जोर देकर कहा कि इस मामले में किसी के रसूख का ख्याल नहीं रखा जाएगा, चाहे वह कोई बड़ा राजनेता हो या फिर बर्खास्त एआईजी राजजीत सिंह जैसा उच्च अधिकारी। जिन्होंने भी युवाओं के भविष्य और जिंदगी के साथ खिलवाड़ किया है, उन्हें कानून के कटघरे में सजा जरूर मिलेगी।

गुजरात के बंदरगाहों और केंद्रीय गृह मंत्री पर सवाल

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के पंजाब प्रवास को लेकर भी आप प्रवक्ता ने तीखे सवाल दागे। धालीवाल ने कहा कि भाजपा को इस विषय पर उपदेश देने का नैतिक अधिकार नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा शासित राज्य गुजरात में स्थित बंदरगाहों, जैसे अडानी पोर्ट, के जरिए टनों के हिसाब से मादक पदार्थ देश में पहुंच रहे हैं। वहां से यह खेप राजस्थान के रास्तों से होकर पंजाब की सीमा में पहुंचाई जाती है। धालीवाल के अनुसार, पंजाब की धरती पर राजनीति करने से पहले केंद्रीय नेतृत्व को यह स्पष्ट करना चाहिए कि पश्चिमी तटों पर भारी तादाद में आ रहे नशीले पदार्थों पर रोक क्यों नहीं लग पा रही है।

अंतरराष्ट्रीय सीमा की सुरक्षा और एंटी-ड्रोन तकनीक का मुद्दा

धालीवाल ने अंतरराष्ट्रीय सीमा की सुरक्षा व्यवस्था पर भी गंभीर चिंता जताई। पंजाब की 532 किलोमीटर लंबी सीमा पाकिस्तान से सटी हुई है, जिसमें से लगभग 50 किलोमीटर का दायरा केंद्र सरकार के अधीन काम करने वाले सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के अधिकार क्षेत्र में आता है। सरहद पार से लगातार ड्रोन के जरिए हथियार और मादक पदार्थों की खेप गिराई जा रही है। मुख्यमंत्री भगवंत मान ने केंद्र सरकार से आग्रह किया था कि सीमा पर आधुनिक एंटी-ड्रोन प्रणाली स्थापित की जाए और सीमा को पूरी तरह सील किया जाए, लेकिन केंद्र अपनी संवैधानिक जिम्मेदारियों से पीछे हट रहा है।

सवाल-जवाब

कुलदीप सिंह धालीवाल ने किन दो लोगों से आमने-सामने पूछताछ की मांग की है?
उन्होंने बिक्रम सिंह मजीठिया और जगदीश भोला को एक साथ बैठाकर पूछताछ करने की मांग की है।
धालीवाल ने गुजरात के किस बंदरगाह का उल्लेख किया है?
उन्होंने भाजपा शासित गुजरात में स्थित अडानी पोर्ट जैसे बंदरगाहों से मादक पदार्थ आने का आरोप लगाया है।
पंजाब की अंतरराष्ट्रीय सीमा कितनी लंबी है और कितना क्षेत्र बीएसएफ के तहत आता है?
पंजाब की सीमा पाकिस्तान के साथ 532 किलोमीटर लंबी है, जिसमें से लगभग 50 किलोमीटर का क्षेत्र बीएसएफ के अधिकार क्षेत्र में आता है।
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने केंद्र सरकार से किस उपकरण को लगाने की मांग की थी?
मुख्यमंत्री ने सीमा पार से होने वाली तस्करी और हथियारों को रोकने के लिए एंटी-ड्रोन सिस्टम लगाने और सीमा सील करने की मांग की थी।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 2

Karan Malhotra@karan-malhotra·12 मिनट पहले

मुझे वो दिन अच्छे से याद है जब ड्रग्स के खिलाफ गांवों में मांएं सड़कों पर उतर आई थीं। अब अगर एसआईटी इन बड़े नेताओं को आमने-सामने बिठाकर पूछताछ करे, तभी असली सच बाहर आएगा।

Rohan Verma@rohan-verma·11 मिनट पहले

करन भाई, सच कह रहे हो, वो मांओं का सड़क पर उतरना कोई नहीं भूल सकता। अगर अब मजीठिया और भोला आमने-सामने बैठेंगे, तभी दूध का दूध और पानी का पानी होगा।

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR
Chamar no WhatsApp