सिंह राशिफल 22 सितंबर 2026: आठवें भाव में शनि का प्रभाव, धैर्य और व्यवस्थित दिनचर्या से बनेंगे कामकिश्त की मूल कंपनी वनईएमआई टेक्नोलॉजीज की बाजार में मजबूत एंट्री, 12 फीसदी प्रीमियम पर हुई लिस्टिंगकच्चे तेल में चार दिनों की गिरावट थमी, एशियाई कारोबार में कीमतें संभलींशेयर बाजार में आज 64 कंपनियों का एक्स-डेट एक्शन: टीएएएल टेक का स्टॉक स्प्लिट और 63 शेयरों पर डिविडेंड का मौकाराजस्थान के देशनोक में खेत की डिग्गी में डूबे तीन सगे भाई, एक-दूसरे को बचाने के प्रयास में गई जानलखनऊ में 3,567 शिक्षकों और प्रधानाचार्यों को बांटे गए नियुक्ति पत्र, पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया पर जोरझारखंड में गवार की सब्जी की बढ़ी मांग, बाजार में ₹100 किलो तक बिक रही उपजप्राथमिक बाजार में दस्तक देंगे दो नए पब्लिक इश्यू, 770 करोड़ रुपये जुटाने की तैयारीहॉस्पिटैलिटी दिग्गज ओयो की पैरेंट कंपनी प्रिज्म को 6650 करोड़ रुपये के आईपीओ के लिए मिली सेबी की हरी झंडीलाइव मैच: एशियाई खेल 2026: महिला क्रिकेट के खिताबी मुकाबले में श्रीलंका से भिड़ेगा भारत
मंडी की सरदार पटेल यूनिवर्सिटी में पांच साल का साइंस कोर्स ठप, वजह बनी खाली सीटेंहिमाचल प्रदेश
7 सित॰ 2026, 3:54 pm (15 दिन पहले)· 2

मंडी की सरदार पटेल यूनिवर्सिटी में पांच साल का साइंस कोर्स ठप, वजह बनी खाली सीटें

हिमाचल प्रदेश के मंडी में सरदार पटेल यूनिवर्सिटी ने कम एडमिशन और फैकल्टी की कमी के चलते बीएससी-एमएससी पांच साल के इंटीग्रेटिड प्रोग्राम में नए दाखिले फिलहाल बंद कर दिए हैं, हालांकि मौजूदा करीब 50 छात्रों की पढ़ाई जारी रहेगी।

हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले में सरदार पटेल यूनिवर्सिटी ने इस साल से बीएससी-एमएससी के पांच साल वाले इंटीग्रेटिड प्रोग्राम में नए दाखिले बंद कर दिए हैं। वजह साफ है, कोर्स में न तो पर्याप्त छात्र आ रहे थे और न ही पढ़ाने के लिए फैकल्टी पूरी थी।

2022 में शुरू हुआ था कोर्स

यूनिवर्सिटी ने यह कोर्स नेशनल एजुकेशन पॉलिसी के नियमों के मुताबिक 2022 में शुरू किया था और इसमें 20 सीटें तय की गई थीं। लेकिन शुरुआत से ही छात्रों का रुझान इस कोर्स की तरफ फीका रहा और सीटें कभी पूरी नहीं भर पाईं। इसकी एक बड़ी वजह यह भी मानी जा रही है कि यूनिवर्सिटी प्रशासन इस कोर्स की खूबियों को छात्रों तक ठीक से पहुंचा ही नहीं पाया, जिससे इसका सही प्रचार नहीं हो सका।

ये भी पढ़ें

चार साल किसी तरह चला, अब लगा ताला

कमजोर एडमिशन के बावजूद यूनिवर्सिटी प्रबंधन ने चार साल तक इस प्रोग्राम को जारी रखा। लेकिन अब हालात ऐसे बन गए कि इसे आगे चलाना मुमकिन नहीं रहा। सरदार पटेल यूनिवर्सिटी के चांसलर प्रोफेसर ललित कुमार अवस्थी के मुताबिक, एडमिशन कम होने और फैकल्टी की कमी को देखते हुए इस कोर्स की समीक्षा के लिए मामला फिजिक्स डिपार्टमेंट को भेजा गया था। फिजिक्स डिपार्टमेंट के सुझावों के आधार पर ही फिलहाल इस कोर्स को बंद करने का फैसला लिया गया। प्रोफेसर अवस्थी ने यह भी साफ किया कि आने वाले समय में हालात सुधरने पर इस प्रोग्राम को दोबारा शुरू करने पर विचार किया जा सकता है।

पहले से पढ़ रहे 50 छात्रों पर असर नहीं

यूनिवर्सिटी ने यह भी स्पष्ट किया है कि रोक सिर्फ नए दाखिलों पर लगाई गई है। इस समय करीब 50 छात्र इसी इंटीग्रेटिड प्रोग्राम के तहत पढ़ाई कर रहे हैं और उनकी पढ़ाई पहले की तरह ही चलती रहेगी। यानी मौजूदा बैचों की डिग्री पर कोई खतरा नहीं है, सिर्फ भविष्य में नए छात्रों को इस कोर्स में दाखिला नहीं मिलेगा।

क्या होता है बीएससी-एमएससी पांच साल का इंटीग्रेटिड प्रोग्राम

यह कोर्स दरअसल 12वीं पास करते ही छात्रों को साइंस में ग्रेजुएशन और पोस्टग्रेजुएशन दोनों डिग्री लगातार पांच साल में पूरी करने का मौका देता है, यानी अलग से मास्टर्स के लिए दोबारा एडमिशन लेने की जरूरत नहीं पड़ती। देश के आइआइटी, आइआइएसईआर और कई सेंट्रल यूनिवर्सिटी जैसे बड़े संस्थान भी राष्ट्रीय स्तर की प्रवेश परीक्षाओं के जरिए इसी तरह के इंटीग्रेटिड प्रोग्राम में दाखिला देते हैं। ऐसे में मंडी की सरदार पटेल यूनिवर्सिटी में इस कोर्स का बंद होना छात्रों के लिए एक अवसर कम होने जैसा माना जा रहा है।

सवाल-जवाब

यह कोर्स कहां बंद हुआ है?
हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले की सरदार पटेल यूनिवर्सिटी में बीएससी-एमएससी पांच साल के इंटीग्रेटिड प्रोग्राम में नए दाखिले बंद किए गए हैं।
यह कोर्स कब शुरू हुआ था?
यह कोर्स नेशनल एजुकेशन पॉलिसी के नियमों के तहत 2022 में शुरू किया गया था।
इसमें कितनी सीटें तय थीं?
यूनिवर्सिटी ने इस कोर्स के लिए 20 सीटों का प्रावधान रखा था।
कोर्स बंद करने की वजह क्या बताई गई?
कम एडमिशन और फैकल्टी की कमी के चलते फिजिक्स डिपार्टमेंट की समीक्षा के बाद इसे फिलहाल बंद किया गया है।
पहले से पढ़ रहे छात्रों का क्या होगा?
मौजूदा करीब 50 छात्रों की पढ़ाई पहले की तरह ही जारी रहेगी, सिर्फ नए दाखिले रोके गए हैं।
क्या भविष्य में यह कोर्स दोबारा शुरू हो सकता है?
चांसलर प्रोफेसर ललित कुमार अवस्थी के मुताबिक हालात सुधरने पर भविष्य में इसे दोबारा शुरू करने पर विचार किया जा सकता है।
बीएससी-एमएससी इंटीग्रेटिड प्रोग्राम होता क्या है?
यह 12वीं के बाद साइंस में ग्रेजुएशन और पोस्टग्रेजुएशन एक साथ लगातार पांच साल में पूरा करने वाला कोर्स है।
यह कोर्स और कहां-कहां उपलब्ध है?
आइआइटी, आइआइएसईआर और कई सेंट्रल यूनिवर्सिटी में राष्ट्रीय स्तर की प्रवेश परीक्षाओं के जरिए इस तरह के इंटीग्रेटिड प्रोग्राम में दाखिला मिलता है।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 2

Karan Malhotra@karan-malhotra·14 दिन पहले

सरदार पटेल यूनिवर्सिटी में इंटीग्रेटिड साइंस कोर्स का ठप होना सिर्फ शैक्षणिक संकट नहीं, बल्कि प्रशासनिक लापरवाही और संसाधन प्रबंधन की बड़ी विफलता है। कम दाखिलों और फैकल्टी की कमी जैसे बुनियादी मुद्दों को समय रहते हल न करना यह दिखाता है कि नई शिक्षा नीति के तहत शुरू हुई योजनाएं बिना ठोस रोडमैप के लागू की जा रही हैं। यदि भविष्य में भी यही रवैया रहा, तो यह क्षेत्र के छात्रों के उच्च शिक्षा के अवसरों को गंभीर रूप से प्रभावित करेगा।

Rohan Verma@rohan-verma·14 दिन पहले

यह स्थिति दर्शाती है कि राज्य के उच्च शिक्षण संस्थानों में करियर काउंसलिंग और मार्केटिंग का तंत्र बेहद कमज़ोर है। राष्ट्रीय शिक्षा नीति के तहत शुरू किए गए अभिनव पाठ्यक्रमों का इस तरह बंद होना क्षेत्रीय स्तर पर युवाओं का विश्वास तोड़ेगा। यदि समय रहते शिक्षकों की नियुक्ति और प्रचार-प्रसार पर ध्यान न दिया गया, तो अन्य नए कोर्स भी इसी संकट का शिकार हो सकते हैं।

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR
Chamar no WhatsApp