महाराष्ट्र के कोंकण क्षेत्र में मुंबई-गोवा राष्ट्रीय राजमार्ग पर शनिवार देर रात एक दर्दनाक सड़क दुर्घटना सामने आई। रत्नागिरि जिले के लांजा तालुका स्थित अंजनारी पुल के समीप गश्त पर निकली पुलिस की आधिकारिक गाड़ी को पीछे से आ रहे एक भारी कंटेनर ट्रक ने जोरदार टक्कर मार दी। इस भीषण भिड़ंत के चलते पुलिस का वाहन बेकाबू होकर सड़क किनारे तीव्र ढलान से फिसलते हुए लगभग 80 से 100 फीट नीचे नदी के गहरे पाट की तरफ गिरकर पलट गया। इस दुर्भाग्यपूर्ण घटना में हथखंबा हाईवे ट्रैफिक पुलिस यूनिट के असिस्टेंट पुलिस सब-इंस्पेक्टर संतोष अप्पासाहेब गायकवाड़ (51) और कंटेनर के चालक की जान चली गई, जबकि दो अन्य पुलिसकर्मी बुरी तरह चोटिल हुए हैं।
राहत कार्य के लिए जाते समय हुआ हादसा
हथखंबा ट्रैफिक पुलिस टीम को अंजनारी पुल के नीचे नदी में किसी अन्य वाहन के गिरने की सूचना प्राप्त हुई थी। सूचना की पुष्टि और आवश्यक सहायता पहुंचाने के लिए पुलिसकर्मी अपनी सरकारी बोलेरो में सवार होकर घटनास्थल की तरफ तेजी से बढ़ रहे थे। उसी दौरान लोहे की भारी छड़ों से भरा एक विशाल कंटेनर ट्रक तेज गति से पीछे से आया और पुलिस की बोलेरो को सीधे टक्कर मार दी। प्रभाव इतना भयावह था कि पुलिस वैन सीधे लुढ़कते हुए सौ फीट नीचे जा गिरी, वहीं लोहे की छड़ों से लदा अनियंत्रित कंटेनर भी डामर की पट्टी छोड़कर खाई की ओर पलट गया। गाड़ी में सवार तीन पुलिसकर्मियों को गंभीर चोटें आईं।
अस्पताल में उपचार के दौरान दो की मौत
दुर्घटना की जानकारी मिलते ही लांजा क्षेत्र के वरिष्ठ पुलिस अधिकारी तुरंत हरकत में आए। सब-डिविजनल पुलिस ऑफिसर कदम, पुलिस इंस्पेक्टर दीपाली जाधव, असिस्टेंट पुलिस इंस्पेक्टर सत्यराज घुले और सब-इंस्पेक्टर बलवंत पाटिल ने बचाव दल के साथ मौके पर पहुंचकर सभी घायलों को बाहर निकाला। प्राथमिक उपचार के लिए सभी को पहले पाली ग्रामीण अस्पताल पहुंचाया गया, जहां से उनकी नाजुक स्थिति को देखते हुए उन्हें रत्नागिरि जिला सरकारी अस्पताल स्थानांतरित कर दिया गया। अस्पताल में डॉक्टरों के प्रयासों के बावजूद एएसआई संतोष गायकवाड़ ने अत्यधिक चोटों के कारण दम तोड़ दिया। इसी तरह गंभीर रूप से जख्मी कंटेनर चालक की भी इलाज के दौरान मौत हो गई।
गंभीर घायल पुलिसकर्मी को सांगली रेफर किया गया
हादसे में घायल हुए पुलिसकर्मियों में शामिल अनिल अशोक शिंगाड़े की हालत अत्यधिक चिंताजनक बनी हुई है, जिन्हें उच्चस्तरीय चिकित्सकीय देखरेख के लिए सांगली स्थित बड़े अस्पताल भेजा जा रहा है। अंजनारी पुल का यह विशेष मोड़ अपनी कठिन भौगोलिक बनावट और ढलानों के कारण चालकों के लिए हमेशा जोखिम भरा रहा है। शनिवार की इस हृदयविदारक घटना ने मुंबई-गोवा राजमार्ग के इस खतरनाक मोड़ पर भारी वाहनों की गति नियंत्रित करने, मजबूत क्रैश बैरियर लगाने और अतिरिक्त सुरक्षा बंदोबस्त सुनिश्चित करने की आवश्यकता को एक बार फिर रेखांकित किया है।






















