हिमाचल प्रदेश के पहाड़ी रास्तों पर एक बार फिर सड़क हादसे ने एक परिवार की खुशियां छीन लीं। कुल्लू जिले की दुर्गम स्यांज घाटी में धाओगी सड़क मार्ग पर एक दर्दनाक कार दुर्घटना घटित हुई, जिसमें 20 साल के एक युवक की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। वाहन में मौजूद उसका साथी इस हादसे में बुरी तरह जख्मी हुआ है। यह घटना करवाचौथ पर्व से ठीक एक दिन पहले पेश आई, जिससे मृतक के घर में त्योहार की तैयारियों के बीच मातम पसर गया।
धाओगी मार्ग पर अनियंत्रित होकर नीचे गिरी कार
हादसे का शिकार हुआ 20 वर्षीय कृष्ण, जिसे इलाके में कर्ण नाम से भी जाना जाता था, मंडी जिले के गोहर उपमंडल स्थित बासा पंचायत के कलस गांव का रहने वाला था। कृष्ण के पिता का नाम दुर्गा दास है। वह स्यांज इलाके में जेसीबी मशीन चलाने का कार्य करता था और अपनी आजीविका कमा रहा था। रोजमर्रा की तरह अपना काम खत्म करने के बाद वह अपने एक साथी के साथ कार में सवार होकर अपने क्वार्टर की तरफ लौट रहा था।
सफर के दौरान धाओगी सड़क मार्ग पर अचानक वाहन चालक ने कार पर से अपना संतुलन खो दिया। नियंत्रण खोते ही कार अनियंत्रित होकर सड़क किनारे करीब 150 फीट गहरी खाई में लुढ़क गई। लुढ़कते हुए कार नीचे मौजूद दूसरी सड़क पर जाकर फंस गई। गाड़ी के इस कदर गिरने से कृष्ण को बेहद गंभीर चोटें आईं और उसने मौके पर ही दम तोड़ दिया।
घायल युवक एम्स बिलासपुर रेफर, क्षेत्र में पसरा सन्नाटा
गाड़ी में सवार दूसरा युवक 25 वर्षीय प्रेम, जो रोपा स्यांज का निवासी है और रूपलाल का पुत्र है, इस दुर्घटना में गंभीर रूप से चोटिल हो गया। स्थानीय स्तर पर प्राथमिक मदद के बाद प्रेम की नाज़ुक हालत को ध्यान में रखते हुए उसे उच्च स्तरीय चिकित्सा उपचार के लिए एम्स बिलासपुर रेफर कर दिया गया, जहां उसका इलाज चल रहा है।
कुल्लू पुलिस ने घटना की जानकारी मिलते ही देर रात दोनों युवकों के परिजनों को फोन के जरिए दुर्घटना से अवगत कराया। मनहूस खबर सुनते ही दोनों परिवारों के सदस्य तुरंत घटनास्थल और अस्पताल की ओर रवाना हो गए। पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद 27 अक्तूबर को जब कर्ण का पार्थिव शरीर उसके पैतृक गांव कलस लाया गया, तो परिजनों में चीख-पुकार मच गई। हिमानी और पूरे परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है, जबकि पूरे गांव में इस असमय मौत के चलते गहरा सन्नाटा और शोक छाया हुआ है।



















