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सिलीगुड़ी के बागडोगरा में मवेशी चोरी के संदेह पर उग्र ग्रामीणों का हमला, एक व्यक्ति की मौत और तीन गंभीरपश्चिम बंगाल
3 अक्तू॰ 2026, 3:05 pm (25 दिन पहले)· 12

सिलीगुड़ी के बागडोगरा में मवेशी चोरी के संदेह पर उग्र ग्रामीणों का हमला, एक व्यक्ति की मौत और तीन गंभीर

पश्चिम बंगाल के ताराबाड़ी इलाके में शनिवार तड़के कथित तौर पर गाय चुराने पहुंचे संदिग्धों को स्थानीय लोगों ने घेर लिया, जहां पिटाई से 45 वर्षीय व्यक्ति की जान चली गई और वाहन फूंक दिए गए।

पश्चिम बंगाल में सिलीगुड़ी के निकट बागडोगरा स्थित ताराबाड़ी क्षेत्र में शनिवार तड़के हिंसक घटना घटी, जहां मवेशी चोरी के आरोप में स्थानीय ग्रामीणों ने संदिग्धों के समूह को घेरकर गंभीर रूप से पीटा। इस भीड़िया हमले में 45 वर्षीय शाहित अख्तर की जान चली गई, जबकि तीन अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। मृतक की शिनाख्त उत्तर बंगाल के सोनापुर चोपड़ा निवासी के तौर पर की गई है। मौके पर पहुंची पुलिस ने भीड़ के चंगुल से लोगों को छुड़ाकर नॉर्थ बंगाल मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल में भर्ती कराया, जहां तीनों घायलों की चिकित्सा चल रही है।

ताराबाड़ी में तड़के घेराबंदी और गाड़ियों में तोड़फोड़ व आगजनी

घटनाक्रम के मुताबिक शनिवार की सुबह करीब 5 संदिग्धों का एक दल पिकअप वैन में सवार होकर ताराबाड़ी इलाके में पहुंचा था। ग्रामीणों को इलाके में संदिग्ध गतिविधियों की भनक लग गई और उन्हें अंदेशा हुआ कि यह समूह मवेशी चुराने के मकसद से गांव में दाखिल हुआ है। गांव के लोगों ने तत्काल संगठित होकर पिकअप वैन की घेराबंदी शुरू कर दी। इसी बीच संदिग्धों की सहायता के लिए एक दूसरी चार पहिया गाड़ी से 2 और व्यक्ति मौके पर पहुंचे।

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स्थानीय ग्रामीणों ने उन दोनों व्यक्तियों को भी वहीं पकड़ लिया और बंधक बना लिया। इसके बाद आक्रोशित भीड़ ने पकड़े गए लोगों की लाठी-डंडों से बेरहमी से पिटाई कर दी। हालात इतने उग्र हो गए कि ग्रामीणों ने पिकअप वैन में आग लगा दी और दूसरी चार पहिया गाड़ी में भी भारी तोड़फोड़ की। इस भयानक मारपीट में शाहित अख्तर ने मौके पर ही दम तोड़ दिया अथवा अस्पताल ले जाते समय उनकी मृत्यु हो गई।

पुलिस का हस्तक्षेप और जांच की स्थिति

घटना की खबर मिलते ही पुलिस बल तुरंत मौके पर पहुंचा और स्थिति को नियंत्रण में लिया। पुलिस कर्मियों ने उग्र भीड़ को पीछे हटाते हुए गंभीर रूप से घायल तीनों व्यक्तियों को सुरक्षित बाहर निकाला और नॉर्थ बंगाल मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल पहुंचाया। पुलिस ने घटनास्थल से जली हुई पिकअप वैन और क्षतिग्रस्त चार पहिया वाहन को अपने कब्जे में ले लिया है।

कार्रवाई के क्रम में पानीघाटा आउटपोस्ट की पुलिस ने एक व्यक्ति को हिरासत में लेकर गिरफ्तार किया है, जबकि दो अन्य संदिग्ध फरार बताए जा रहे हैं। पुलिस प्रशासन पूरे मामले में भीड़ हिंसा, आगजनी और मवेशी चोरी के आरोपों के सभी पहलुओं की सघन जांच कर रहा है तथा फरार लोगों की तलाश जारी है।

सवाल-जवाब

यह घटना कहां और कब हुई?
यह घटना शनिवार तड़के पश्चिम बंगाल के सिलीगुड़ी स्थित बागडोगरा के ताराबाड़ी इलाके में हुई।
भीड़ हिंसा में किसकी मौत हुई है?
मृतक की पहचान उत्तर बंगाल के सोनापुर चोपड़ा निवासी 45 वर्षीय शाहित अख्तर के रूप में हुई है।
घायलों का इलाज कहां चल रहा है?
गंभीर रूप से घायल तीन अन्य लोगों को नॉर्थ बंगाल मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया है।
पुलिस ने अब तक क्या कार्रवाई की है?
पानीघाटा आउटपोस्ट पुलिस ने एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है और मौके से जली हुई व तोड़ी गई दो गाड़ियां जब्त कर जांच शुरू कर दी है।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 5

Carlos Mendoza@carlos-mendoza·25 दिन पहले

भीड़ का इस तरह कानून अपने हाथ में लेना डरावना है, लेकिन पुलिस पर भी सवाल उठता है कि इतनी सुबह संदिग्ध कैसे पहुंच गए और समय पर पुलिस को क्यों नहीं खबर लगी।

Arjun Mehta@arjun-mehta·25 दिन पहले

पाँच संदिग्धों को पकड़ने के लिए तड़के ही पूरा गाँव कैसे जाग गया? पुलिस को इस भीड़ के पीछे की प्लानिंग की भी जाँच करनी चाहिए।

Ravikash Gupta@ravikash·25 दिन पहले

अर्जुन जी, गांवों में सुबह जल्दी उठना और आहट पहचानना आम बात है। जरूरी नहीं कि इसके पीछे कोई प्लानिंग हो।

Rohan Verma@rohan-verma·25 दिन पहले

भीड़ का कानून हाथ में लेना किसी भी समाज के लिए खतरनाक है। यूपी में भी ऐसी मॉब लिंचिंग की घटनाओं पर पुलिस सख्ती से पेश आती है, यहाँ भी कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए।

Karan Malhotra@karan-malhotra·25 दिन पहले

रोहन भाई, पुलिस सख्ती अपनी जगह है, पर तड़के पिकअप वैन में क्या हो रहा था, उस पर भी तो गौर करना होगा।

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