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उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का समाजवादी पार्टी पर बड़ा हमला, कहा- जनता अगले चुनाव में कर देगी पूरी तरह साफराजनीति
23 अग॰ 2026, 3:39 pm (1 घंटे पहले)· 2

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का समाजवादी पार्टी पर बड़ा हमला, कहा- जनता अगले चुनाव में कर देगी पूरी तरह साफ

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने समाजवादी पार्टी और अखिलेश यादव पर करारा हमला बोलते हुए दावा किया कि जनता आगामी विधानसभा चुनाव में पार्टी का सूपड़ा साफ कर देगी।

लखनऊ: उत्तर प्रदेश के राजनीतिक गलियारों में उस समय सरगर्मी तेज हो गई जब मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को विपक्षी दल समाजवादी पार्टी और उसके प्रमुख अखिलेश यादव पर तीखा प्रहार किया। उन्होंने एक सार्वजनिक मंच से ऐलान किया कि आगामी विधानसभा चुनावों में राज्य की जनता समाजवादी पार्टी को हमेशा के लिए सत्ता के नक्शे से मिटा देगी। उन्होंने आरोप लगाया कि इस पार्टी ने कभी भी गरीबों के कल्याण को अपनी प्राथमिकता सूची में जगह नहीं दी और केवल अपने पारिवारिक स्वार्थों के चलते पूरे प्रदेश को प्रगति के रास्ते पर पीछे धकेल दिया।

राजधानी लखनऊ में मध्याह्न भोजन योजना से जुड़े रसोइयों के सम्मान समारोह और नकद भुगतान रहित चिकित्सा सुविधा कार्ड वितरण कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सभा को संबोधित कर रहे थे। इस कार्यक्रम के दौरान उन्होंने घोषणा की कि सरकार सरकारी प्राथमिक विद्यालयों में बच्चों के लिए भोजन तैयार करने वाले रसोइयों को सामाजिक सुरक्षा का पूरा कवच प्रदान कर रही है। मुख्यमंत्री ने उनके मानदेय में बढ़ोतरी करने के साथ-साथ दुर्घटना की स्थिति में दो लाख रुपये की आर्थिक सहायता, पांच लाख रुपये तक के कैशलेस इलाज की सुविधा देने और साड़ियों की खरीद के लिए मिलने वाली राशि को 500 रुपये से बढ़ाकर 1,000 रुपये करने का बड़ा ऐलान किया।

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'गरीबों की सुध लेना सपा के एजेंडे में कभी नहीं था'

विपक्ष पर कड़ा प्रहार करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि ये तमाम जनहितैषी कदम बहुत पहले उठाए जा सकते थे, लेकिन पिछली सरकारों की प्राथमिकता में गरीब कभी थे ही नहीं। समाजवादी पार्टी के मुखिया पर कटाक्ष करते हुए उन्होंने तंज कसा और कहा कि आज सुबह ही उन्होंने पार्टी प्रमुख का एक बयान देखा है जिसमें उनका कहना है कि चूंकि उनके परिवार के तमाम लोग सांसद हैं, इसलिए समाजवादी पार्टी का वजूद बना हुआ है। इस बात का जवाब देते हुए उन्होंने कहा कि पार्टी का अस्तित्व इसलिए बचा हुआ है क्योंकि आने वाले चुनावों में जनता इसे हमेशा के लिए साफ करने का मन बना चुकी है।

अखिलेश यादव की जीवनशैली पर कसा तंज

मुख्यमंत्री ने विपक्ष के नेता की दिनचर्या और कार्यशैली पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि जो व्यक्ति दोपहर के बारह बजे सोकर उठता हो, दो बजे तक तैयार होने में लगाता हो, शाम को पांच बजे व्यायामशाला जाता हो और फिर रात को महफिलें सजाता हो, भला उस शख्स के पास उत्तर प्रदेश की जनता की भलाई और विकास कार्यों के लिए समय कहां से बचेगा। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि पूर्ववर्ती सरकारों के पास प्रदेश को आगे ले जाने का कोई विजन नहीं था, जबकि वर्तमान सरकार के पास समाज के प्रत्येक वर्ग के कल्याण और हर समस्या के समाधान की पुख्ता कार्ययोजना है।

वर्ष 2017 से पहले और आज के उत्तर प्रदेश की तुलना

अपनी सरकार की उपलब्धियों को गिनाते हुए मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि पिछली सरकारों के कार्यकाल में गरीबों की जमीनों पर अवैध कब्जे किए जाते थे, महिलाओं और बेटियों की सुरक्षा खतरे में रहती थी और राज्य में दंगे होना एक आम बात बन गई थी। उन्होंने दावा किया कि मौजूदा समय में उत्तर प्रदेश पूरी तरह से दंगा मुक्त और कर्फ्यू मुक्त हो चुका है, और बेहतर कानून-व्यवस्था की बदौलत ही आज विकास कार्यों को अभूतपूर्व गति मिली है।

उन्होंने यह भी बताया कि वर्ष 2017 से पहले परिषदीय प्राथमिक विद्यालय वीरान और बदहाली के आंसू रोते थे, लेकिन अब 'ऑपरेशन कायाकल्प' अभियान के तहत कुल 19 मानकों पर स्कूलों की सूरत बदली जा रही है। सरकार उन तमाम लोगों को आगे बढ़ाने के लिए पूरी ईमानदारी से जुटी है जो समाज और प्रदेश के विकास में अपनी अहम भूमिका निभा रहे हैं।

उल्लेखनीय है कि इसके ठीक एक दिन पहले शनिवार को समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट के जरिए भारतीय जनता पार्टी पर तीखा हमला बोला था। उन्होंने अपने बयान में दावा किया था कि आरक्षण पहले भी था, आज भी मौजूद है और आगे भी बना रहेगा, लेकिन भाजपा इसे पूरी तरह समाप्त करना चाहती है। उन्होंने आरोप लगाया कि आरक्षण मूल रूप से पीडीए का अधिकार है और आरक्षण में सुधार के नाम पर इस समाज के खिलाफ एक बहुत बड़ी साजिश रची जा रही है। उनके अनुसार, भाजपा और उसके सहयोगी दल समीक्षा तथा सुधार जैसे अस्पष्ट शब्दों की आड़ लेकर लगातार आरक्षण का विरोध कर रहे हैं।

सवाल-जवाब

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने किस कार्यक्रम के दौरान समाजवादी पार्टी पर निशाना साधा?
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ लखनऊ में मध्याह्न भोजन योजना के रसोइयों के सम्मान समारोह और नकद भुगतान रहित चिकित्सा सुविधा कार्ड वितरण कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे।
रसोइयों के लिए किन नई घोषणाओं की गई हैं?
रसोइयों के मानदेय में वृद्धि, दुर्घटना की स्थिति में दो लाख रुपये की सहायता, पांच लाख रुपये तक का कैशलेस इलाज और साड़ी के लिए मिलने वाली राशि 500 रुपये से बढ़ाकर 1,000 रुपये करने की घोषणा की गई है।
अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया पर क्या आरोप लगाया था?
अखिलेश यादव ने एक्स पर पोस्ट कर आरोप लगाया था कि भाजपा आरक्षण को खत्म करना चाहती है और सुधार के नाम पर पीडीए के खिलाफ साजिश रच रही है।
ऑपरेशन कायाकल्प योजना किससे संबंधित है?
यह योजना बेसिक शिक्षा परिषद के विद्यालयों में 19 मानकों के आधार पर बुनियादी सुविधाएं विकसित करने से जुड़ी है।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 2

Ravikash Gupta@ravikash·19 मिनट पहले

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का यह बयान उत्तर प्रदेश के राजनीतिक परिदृश्य में ध्रुवीकरण को और तेज़ करता है। मध्याह्न भोजन रसोइयों के लिए मानदेय वृद्धि और पाँच लाख रुपये तक के कैशलेस इलाज जैसे सामाजिक सुरक्षा उपायों की घोषणा एक सोची-समझी चुनावी रणनीति का हिस्सा है। इस तरह के वित्तीय और कल्याणकारी कदम ग्रामीण और श्रमिक वर्ग को सीधे तौर पर प्रभावित करते हैं, जिससे आगामी विधानसभा चुनावों से पहले राजनीतिक समीकरणों पर गहरा असर पड़ना तय है।

Karan Malhotra@karan-malhotra·19 मिनट पहले

रसोइयों के कल्याण और सामाजिक सुरक्षा के बहाने राजनीतिक बयानों का यह आदान-प्रदान आगामी चुनावों की आक्रामक दिशा तय कर रहा है। वित्तीय सुरक्षा और स्वास्थ्य बीमा जैसी घोषणाओं से श्रमिक वर्ग को साधने की जो कोशिश दिख रही है, वह ज़मीनी स्तर पर प्रशासनिक प्राथमिकताओं और चुनावी लाभ के बीच की बारीक रेखा को और स्पष्ट करती है। इस तरह के आयोजनों से प्रशासनिक मंचों के राजनीतिक उपयोग पर बहस तेज होना स्वाभाविक है।

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