देशभर में प्रकाश पर्व दीपावली का उत्साह चरम पर है और इसी क्रम में दौसा जिले में भी उत्सव का अनूठा रंग दिखाई दिया। सुबह की पहली किरण के साथ ही शहर के तमाम धार्मिक स्थलों और आवासों पर दीप प्रज्वलित करने का क्रम आरंभ हो गया था। महिलाओं और युवतियों ने पूरे विधि-विधान से दीपक जलाकर परिवार के लिए सुख, शांति और समृद्धि की प्रार्थना की। इसके साथ ही घरों के परिसरों में सुंदर रंगोलियां और पारंपरिक मांडने उकेरे गए जिनकी सजावट देखते ही बन रही थी।
जिले के मशहूर नीलकंठ महादेव मंदिर में दीपावली के उपलक्ष्य में विशेष धार्मिक कार्यक्रमों की रूपरेखा तैयार की गई थी। भोर होते ही दर्शनार्थियों और दीपदान करने वालों का भारी तांता मंदिर परिसर में लग गया। लोगों ने प्रांगण में एक साथ मिलकर दीपदान किया और दीपोत्सव की खुशियां मनाईं। इस दौरान मंदिर परिसर में बेहद मनमोहक और भव्य रंगोली तैयार की गई, जिसने वहां मौजूद हर शख्स का ध्यान अपनी ओर खींच लिया।
भजन संध्या और भव्य आतिशबाजी का आयोजन
नीलकंठ महादेव मंदिर परिसर में आयोजित भजन-सत्संग के कार्यक्रमों ने पूरे वातावरण को पूरी तरह से भक्तिमय बना दिया। कलाकार और श्रद्धालु शिव भजनों की स्वर लहरियों पर झूमते नजर आए और भक्ति रस में सराबोर दिखे। जैसे ही शाम ढली, मंदिर प्रांगण में शानदार आतिशबाजी का नजारा देखने को मिला, जिससे पूरा आसमान और मंदिर परिसर रंग-बिरंगी रोशनी से जगमगा उठा। लोगों ने एक-दूसरे को दीपक भेंट करते हुए दीपावली की बधाइयां दीं और खुशियां बांटीं।
रोशनी से सराबोर दौसा शहर और बाजारों में चहल-पहल
केवल मंदिर ही नहीं बल्कि पूरा दौसा शहर इस पावन पर्व के जश्न में डूबा नजर आया। शहर के मुख्य मंदिरों, व्यापारिक संस्थानों और सार्वजनिक चौराहों पर स्थानीय प्रशासन और नागरिकों द्वारा आकर्षक रोशनी व विद्युत सजावट की गई थी। बाजारों में सुबह से ही खरीदारी के लिए लोगों की भारी भीड़ उमड़ी रही और शाम को शुभ मुहूर्त में मां लक्ष्मी और भगवान गणेश का विधि-विधान से पूजन कर दीये जलाए गए।

















