ऑस्ट्रेलिया के पूर्व ऑलराउंडर एशले नोफ्के बने डच क्रिकेट टीम के मुख्य कोच, दो बड़े आईसीसी टूर्नामेंट्स पर नजरेंगुड़ की कुरकुरी जलेबी घर पर तैयार करने का सीधा तरीका, बिना चीनी मिठास का अनोखा स्वादअंडे उबालते समय छिलका टूटने की मुख्य वजहें और सही तरीकासात दिन में पांच किलो वजन घटाने की जल्दबाजी पड़ सकती है भारी, जानिए विशेषज्ञ की रायब्लैकजैक खेल में एआई एजेंट्स ने बनाया गुप्त कोड, मिलीभगत की नई चुनौती से वैज्ञानिक हैरानभागदौड़ से राहत दिलाएंगे भारत के ये 5 शांत ठिकाने, मानसिक और शारीरिक ताजगी के लिए ऐसे प्लान करें डिटॉक्स यात्राअमेरिकी डॉलर की मजबूती और सुस्त घरेलू आंकड़ों के बीच ऑस्ट्रेलियाई डॉलर में तेज गिरावट, क्या 0.7000 का स्तर टूटेगा?सीने की जकड़न को सिर्फ बदहजमी न समझें, इन संकेतों से समझें दिल और पेट के दर्द की पहचानघर पर सिर्फ आधा लीटर दूध और नारियल बुरादे से तैयार करें हलवाई जैसी स्वादिष्ट बर्फीधर्मा की स्पाई कॉमेडी 'उड़ता तीर' का वीडियो जारी, पाकिस्तानी जासूस की याददाश्त जाने पर मचेगा धमाल
इंदौर के दो सगे भाइयों ने 13 और 17 वर्ष की उम्र में थामा संयम का मार्ग, मुनि आदित्यसागर को श्रीफल भेंट कर लिया आजीवन ब्रह्मचर्य का संकल्पराजस्थान
23 सित॰ 2026, 10:11 pm (3 घंटे पहले)· 0

इंदौर के दो सगे भाइयों ने 13 और 17 वर्ष की उम्र में थामा संयम का मार्ग, मुनि आदित्यसागर को श्रीफल भेंट कर लिया आजीवन ब्रह्मचर्य का संकल्प

इंदौर निवासी कबीर जैन और मीत जैन ने सेक्टर-11 स्थित आदिनाथ भवन में मुनि आदित्यसागर महाराज के समक्ष आजीवन ब्रह्मचर्य व्रत अंगीकार करने का फैसला किया। दशलक्षण पर्व के दौरान हुए इस भावुक प्रसंग ने पूरे जैन समाज का ध्यान खींचा है।

किशोरावस्था में जब अधिकांश युवा आधुनिक शिक्षा, खेल और सांसारिक करियर की योजनाएं बनाने में रमे होते हैं, तब मध्य प्रदेश के इंदौर शहर के दो सगे भाइयों ने इसके सर्वथा विपरीत आध्यात्मिक वैराग्य की डगर चुनी है। महज 13 और 17 साल की उम्र में कबीर जैन और मीत जैन ने दुनिया के भौतिक बंधनों से दूर रहकर संयमित जीवन जीने का निश्चय किया। दोनों भाइयों ने सेक्टर-11 स्थित आदिनाथ भवन में आयोजित धर्मसभा के दौरान जैन संत मुनि आदित्यसागर महाराज के चरणों में श्रीफल अर्पित कर आजीवन ब्रह्मचर्य व्रत ग्रहण करने की सार्वजनिक घोषणा की। इस अभूतपूर्व निर्णय को सुनकर पंडाल में उपस्थित श्रद्धालु भाव-विभोर हो उठे।

प्रवचनों के श्रवण और गुरु सान्निध्य से उपजा वैराग्य भाव

कबीर और मीत दोनों अपने माता-पिता के साथ मुनि आदित्यसागर महाराज के सान्निध्य में समय व्यतीत कर रहे थे। नित्य नियम से गुरुदेव के प्रवचन सुनने, उनकी सेवा-भक्ति करने और धार्मिक आचरण को निकटता से देखने के फलस्वरूप दोनों किशोरों के भीतर धीरे-धीरे सांसारिक जीवन के प्रति विरक्ति का भाव प्रगाढ़ होता गया। सुबह धर्मसभा में दोनों भाइयों ने पूरी विनम्रता के साथ गुरुदेव के सामने धर्म के पथ पर चलने तथा आजीवन ब्रह्मचर्य व्रत का पालन करने का दृढ़ संकल्प निवेदित किया। बालकों के भीतर त्याग की निर्मल भावना और संकल्प की दृढ़ता को परखने के बाद मुनि आदित्यसागर महाराज ने उन्हें इस कठिन साधना मार्ग पर आगे बढ़ने की सहर्ष अनुमति प्रदान की।

ये भी पढ़ें

धर्मसभा में उमड़ा भावुकता का सैलाब, समाज ने की अनुमोदना

जैसे ही धर्मसभा में दोनों किशोर भाइयों के इस कठोर संकल्प की घोषणा हुई, संपूर्ण आदिनाथ भवन का वातावरण अत्यंत भावुक हो गया। सभा में मौजूद कई श्रावक और श्राविकाओं के नेत्रों से अश्रु बह निकले। वहां उपस्थित लोगों में एक ओर इतनी कम उम्र में ऐसा निर्णय देख गहरा कौतुक था, तो दूसरी ओर सभी श्रद्धालु हाथ जोड़कर उनके इस त्याग की अनुमोदना और जयकार कर रहे थे। अध्यक्ष पारस चित्तौड़ा ने इस संदर्भ में जानकारी देते हुए बताया कि दोनों भाई काफी समय से गुरु सान्निध्य में रहकर नियमित रूप से धार्मिक गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी निभा रहे थे। गुरुदेव की वाणी और उनकी भक्ति ने इन दोनों बालकों के अंतर्मन को गहराई से स्पर्श किया, जिससे वे आत्म-कल्याण के मार्ग की ओर उन्मुख हुए। इस त्याग की चर्चा अब पूरे समाज में आदर के साथ की जा रही है।

दशलक्षण पर्व पर विभिन्न जिनालयों में हुई विशेष धार्मिक आराधना

दशलक्षण महापर्व के पावन अवसर पर नगर के अन्य जैन मंदिरों में भी विविध अनुष्ठानों और साधना सत्रों का आयोजन निरंतर चल रहा है। इसी कड़ी में सेक्टर-14 स्थित महावीर भवन में आयोजित सभा को संबोधित करते हुए पं. रविकीर्ति ने उत्तम तप धर्म के गूढ़ मर्म को स्पष्ट किया। उन्होंने प्रवचन में बताया कि अपनी इंद्रिय इच्छाओं पर अंकुश लगाना तथा मन, वचन और काया को संयमित रखना ही सच्चे तप का मूल स्वरूप है। उधर हिरणमगरी सेक्टर-9 स्थित शांतिनाथ जिनालय में भी प्रातःकाल से ही भगवान का अभिषेक, पूजन और विश्व शांति की कामना से शांतिधारा संपन्न की गई। आगामी 27 सितंबर को इसी क्रम में श्रीजी की भव्य पालकी शोभायात्रा भी निकाली जाएगी।

सवाल-जवाब

किन दो भाइयों ने आजीवन ब्रह्मचर्य का व्रत लिया?
इंदौर के रहने वाले दो सगे भाइयों, 13 वर्षीय कबीर जैन और 17 वर्षीय मीत जैन ने यह संकल्प लिया।
यह संकल्प किस स्थान पर और किसके समक्ष लिया गया?
यह संकल्प सेक्टर-11 स्थित आदिनाथ भवन में मुनि आदित्यसागर महाराज की धर्मसभा में श्रीफल अर्पित करके लिया गया।
दोनों भाइयों के मन में वैराग्य की भावना कैसे जागृत हुई?
माता-पिता के साथ मुनि आदित्यसागर महाराज के सान्निध्य में रहते हुए नियमित प्रवचन सुनने और गुरु भक्ति करने से उनके मन में वैराग्य उत्पन्न हुआ।
सेक्टर-14 महावीर भवन में पं. रविकीर्ति ने किस विषय पर व्याख्यान दिया?
पं. रविकीर्ति ने दशलक्षण पर्व के दौरान उत्तम तप धर्म की व्याख्या करते हुए इच्छाओं पर नियंत्रण और मन, वचन, कर्म के संयम को तप बताया।
श्रीजी की पालकी शोभायात्रा कब निकाली जाएगी?
हिरणमगरी सेक्टर-9 स्थित शांतिनाथ जिनालय में पूजन-अभिषेक के बाद आगामी 27 सितंबर को श्रीजी की पालकी शोभायात्रा निकाली जाएगी।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 5

Yuki Tanaka@yuki-tanaka·2 घंटे पहले

इतनी कम उम्र में इतना बड़ा फैसला सच में हैरान करता है। क्या बच्चे वाकई इसका मतलब पूरी तरह समझ पाए होंगे?

Arjun Mehta@arjun-mehta·3 घंटे पहले

इतनी कम उम्र में ऐसा फैसला लेना वाकई हैरान करने वाला है। इन बच्चों की सोच और हिम्मत को सलाम।

Ravikash Gupta@ravikash·3 घंटे पहले

अजय जी, 13 और 17 साल की उम्र वाकई बहुत छोटी होती है। हैरानी तो इस बात पर है कि बच्चों ने इतने कड़े अनुशासन का रास्ता खुद चुना।

Rohan Verma@rohan-verma·3 घंटे पहले

इतनी कम उम्र में दुनिया की तमाम सुख-सुविधाओं को छोड़कर इस तरह का कड़ा रास्ता चुनना वाकई हैरान करने वाला है। समझ नहीं आता कि तेरह और सत्रह साल की उम्र में बच्चों का मन वैराग्य की तरफ इतना कैसे झुक जाता है?

Karan Malhotra@karan-malhotra·3 घंटे पहले

रोहन भाई, सच कहा आपने। तेरह साल की उम्र में तो बच्चों को यह भी ठीक से समझ नहीं होता कि ब्रह्मचर्य असल में है क्या!

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR
Chamar no WhatsApp