राजस्थान के झुंझुनूं जिले में नवलगढ़ पुलिस थाने में तैनात एक हेड कांस्टेबल की सड़क हादसे में जान चली गई। बदराणा गांव के पास हुई इस घटना में एक अज्ञात वाहन ने उनकी बाइक में जोरदार टक्कर मार दी, जिसके बाद उन्हें गंभीर हालत में अस्पताल ले जाया गया लेकिन डॉक्टर उन्हें बचा नहीं पाए।
घर से ड्यूटी की ओर निकले थे महेंद्र मीणा
पुलिस के मुताबिक मृतक हेड कांस्टेबल का नाम महेंद्र मीणा है। वे नवलगढ़ के सीकर रोड इलाके में अपने घर से बाइक लेकर बलवंतपुरा फाटक की तरफ रवाना हुए थे। रास्ते में बदराणा के पास एक तेज गति से आ रहे वाहन ने अचानक उनकी बाइक को टक्कर मार दी। टक्कर की रफ्तार इतनी तेज थी कि वे सड़क पर दूर जा गिरे और बुरी तरह जख्मी हो गए। इस पूरे इलाके में यह हाईवे रोजाना भारी आवाजाही वाला रास्ता माना जाता है, जहां रात और सुबह के वक्त वाहन तेज रफ्तार में गुजरते हैं।
108 एंबुलेंस से पहुंचाया गया अस्पताल
हादसे के तुरंत बाद वहां से गुजर रहे राहगीर और आसपास के लोग मौके पर जमा हो गए। किसी ने तुरंत इसकी सूचना पुलिस कंट्रोल रूम और एंबुलेंस सेवा को दी। खबर मिलते ही 108 एंबुलेंस मौके पर पहुंची और घायल महेंद्र मीणा को तुरंत नवलगढ़ के जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। हालांकि जांच में डॉक्टरों ने पाया कि उनकी सांसें थम चुकी हैं और उन्हें मृत घोषित कर दिया गया।
थानाधिकारी खुद अस्पताल पहुंचे
जैसे ही अपने ही महकमे के एक साथी की मौत की खबर फैली, नवलगढ़ थाने के थानाधिकारी अजय सिंह खुद जिला अस्पताल पहुंच गए और पूरे मामले की जानकारी ली। उनके निर्देश पर शव को अस्पताल के मुर्दाघर में सुरक्षित रखवाया गया। पुलिस ने घटनास्थल का मुआयना कर हादसे की औपचारिक जांच शुरू कर दी है। फिलहाल यह साफ नहीं हो पाया है कि टक्कर मारने वाला वाहन कौन सा था और उसे चला कौन रहा था, इसलिए पुलिस आसपास के इलाकों में लगे सीसीटीवी कैमरों की रिकॉर्डिंग खंगाल रही है ताकि वाहन और चालक तक पहुंचा जा सके।
सीकर के सांखू गांव के रहने वाले थे महेंद्र मीणा
महेंद्र मीणा मूल रूप से सीकर जिले के बलारां थाना क्षेत्र स्थित मीणा की ढाणी सांखू गांव के निवासी थे और उनके पिता का नाम बनवारी लाल है। वे लंबे समय से नवलगढ़ थाने में हेड कांस्टेबल के पद पर सेवाएं दे रहे थे। उनकी अचानक हुई मौत की खबर से पुलिस महकमे में मातम पसर गया, सहकर्मियों और जान-पहचान वालों में शोक की लहर देखी जा रही है। पुलिस ने आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू करते हुए शव का पोस्टमार्टम कराने की तैयारी शुरू कर दी है, जिसके बाद पार्थिव देह परिजनों को सौंपी जाएगी और अंतिम संस्कार की औपचारिकताएं पूरी हो सकेंगी।





















