राजस्थान के झुंझुनूं जिले में एक बेहद खौफनाक और दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है, जिसने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। सूरजगढ़ थाना क्षेत्र में एक व्यक्ति ने शराब की लत के चलते अपनी ही पत्नी की बेरहमी से हत्या कर दी। चौंकाने वाली बात यह रही कि आरोपी ने हत्या के बाद अपनी मृत पत्नी के शव को घर में रखे एक लोहे के संदूक में छिपा दिया और उसके कानों से सोने की बालियां उतार लीं। इसके बाद उसने बेटे की बीमारी का झूठा बहाना बनाकर उन बालियों को एक शराब के ठेके पर गिरवी रख दिया और उससे मिले पैसों से शराब पी। यह जघन्य अपराध तीन दिन तक एक राज बना रहा, लेकिन जब शव के सड़ने से बदबू फैलने लगी, तो कातिल पति ने खुद ही अपना गुनाह कबूल कर लिया।
शराब के लिए पैसों के विवाद में घोंटा गला
पुलिस के अनुसार, यह पूरी घटना अगवाना खुर्द गांव की है। आरोपी कृष्ण कुमार जाट को शराब की बुरी लत थी, जिसके कारण अक्सर घर में कलह का माहौल रहता था। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि इस खौफनाक वारदात से चार दिन पहले कृष्ण कुमार ने अपनी 37 वर्षीय पत्नी सुलोचना से शराब खरीदने के लिए रुपयों की मांग की थी। सुलोचना इस बात से अच्छी तरह वाकिफ थी कि पैसे शराब पर बर्बाद होंगे, इसलिए उसने रुपये देने से साफ इनकार कर दिया। पत्नी का यह इनकार कृष्ण कुमार को बर्दाश्त नहीं हुआ और वह आगबबूला हो गया। गुस्से में अंधे होकर उसने अपनी ही जीवनसंगिनी पर हमला कर दिया और बेरहमी से उसका गला घोंट दिया। हमले की तीव्रता इतनी ज्यादा थी कि सुलोचना ने मौके पर ही दम तोड़ दिया।
लोहे के संदूक में शव छिपाकर उतारे गहने
अपनी पत्नी को मौत के घाट उतारने के बाद आरोपी कृष्ण कुमार जाट के चेहरे पर कोई पछतावा नहीं था, बल्कि उसने एक शातिर अपराधी की तरह सबूत मिटाने की कोशिश शुरू कर दी। उसने सबसे पहले सुलोचना के शव को घसीट कर घर में रखे एक बड़े लोहे के संदूक में ठूंस दिया ताकि किसी को उस पर शक न हो। इसके बाद उसका लालच और शराब की तलब हावी हो गई। उसने संदूक में पड़ी अपनी मृत पत्नी के शरीर से चांदी और सोने के गहने उतारने शुरू कर दिए। उसने सुलोचना के कानों से उसकी सोने की बालियां निकाल लीं और अन्य चांदी के जेवर भी उतार लिए। पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी ने मृतका के चांदी के गहनों को घर में ही एक तस्वीर के पीछे छिपा दिया, जबकि सोने की बालियां वह अपने साथ ले गया।
बीमार बेटे की झूठी कहानी और शराब का ठेका
सोने की बालियां हाथ में आने के बाद कृष्ण कुमार सीधे इलाके के एक शराब ठेकेदार के पास पहुंचा। वहां उसने अपनी शराब की जरूरत पूरी करने के लिए एक बेहद शर्मनाक और झूठी कहानी गढ़ी। उसने ठेकेदार के सामने नाटक करते हुए कहा कि उसका बेटा गंभीर रूप से बीमार है और उसके इलाज के लिए उसे तुरंत रुपयों की जरूरत है। ठेकेदार उसकी बातों में आ गया और उसने उन सोने की बालियों को गिरवी रख लिया, जिसके एवज में कृष्ण कुमार को महज तीन हजार रुपये दिए गए। आरोपी ने बिना समय गंवाए उसी ठेके से शराब खरीदी और वहां से लौटते समय रास्ते में ही शराब पी ली।
बेटे को गुमराह किया और मोबाइल छीन लिया
इस हत्याकांड के बाद घर में मौजूद 15 वर्षीय बेटे को गुमराह करना कृष्ण कुमार के लिए एक बड़ी चुनौती थी। जब किशोर ने अपनी मां के बारे में पूछा, तो आरोपी ने बड़ी चालाकी से झूठ बोल दिया कि उसकी मम्मी अपनी नानी के घर यानी पीहर गई हुई है। हालांकि, बेटे को अपने पिता की बातों पर पूरी तरह विश्वास नहीं हुआ और उसे शक होने लगा। जब बेटे ने इस बात की सच्चाई जानने की कोशिश की और अन्य लोगों से संपर्क करने का प्रयास किया, तो कृष्ण कुमार घबरा गया। अपनी पोल खुलने के डर से आरोपी ने तुरंत अपने 15 साल के बेटे का मोबाइल फोन छीन लिया, ताकि वह किसी भी रिश्तेदार या बाहरी व्यक्ति से संपर्क न कर सके। इसके बाद तीन दिन तक वह शव उसी घर में पड़ा रहा और आरोपी बिना किसी फिक्र के वहां रहता रहा।
दुर्गंध उठने पर पूर्व सरपंच के सामने कबूलनामा
लोहे के संदूक में बंद शव तीन दिनों तक घर के अंदर ही पड़ा रहा। धीरे-धीरे सुलोचना का शव सड़ने लगा और पूरे घर में एक असहनीय और तेज दुर्गंध फैलने लगी। जब बदबू इतनी बढ़ गई कि उसे छिपाना नामुमकिन हो गया, तो कृष्ण कुमार की हिम्मत जवाब दे गई। शराब के भारी नशे में धुत्त होकर वह गांव के पूर्व सरपंच दुलीचंद के पास जा पहुंचा। वहां जाकर उसने अपनी पत्नी की हत्या करने, शव को संदूक में छिपाने और गहने गिरवी रखने की पूरी खौफनाक दास्तान सुना दी। यह सुनकर पूर्व सरपंच सन्न रह गए।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई और आरोपी गिरफ्तार
पूर्व सरपंच दुलीचंद ने मामले की गंभीरता को समझते हुए तुरंत गांव के अन्य प्रमुख लोगों से संपर्क किया और उन्हें इस पूरी घटना की जानकारी दी। इसके बाद बिना कोई देरी किए सुलोचना के पीहर पक्ष और ससुराल के अन्य लोगों को बुलाया गया और पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना दी गई। हत्या की खबर मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। सूचना पाते ही पुलिस उपाधीक्षक विकास धींधवाल और सूरजगढ़ थानाधिकारी रामसिंह यादव अपनी पुलिस टीम के साथ अगवाना खुर्द गांव के उस घर में पहुंचे। वहां अधिकारियों ने आरोपी की निशानदेही पर लोहे का संदूक खोला और उसमें से सुलोचना का सड़ा-गला शव बरामद किया। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी पति कृष्ण कुमार जाट को गिरफ्तार कर लिया है और उसके खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है।




















