जोधपुर स्थित मारवाड़ इंटरनेशनल सेंटर में समाज की प्रगति, संगठनात्मक ढाँचे की दृढ़ता और युवा पीढ़ी के सर्वांगीण विकास के ध्येय के साथ एक बृहद सम्मेलन संपन्न हुआ। अखिल भारतवर्षीय गुर्जर गौड़ ब्राह्मण महासभा द्वारा आयोजित राष्ट्रीय महाधिवेशन तथा युवाम-द्वितीय 2026 में देश भर से हजारों समाज बंधु उपस्थित हुए। इस गरिमामयी समागम की अध्यक्षता महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष ओमप्रकाश जोशी ने की, जिसमें विभिन्न राज्यों के संरक्षकों, पदाधिकारियों, मातृशक्ति, युवक संघ के प्रतिनिधियों और आजीवन सदस्यों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया।
वैदिक रीति-रिवाज से शुभारंभ और मुख्य संदेश
कार्यक्रम का औपचारिक आगाज प्रातः 11 बजे पूरे सम्मान के साथ ध्वजारोहण करके किया गया। इसके उपरांत राधेश्याम शर्मा ने उपस्थित सभी अतिथियों और समाज बंधुओं का भावभीना स्वागत किया। वेदपाठी बटुकों द्वारा उच्चारित वैदिक मंत्रों की गूंज के बीच विशिष्ट अतिथियों का पारंपरिक पद्धति से अभिनंदन किया गया। महर्षि गौतम भगवान के समक्ष पवित्र दीप प्रज्वलित कर सत्र की कार्यवाही को आगे बढ़ाया गया।
सभा को संबोधित करते हुए राष्ट्रीय अध्यक्ष ओमप्रकाश जोशी ने स्पष्ट किया कि संगठन की वास्तविक शक्ति समाज की एकजुटता में निहित है। उन्होंने इस बात पर बल दिया कि महासभा किसी एक व्यक्ति तक सीमित संस्था न होकर पूरे समाज को एक सूत्र में पिरोने और उनके कल्याण के लिए चरणबद्ध योजनाएँ बनाकर क्रियान्वित करने हेतु पूर्णतः समर्पित है।
लोकतांत्रिक व्यवस्था, महिला सशक्तिकरण और युवाओं की भूमिका
संगठन के विस्तार और प्रभावशीलता को बढ़ाने पर चर्चा करते हुए हरिद्वार गौतम आश्रम के अध्यक्ष जे.एम. जोशी ने लोकतांत्रिक मूल्यों के पालन पर विशेष जोर दिया। उन्होंने वृहद सदस्यता अभियान चलाने और अधिक से अधिक लोगों को संगठन से जोड़ने की आवश्यकता रेखांकित की।
इसी क्रम में राष्ट्रीय महिला अध्यक्ष माया राजेश त्रिवेदी ने सामाजिक तथा संगठनात्मक फैसलों में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने का जोरदार आह्वान किया। कार्यक्रम में पूर्व महापौर रामेश्वर दाधीच, महंत रामप्रсад और राष्ट्रीय प्रवक्ता बद्रीप्रकाश गौतम ने भी अपने विचार साझा किए। उन्होंने सामाजिक अनुशासन, आपसी तालमेल और संस्था की मर्यादा बनाए रखने का संदेश दिया। राष्ट्रीय युवक संघ अध्यक्ष भवानी पाइवाल ने युवाओं से आगे बढ़कर संगठन को नई ऊर्जा और मजबूती प्रदान करने की अपील की।
महत्वपूर्ण सामाजिक प्रस्ताव पर सर्वसम्मति और भावी दिशा
सदन की कार्यवाही के दौरान प्रद्युमन जोशी ने समाज सुधार और भावी रणनीतियों से जुड़ा एक महत्वपूर्ण प्रस्ताव पटल पर रखा। उपस्थित सभी संरक्षकों और प्रतिनिधियों ने ध्वनिमत से इस प्रस्ताव को अपनी स्वीकृति दी। बैठक में समाज के सर्वांगीण विकास, शिक्षा के प्रसार, युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसरों का सृजन और महिलाओं की सक्रियता पर गंभीर मंथन हुआ। वक्ताओं ने आपसी मतभेद भुलाकर केवल समाज के हितों के लिए एकजुट होकर काम करने का संकल्प दोहराया।
डिजिटल तकनीक का समावेश: वेबसाइट का शुभारंभ
समाज को अत्याधुनिक तकनीक से जोड़ने के उद्देश्य से महासभा की आधिकारिक पोर्टल लॉन्च की गई। महासभा के प्रधानमंत्री प्रद्युमन जोशी ने जानकारी दी कि डिजिटल प्लेटफॉर्म के ज़रिए सामाजिक जनगणना, सदस्यता अभियान, वैवाहिक प्रविष्टियों और रोजगार संबंधी सहायता को बेहद आसान बनाया जाएगा।
इसी अवसर पर हरिद्वार गौतम आश्रम के महामंत्री हेमेन्द्र जाजड़ा ने आश्रम में हुए ढांचागत विकास कार्यों का ब्योरा प्रस्तुत किया और सोशल मीडिया व ऑनलाइन माध्यमों से कमरों की बुकिंग सुविधा शुरू होने की बात कही। इसे संगठन का तकनीकी आधुनिकीकरण माना जा रहा है।
दीर्घकालीन सेवाओं का सम्मान और युवा आयोजकों का योगदान
सम्मेलन में समाज के प्रति समर्पित सेवाओं के लिए पूर्व प्रधानमंत्री नंदकिशोर नेक, महासभा के संरक्षक सीताराम जोशी तथा पाली के निवासी शंकरलाल राणेजा को प्रतिष्ठित लाइफटाइम अचीवमेंट अवार्ड से अलंकृत किया गया।
इस आयोजन में राजस्थान के अलावा मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, महाराष्ट्र, गुजरात, दिल्ली, तमिलनाडु, पश्चिम बंगाल और हरियाणा जैसे अनेक राज्यों के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया। युवाम-द्वितीय की व्यवस्थाओं को सुचारु बनाने में कुशाल रोहिवाल, प्रकाश राणेजा, डॉ. रवि शर्मा, तरुण उपाध्याय, किशन सांखी, रामस्वरूप पंचारिया और जितेन्द्र कांगला जोशी सहित कई युवा कार्यकर्ताओं का योगदान उल्लेखनीय रहा। कार्यक्रम के समापन पर प्रधानमंत्री प्रद्युमन जोशी ने आभार व्यक्त किया, जबकि मंच संचालन का दायित्व मुख्य सचिव ललित प्रकाश सांखी ने बखूबी निभाया।





















