झीलों की नगरी के नाम से दुनिया भर में मशहूर उदयपुर पर्यटकों के लिए एक बेहद पसंदीदा ठिकाना माना जाता है। मानसून का मौसम बीतते ही शहर के आसपास मौजूद अरावली की पहाड़ियां और प्राकृतिक जलस्रोत एक नए रूप में नजर आने लगते हैं। चारों तरफ फैली हरियाली और सुहावना मौसम यहां आने वाले यात्रियों को मंत्रमुग्ध कर देता है। सबसे खास बात यह है कि उदयपुर में प्राकृतिक सौंदर्य और ऐतिहासिक विरासत का अनुभव करने के लिए आपको बहुत ज्यादा पैसे खर्च करने की जरूरत नहीं है। शहर में कई ऐसे लोकप्रिय स्थल मौजूद हैं, जहां बिना किसी प्रवेश टिकट के घूमा जा सकता है और बजट यात्रियों के लिए यह एक बेहतरीन अवसर साबित होता है।
फतहसागर झील पर निहारें पहाड़ियों और पानी का सुहावना संगम
उदयपुर पहुंचने वाले सैलानियों की पहली पसंद अक्सर फतहसागर झील ही होती है। चारों ओर से ऊंची-ऊंची पहाड़ियों से घिरी यह झील बारिश का मौसम खत्म होने के बाद और भी अधिक नयनाभिराम दिखाई देने लगती है। सुबह की पहली किरण और शाम के समय ढलते सूरज के दौरान यहां का माहौल काफी शांतिदायक और खुशनुमा बना रहता है। झील के किनारे बैठकर ठंडी हवाओं के बीच पानी की लहरों और सामने फैली पहाड़ियों की रंगत को निहारना अपने आप में एक अनूठा अनुभव प्रदान करता है। इस पूरी झील के आसपास घूमने और यहां समय बिताने के लिए पर्यटकों को किसी भी प्रकार की एंट्री फीस नहीं देनी पड़ती है।
बाहुबली हिल्स से देखें सूर्योदय और सूर्यास्त का विहंगम दृश्य
यदि आप प्राकृतिक परिदृश्य को किसी ऊंची जगह से देखने के शौकीन हैं और सनराइज या सनसेट के पलों को अपने कैमरे में कैद करना चाहते हैं, तो बाहुबली हिल्स आपके लिए सबसे उपयुक्त स्थान हो सकता है। यह जगह झील और आसपास की हरी-भरी वादियों का एक शानदार और व्यापक दृश्य पेश करती है। ऊंचाई से देखने पर प्रकृति का फैलाव बेहद खूबसूरत लगता है। इसी वजह से यह स्थान युवा यात्रियों, ट्रैकिंग के शौकीनों और फोटोग्राफी करने वालों के बीच बहुत तेजी से लोकप्रिय हुआ है।
शहर के शोर-शराबे से दूर रायता हिल्स की शांत वादियां
प्राकृतिक सुंदरता और एकांत चाहने वाले लोगों के लिए रायता हिल्स एक शानदार विकल्प माना जाता है। मानसून की बारिश के बाद रायता हिल्स की पूरी ढलानें हरी घास और घने पौधों से ढक जाती हैं। यदि आप शहरी जीवन की आपाधापी और भीड़भाड़ से परे कुछ समय प्रकृति के सानिध्य में बिताना चाहते हैं, तो यह जगह एकदम मुफीद है। यहां से आसपास मौजूद दूर-दराज की पहाड़ियों और हरी-भरी घाटियों का विहंगम नजारा साफ तौर पर देखा जा सकता है।
गणगौर घाट पर अनुभव करें पुरानी हवेलियों और पिछोला झील की झलक
उदयपुर के ऐतिहासिक और सांस्कृतिक ताने-बाने को करीब से समझने के लिए गणगौर घाट जाना एक अनिवार्य अनुभव है। प्रसिद्ध पिछोला झील के तट पर स्थित यह घाट शहर की प्राचीन पहचान और कलात्मक वैभव से जुड़ा हुआ है। घाट की सीढ़ियों पर बैठकर झील के शांत पानी, पानी में तैरती नावों और तट पर बनी पारंपरिक पुरानी हवेलियों का विहंगम नजारा दिखाई देता है। खासकर शाम ढलने के समय गणगौर घाट का वातावरण बेहद सुकून देने वाला और मनमोहक हो जाता है, जहां घूमने के लिए किसी भी टिकट की जरूरत नहीं होती।



















