आजमगढ़ के मशहूर कालिका मटन का देसी स्वाद अब घर की रसोई में, जानें पकाने की पारंपरिक विधिरोजाना मुट्ठी भर बादाम खाने से सेहत पर क्या पड़ता है असर, डॉक्टर सौरभ सेठी ने गिनाए चौंकाने वाले फायदेरिजर्व बैंक ऑफ ऑस्ट्रेलिया के ब्याज दर फैसले से पहले ऑस्ट्रेलियाई डॉलर में ठहराव, 0.7000 के नीचे सीमित दायरापश्चिम एशिया में सैन्य तनाव और चुनावी हलचल के बीच चांदी में सुस्ती, 50.30 डॉलर के करीब फिसले भावमूलांक 5 अंकज्योतिष 3 नवंबर 2026: काम और बातचीत में जल्दबाजी से बचें, धैर्य से मिलेगी सफलताबलूचिस्तान में सुरक्षा बलों पर सिलसिलेवार हमले, बीएलएफ ने अक्टूबर में 129 से ज्यादा जवान मारने की बात कहीछठ के पावन पर्व पर शारदा सिन्हा के इस लोकगीत में भक्त क्यों जता रहे हैं सूर्य देव से शिकवात्योहारी सीजन में स्कूलों में छुट्टियों की भरमार, जानें किस राज्य में कितने दिन रहेगा अवकाशकार्तिक शुक्ल द्वितीया पर भाई दूज 2026 की सटीक तारीख, पूजा मुहूर्त और संपूर्ण विधिजालंधर सड़क हादसे में भतीजे दिवित की मौत के बाद दुबई से लौटे हनी सिंह, दिनेश औलख को सांत्वना दी
चक्रवात मुरासु के प्रभाव के बीच चेन्नई में 3 नवंबर को स्कूलों के संचालन पर प्रशासन का रुख स्पष्टतमिलनाडु
3 नव॰ 2026, 8:40 am (6 मिनट पहले)· 0

चक्रवात मुरासु के प्रभाव के बीच चेन्नई में 3 नवंबर को स्कूलों के संचालन पर प्रशासन का रुख स्पष्ट

चक्रवात मुरासु के कारण तटीय तमिलनाडु में बारिश के बाद चेन्नई और तिरुवल्लूर में 3 नवंबर को सामान्य छुट्टी घोषित नहीं हुई है, जबकि स्थानीय हालात देखकर प्रबंधन निर्णय ले सकेंगे।

तटीय तमिलनाडु में चक्रवाती तूफान मुरासु के चलते मौसम में आए बदलाव के बीच चेन्नई और नजदीकी इलाकों में शैक्षणिक संस्थानों के संचालन को लेकर स्थिति सामने आ गई है। रविवार देर रात से शुरू होकर सोमवार तक जारी रही तेज बारिश के कारण चेन्नई और तिरुवल्लूर जिला प्रशासन ने 2 नवंबर, सोमवार को स्कूल और कॉलेज बंद रखने का फैसला लिया था। इसके बाद 3 नवंबर यानी मंगलवार के दिन कक्षाएं लगेंगी या नहीं, इसे लेकर छात्र और अभिभावक स्पष्ट निर्देश की प्रतीक्षा कर रहे थे।

मंगलवार के लिए प्रशासनिक दिशा-निर्देश और अवकाश की स्थिति

चेन्नई जिला प्रशासन की तरफ से 3 नवंबर, मंगलवार के लिए शैक्षणिक संस्थानों में अवकाश का कोई नया सार्वजनिक आदेश जारी नहीं किया गया है। इसका सीधा अर्थ यह है कि संबंधित जिला कलेक्टर द्वारा किसी विशेष नोटिस के अभाव में स्कूल सामान्य रूप से संचालित रहेंगे। हालांकि, जिन स्थानीय क्षेत्रों में अभी भी जलभराव बना हुआ है अथवा भारी बारिश जारी है, वहां के हालात को ध्यान में रखते हुए संबंधित प्रशासन और स्कूल प्रबंधन स्वयं निर्णय लेने के लिए स्वतंत्र हैं।

ये भी पढ़ें

विभिन्न जिलों और पड़ोसी तटीय क्षेत्रों की स्थिति

क्षेत्रीय स्तर पर अलग-अलग जिलों में प्रशासनिक स्थिति इस प्रकार है

  • चेन्नई और तिरुवल्लूर: मंगलवार के दिन के लिए कोई केंद्रीकृत अवकाश घोषित नहीं किया गया है। स्थानीय स्कूल प्रबंधन अपने परिसर और पहुंच मार्ग की स्थिति देखकर निर्णय लेंगे।
  • चेंगलपट्टू और कांचीपुरम: इन दोनों जिलों में जनजीवन धीरे-धीरे पटरी पर लौट रहा है और वहां स्कूल सामान्य रूप से खुलने की संभावना है।
  • आंध्र प्रदेश के तटीय जिले: चक्रवात के मुख्य लैंडफॉल क्षेत्र के निकटवर्ती जिलों जैसे नेल्लोर, बापटला और नरसपुर में सुरक्षा कारणों से स्थानीय प्रशासन ने स्कूल और कॉलेजों में छुट्टी घोषित रखी है।

चक्रवात मुरासु का असर और बुनियादी ढांचे पर प्रभाव

चक्रवात मुरासु का मुख्य केंद्र भले ही आंध्र प्रदेश के तटीय क्षेत्रों, विशेषकर नेल्लोर और नरसपुर की ओर आगे बढ़ गया हो, लेकिन इसके बाहरी बादलों के घेरे के प्रभाव से उत्तरी तमिलनाडु के तटीय जिलों में तेज हवाओं के साथ भारी वर्षा हुई। चेन्नई के उत्तरी भागों में बारिश का सबसे अधिक दबाव देखने को मिला। शहर में स्थित 22 सबवे में से 2 में पानी भर जाने से सड़क यातायात बाधित हुआ। इसी के साथ चेन्नई हवाई अड्डे पर तेज हवा और कम विजिबिलिटी के कारण कई उड़ानों के संचालन पर भी प्रभाव पड़ा।

मौसम पूर्वानुमान और चेतावनी

सोमवार को चेन्नई और तिरुवल्लूर जिलों में भारी वर्षा की चेतावनी, जिसमें ऑरेंज और रेड अलर्ट शामिल थे, के मद्देनजर एहतियात के तौर पर शैक्षणिक संस्थान बंद रखे गए थे। मंगलवार, 3 नवंबर को भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के आकलन के अनुसार वर्षा की तीव्रता में कमी आने की संभावना व्यक्त की गई है, जिससे तटीय इलाकों में राहत मिलने की उम्मीद है।

सवाल-जवाब

क्या 3 नवंबर को चेन्नई में स्कूलों की सामान्य छुट्टी घोषित की गई है?
नहीं, चेन्नई जिला प्रशासन की तरफ से 3 नवंबर, मंगलवार के लिए कोई नई सामान्य छुट्टी घोषित नहीं की गई है।
जलभराव वाले इलाकों में स्कूल संचालन पर फैसला कौन लेगा?
जिन इलाकों में भारी जलभराव या तेज बारिश है, वहां स्थानीय प्रशासन और स्कूल प्रबंधन स्थिति देखकर खुद फैसला ले सकते हैं।
चक्रवात मुरासु का मुख्य लैंडफॉल किन क्षेत्रों में हुआ है?
चक्रवात का मुख्य केंद्र आंध्र प्रदेश के तटीय इलाकों जैसे नेल्लोर, बापटला और नरसपुर की तरफ बढ़ा है।
चेन्नई में बारिश से यातायात और सबवे पर क्या असर पड़ा?
चेन्नई के 22 सबवे में से 2 में पानी भरने के कारण सड़क यातायात प्रभावित हुआ और एयरपोर्ट पर भी उड़ानों पर असर देखा गया।
3 नवंबर को मौसम को लेकर मौसम विभाग का क्या अनुमान है?
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार 3 नवंबर को बारिश की तीव्रता में कमी आने का अनुमान जताया गया है।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 0

अभी तक कोई टिप्पणी नहीं — पहली टिप्पणी आपकी हो!

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR
Chamar no WhatsApp