राजस्थान में तीसरे चरण की वोटिंग: 27 जिलों की 3,716 पंचायतों में सरपंच और वार्ड पंच चुनने उतरे मतदाताझारखंड के आदिवासी समाज में हजारों साल पुराने घोड़ा नाच को बचाने की अनोखी मुहिमदुधारू मवेशियों के चारे में शामिल करें नेपियर और बरसीम, उत्पादन के साथ बढ़ेगी गुणवत्तासितंबर में ऑस्ट्रेलिया का व्यापार अधिशेष उछलकर 2,826 मिलियन ऑस्ट्रेलियाई डॉलर पर पहुंचाठंड के दिनों में इम्युनिटी मजबूत रखने के लिए डाइट में शामिल करें ये 7 खास मौसमी फलअमेरिकी मध्यावधि चुनाव नतीजों और चार फीसदी मुद्रास्फीति के बीच यूरो में उछाल, जानिए मुद्रा बाजारों का रुखराजस्थान के मुख्यमंत्री ने पांच बत्ती पर दबाया बटन, तीन किलोमीटर रोशनी में नहाया एमआई रोडतेलंगाना के खम्मम में राहत अभियान के दौरान डूबीं दो नावें, राज्य आपदा मोचन बल के 10 कर्मी लापताधनतेरस पर पूजा का समय और यम दीपदान के नियम, जानें सही तारीखपटाखों के जहरीले धुएं से फेफड़ों को कैसे बचाएं, अमृता अस्पताल के विशेषज्ञ ने साझा की जरूरी सलाह
तेलंगाना के खम्मम में राहत अभियान के दौरान डूबीं दो नावें, राज्य आपदा मोचन बल के 10 कर्मी लापतातेलंगाना
5 नव॰ 2026, 7:35 am (2 मिनट पहले)· 0

तेलंगाना के खम्मम में राहत अभियान के दौरान डूबीं दो नावें, राज्य आपदा मोचन बल के 10 कर्मी लापता

खम्मम जिले की बेथुपल्ली झील में फंसे मछुआरों को बचाने उतरीं दो राहत नौकाएं तेज बहाव और हवा में पलट गईं। मुख्यमंत्री ने बचाव अभियान तेज करने के आदेश दिए हैं।

तेलंगाना के खम्मम जिले में एक बेहद दुखद और गंभीर दुर्घटना सामने आई है, जहां पांच स्थानीय मछुआरों की जान बचाने निकला राहत दल खुद गहरे संकट में घिर गया। सथुपल्ली मंडल स्थित बेथुपल्ली झील में रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान राज्य आपदा मोचन बल (एसडीआरएफ) की दो नावें एकाएक अनियंत्रित होकर पानी में पलट गईं। इस बड़े हादसे के बाद बल के 10 कांस्टेबल पानी के भीतर लापता हो गए हैं, जिनकी तलाश में बड़े पैमाने पर खोजी अभियान चलाया जा रहा है।

तेज हवा और बहाव के बीच हुआ हादसा

सथुपल्ली इलाके की बेथुपल्ली झील में पांच मछुआरे पानी के तेज स्तर में फंस गए थे। इन मछुआरों को सुरक्षित किनारे तक लाने के लिए एसडीआरएफ की टीम को तुरंत तैनात किया गया था। बचाव दल दो नावों के सहारे झील के भीतर आगे बढ़ा, लेकिन मौके पर चल रही भीषण हवा और पानी के अचानक तेज हुए बहाव के चलते दोनों नौकाएं संतुलन खो बैठीं और पलट गईं। नावों के डूबते ही उन पर सवार जवान पानी में बिखर गए, जिनमें से 10 कांस्टेबल अब तक लापता बताए जा रहे हैं।

ये भी पढ़ें

गोताखोरों की टीम तैनात, मौके पर तनावपूर्ण स्थिति

हादसे की सूचना मिलते ही प्रशासन में हड़कंप मच गया और घटनास्थल पर वरिष्ठ प्रशासनिक व पुलिस अधिकारी तुरंत पहुंच गए। लापता जवानों को ढूंढने के लिए डीप-सी डाइवर्स और अनुभवी बचाव दल को बेथुपल्ली झील में उतारा गया है। गोताखोर लगातार गहरे पानी की तलाशी ले रहे हैं, हालांकि तेज बहाव के चलते राहत कार्यों में कई चुनौतियां आ रही हैं। घटना के बाद से पूरे इलाके में गहरा सन्नाटा और तनाव का माहौल बना हुआ है, जबकि झील किनारे बड़ी संख्या में लोग और परिजन सांसें थामे खड़े हैं।

मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने दिए युद्ध स्तर पर बचाव के निर्देश

राज्य के मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने खम्मम जिले में घटे इस बड़े हादसे पर तुरंत संज्ञान लिया है। उन्होंने वरिष्ठ अधिकारियों से फोन पर पूरी स्थिति की जानकारी ली और राहत कार्यों को बिना किसी देरी के तेज करने का निर्देश दिया। मुख्यमंत्री ने खम्मम जिले के कलेक्टर को आदेश दिया है कि झील में लापता एसडीआरएफ जवानों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए हर मुमकिन संसाधन झोंक दिया जाए। इसके अलावा, राज्य के मुख्य सचिव को पूरे ऑपरेशन पर नजर बनाए रखने और नियमित रूप से स्थिति का जायजा लेने को कहा गया है।

प्रशासनिक अमले को राहत उपकरण जुटाने का आदेश

राज्य के राजस्व, आवास और सूचना एवं जनसंपर्क मंत्री पोंगुलेटी श्रीनिवास रेड्डी ने सथुपल्ली निर्वाचन क्षेत्र की बेथुपल्ली झील में हुई इस अनहोनी पर गहरी चिंता व्यक्त की है। उन्होंने कहा कि प्रशासन इस पूरे मामले की लगातार समीक्षा कर रहा है। मुख्यमंत्री के निर्देशों का हवाला देते हुए मंत्री ने बताया कि जिला कलेक्टर को युद्ध स्तर पर राहत सामग्री जुटाने और हर जरूरी सुरक्षा उपकरण, अतिरिक्त नावें व विशेष दल मौके पर तैनात करने का निर्देश जारी किया गया है।

मंत्री पोंगुलेटी श्रीनिवास रेड्डी ने यह भी स्पष्ट किया कि सभी संबंधित सरकारी विभागों को आपसी तालमेल से काम करना होगा ताकि लापता जवानों की लोकेशन का जल्द पता चल सके। उन्होंने बताया कि वे लगातार जिला कलेक्टर के सीधे संपर्क में हैं और बचाव कार्य की हर प्रगति पर नजर रखे हुए हैं। उन्होंने ऐलान किया कि वे अगली सुबह खुद मौके पर पहुंचकर जमीनी हालात की समीक्षा करेंगे और राहत अभियान की निगरानी करेंगे। सरकार की सबसे पहली और सर्वोच्च प्राथमिकता लापता जवानों को हर हाल में सुरक्षित ढूंढ निकालना है।

सवाल-जवाब

यह नाव हादसा किस जगह पर हुआ?
यह हादसा तेलंगाना के खम्मम जिले के सथुपल्ली मंडल स्थित बेथुपल्ली झील में हुआ।
हादसे के बाद कितने जवान लापता हैं?
राज्य आपदा मोचन बल (एसडीआरएफ) की दो नावें पलटने के बाद 10 कांस्टेबल लापता हैं।
राहत दल झील में किस उद्देश्य से गया था?
राहत दल बेथुपल्ली झील में फंसे पांच स्थानीय मछुआरों को सुरक्षित बचाने के लिए गया था।
नावों के पलटने का मुख्य कारण क्या था?
झील में चल रही तेज हवाओं और पानी के अचानक तेज बहाव के कारण नावें अनियंत्रित होकर पलट गईं।
लापता जवानों की खोज के लिए क्या कदम उठाए जा रहे हैं?
डीप-सी डाइवर्स और विशेष बचाव दल को झील में उतारा गया है और कलेक्टर को युद्ध स्तर पर अभियान चलाने का निर्देश दिया गया है।
राज्य सरकार ने इस घटना पर क्या निर्देश दिए हैं?
मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी और मंत्री पोंगुलेटी श्रीनिवास रेड्डी ने सभी जरूरी सुरक्षा उपकरण जुटाने और जवानों को सुरक्षित बाहर निकालने के आदेश दिए हैं।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 0

अभी तक कोई टिप्पणी नहीं — पहली टिप्पणी आपकी हो!

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR
Chamar no WhatsApp