उत्तर प्रदेश के कानपुर नगर के छावनी थाना क्षेत्र स्थित सत्ती चौरा इलाके में हुई एक महिला की गोली मारकर हत्या के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। सनसनीखेज वारदात के महज 24 घंटे के अंदर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए दो संदिग्धों को धर दबोचा। अधिकारियों के अनुसार, घटना की सूचना मिलते ही जांच का दायरा बढ़ाया गया और आरोपियों तक पहुंचने के लिए विशेष टीमों को काम पर लगाया गया था।
तीन टीमों के गठन के साथ शुरू हुई थी धरपकड़
30 अगस्त को सत्ती चौरा में हुई इस गोलीबारी से पूरे इलाके में दहशत का माहौल बन गया था। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए स्थानीय थाना पुलिस ने तुरंत प्राथमिकी दर्ज की और मामले की जांच शुरू कर दी। आरोपियों की जल्द से जल्द पहचान और गिरफ्तारी सुनिश्चित करने के लिए तीन अलग-अलग पुलिस टीमों का गठन किया गया था। इन टीमों ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया और आसपास के संभावित ठिकानों पर निगरानी बढ़ाई। पिछले 24 घंटों में जुटाई गई खुफिया जानकारियों और तकनीकी सुरागों के आधार पर पुलिस आखिरकार संदिग्धों के ठिकाने तक पहुंचने में कामयाब रही।
छबीलेपुरवा मोड़ के पास हुई घेराबंदी
जांच के दौरान पुलिस को 1 सितंबर को गुप्त सूचना प्राप्त हुई कि इस हत्याकांड से जुड़े दो संदिग्ध छबीलेपुरवा मोड़ के पास स्थित एक बारात घर के आसपास देखे गए हैं। सूचना मिलते ही पुलिस टीमों ने इलाके में रणनीतिक घेराबंदी कर दी और दोनों युवकों को मौके पर ही हिरासत में ले लिया। पूछताछ और पहचान के बाद गिरफ्तार आरोपियों का नाम संतोष निषाद उर्फ कल्लू तथा विनोद निषाद उर्फ मोदी बताया गया है। ये दोनों आरोपी पड़ोसी जिले उन्नाव के गंगाघाट थाना क्षेत्र स्थित कल्लूपुरवा कटरी पीपरखेड़ा गांव के निवासी हैं।
हथियार व वाहन बरामद, आर्म्स एक्ट की धारा जोड़ी गई
गिरफ्तारी के दौरान पुलिस ने अभियुक्तों के पास से हत्या में प्रयुक्त एक तमंचा और एक जिंदा कारतूस बरामद करने का दावा किया है। इसके साथ ही वारदात के समय इस्तेमाल की गई अपाचे मोटरसाइकिल को भी पुलिस ने अपने कब्जे में ले लिया है। अवैध असलहा बरामद होने के बाद मामले में पंजीकृत मुकदमे में आर्म्स एक्ट की प्रासंगिक धाराएं भी बढ़ा दी गई हैं।
अदालत ने भेजा जेल, हत्या के कारण की तलाश जारी
कानूनी प्रक्रियाओं को पूरा करने के बाद पुलिस ने दोनों आरोपियों को सक्षम न्यायालय में प्रस्तुत किया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। हालांकि दो मुख्य आरोपियों को सलाखों के पीछे पहुंचा दिए जाने के बाद भी पुलिस की जांच खत्म नहीं हुई है। पुलिस टीम अब इस बात की गहनता से पड़ताल कर रही है कि आखिर महिला को गोली मारने के पीछे क्या वजह थी और हत्या का असली मकसद क्या था।





















