उत्तर प्रदेश के मथुरा जिले में धोखाधड़ी का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां शादी के नाम पर भोले-भाले लोगों को ठगने वाले एक गिरोह का पुलिस ने पर्दाफाश किया है। थाना सुरीर की पुलिस टीम ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए दो शातिर आरोपियों और एक कथित लुटेरी दुल्हन को धर दबोचा है। पुलिस ने पकड़े गए तीनों आरोपियों के पास से कुल 45,010 रुपये नकद और तीन अलग-अलग मोबाइल फोन भी बरामद किए हैं। कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद सभी आरोपियों को न्यायालय के समक्ष पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया है।
शादी कराने के बहाने की गई थी लाखों की ठगी
इस पूरे धोखाधड़ी नेटवर्क का खुलासा तब हुआ जब मथुरा के नगला जयसिंह निवासी चंद्रभान ने थाना सुरीर में अपनी शिकायत दर्ज कराई। पीड़ित ने पुलिस को बताया कि आरोपियों ने उनके बेटे की शादी तय कराने के नाम पर उनसे कुल 1 लाख 15 हजार रुपये लिए थे। तय योजना के मुताबिक, पैसे वसूलने के बाद आरोपियों ने चंद्रभान के बेटे को अलीगढ़ स्थित पनेठी देवी मंदिर पहुंचाया, जहां एक युवती के साथ उसकी औपचारिकता पूरी कर शादी कराई गई। इसके बाद नवविवाहित युवती को परिवार के साथ उनके पैतृक गांव रवाना कर दिया गया। लेकिन गांव पहुंचने के कुछ ही समय बाद वह युवती अपने साथियों इरफान और सुंदर के साथ मौके से फरार हो गई।
पुलिस की छापेमारी और आरोपियों की गिरफ्तारी
पीड़ित की शिकायत के आधार पर हरकत में आई थाना सुरीर पुलिस ने तुरंत मुकदमा दर्ज कर गहनता से जांच शुरू कर दी। जांच के दौरान मिली पुख्ता सूचना के आधार पर पुलिस ने खायरा चौकी क्षेत्र के अंतर्गत आने वाली खंडहर खायरा कोठी के पास स्थित एक पेड़ के नीचे से तीनों आरोपियों को दबोच लिया। पुलिस की गिरफ्त में आए आरोपियों की पहचान सुंदर पुत्र दुर्गा (उम्र करीब 48 वर्ष, निवासी अग्रयाला थाना शेरगढ़), इरफान पुत्र इकबाल (उम्र करीब 28 वर्ष, निवासी डींग गेट नई बस्ती थाना गोविंद नगर) और काजल उर्फ रूबीना के रूप में हुई है।
बरामदगी और आगे की कानूनी कार्रवाई
तलाशी के दौरान पुलिस ने सुंदर के पास से 15,500 रुपये नकद और एक रियलमी मोबाइल फोन, इरफान के पास से 22,010 रुपये नकद और एक रियलमी मोबाइल फोन, तथा आरोपी युवती काजल उर्फ रूबीना के कब्जे से 7,500 रुपये नकद और एक सैमसंग मोबाइल फोन बरामद किया है। मामले की जानकारी देते हुए क्षेत्राधिकारी मांट अमर नाथ यादव ने बताया कि पुलिस ने इस संगीन मामले में सभी आवश्यक विधिक कदम उठाते हुए तीनों आरोपियों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है। पुलिस इस गिरोह के अन्य संभावित संपर्कों और पुराने मामलों की भी गहराई से छानबीन कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि इन्होंने पहले भी इस तरह की कितनी वारदातों को अंजाम दिया है।


















