उत्तर प्रदेश के बलिया जिले में स्थित नगरा थाना क्षेत्र के गड़वार मोड़ पर संचालित एक क्लीनिक में महिला संचालिका कंचन भारती की हुई नृशंस हत्या के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। इस सनसनीखेज वारदात को अंजाम देने के बाद से लगातार फरार चल रहे मृतका के सगे भतीजे ओमकारेश्वर उर्फ बिट्टू को पुलिस टीम ने घेराबंदी कर धर दबोचा है। 26 वर्षीय आरोपी ओमकारेश्वर नगरा थाना क्षेत्र के ही खारी गांव का रहने वाला है। पुलिस कस्टडी में ली गई कड़ी पूछताछ के दौरान आरोपी ने अपना गुनाह कबूल कर लिया है, जिसके बाद उसकी निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त लोहे की रॉड, फरार होने में इस्तेमाल की गई मोटरसाइकिल और उसका मोबाइल फोन बरामद कर लिया गया है।
गड़वार मोड़ क्लीनिक में हुए विवाद और हमले का पूरा विवरण
पुलिस द्वारा साझा की गई जानकारी के मुताबिक, यह खौफनाक वारदात 11 अगस्त की देर रात गड़वार मोड़ के निकट स्थित कंचन भारती के क्लीनिक परिसर में घटित हुई थी। घटना वाले दिन आरोपी ओमकारेश्वर स्वयं अपनी मोटरसाइकिल से अपनी चाची कंचन भारती को उनके क्लीनिक छोड़कर गया था। हालांकि, कुछ समय बीत जाने के बाद जब वह दोबारा क्लीनिक पहुंचा, तो उसने कंचन भारती को परिसर के भीतर बने एक कमरे में किसी अन्य व्यक्ति के साथ बातचीत करते हुए देखा। इस दृश्य को देखकर आरोपी उग्र हो गया और देखते ही देखते दोनों के बीच तीखी बहस शुरू हो गई।
बातचीत के दौरान कहासुनी इतनी बढ़ गई कि गुस्से से आगबबूला होकर ओमकारेश्वर ने पास ही पड़े लोहे के एक पाइप को उठाकर कंचन भारती के सिर पर ताबड़तोड़ हमला बोल दिया। सिर के नाजुक हिस्से में लोहे की रॉड लगने के कारण कंचन गंभीर रूप से घायल होकर मौके पर ही गिर पड़ीं और अत्याधिक खून बह जाने तथा सिर में गंभीर चोट आने के कारण उनकी घटनास्थल पर ही मृत्यु हो गई। वारदात को अंजाम देने के तुरंत बाद आरोपी कानूनी कार्रवाई से बचने के लिए अपनी मोटरसाइकिल स्टार्ट कर मौके से रफूचक्कर हो गया।
पिकअप हादसे के बाद झाड़ियों में छिपने की कोशिश
क्लीनिक से फरार होने के बाद आरोपी ओमकारेश्वर तेजी से सुरक्षित ठिकाने की ओर भागने का प्रयास कर रहा था। इसी दौरान रास्ते में उसकी तेज रफ्तार मोटरसाइकिल सड़क पर जा रहे एक अज्ञात पिकअप वाहन से टकरा गई। इस भीषण सड़क दुर्घटना में ओमकारेश्वर खुद भी चोटिल हो गया। दुर्घटनाग्रस्त होने के बाद पुलिस की पकड़ से बचने के लिए उसने वाहन को वहीं छोड़ दिया और झाड़ी बाबा मठ के समीप बनी घनी झाड़ियों के बीच जाकर छिप गया।
घटना की सूचना मिलते ही नगरा पुलिस की कई टीमें गठित कर आरोपी की तलाश शुरू की गई थी। जांच प्रक्रिया के दौरान पुलिस को मुखबिर के माध्यम से सटीक सूचना प्राप्त हुई कि झाड़ी बाबा मठ के पास लावारिस अवस्था में एक मोटरसाइकिल खड़ी है और दुर्घटना में घायल आरोपी समीप की झाड़ियों में छिपा हुआ है। इस इनपुट के आधार पर त्वरित कार्रवाई करते हुए पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर इलाके को घेर लिया और झाड़ियों में छिपे आरोपी ओमकारेश्वर को सफलतापूर्वक गिरफ्तार कर लिया।
कानूनी कार्रवाई, साक्ष्य बरामदगी और अदालती पेशी
आरोपी ओमकारेश्वर को हिरासत में लेने के पश्चात जब पुलिस ने उससे गहन पूछताछ की, तो उसने हत्या की पूरी कड़ी का खुलासा किया। उसकी स्वीकारोक्ति और निशानदेही के आधार पर पुलिस ने झाड़ियों तथा आसपास के क्षेत्र से हत्या में इस्तेमाल की गई लोहे की रॉड बरामद की। इसके अतिरिक्त वारदात में प्रयुक्त मोटरसाइकिल और आरोपी का मोबाइल फोन भी साक्ष्य के तौर पर जब्त कर लिया गया है।
नगरा पुलिस ने जानकारी दी है कि इस मामले में मृतका के परिजनों की शिकायत पर नगरा थाने में मुकदमा अपराध संख्या 156/2026 दर्ज किया गया है। आरोपी के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103(1) के तहत हत्या का अभियोग पंजीकृत कर कठोर वैधानिक कार्रवाई अमल में लाई गई है। आवश्यक चिकित्सीय परीक्षण और कानूनी औपचारिकताएं पूर्ण करने के उपरांत आरोपी ओमकारेश्वर उर्फ बिट्टू को सक्षम न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत कर दिया गया है।



















