उत्तर प्रदेश के सुल्तानपुर जिले में कलेक्ट्रेट परिसर के सामने बुधवार की शाम एक दिल दहला देने वाला वाकया सामने आया। बीफार्मा तृतीय वर्ष में पढ़ने वाली 23 वर्षीय छात्रा को एक सिरफिरे युवक ने अपनी चार पहिया गाड़ी से कुचल दिया। यह खौफनाक वारदात तब हुई जब छात्रा ने पिछले कई हफ्तों से चल रही छेड़छाड़ और पीछा करने की हरकतों का विरोध करने का प्रयास किया। गंभीर रूप से जख्मी छात्रा को आनन-फानन में राजकीय मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है, जहां उसका सघन उपचार जारी है।
कलेक्ट्रेट के सामने चीख-पुकार और अफरा-तफरी
यह सनसनीखेज घटना बुधवार शाम तकरीबन 5:30 बजे कोतवाली थाना क्षेत्र अंतर्गत आने वाले कलेक्ट्रेट बस स्टॉप के पास घटी। 23 साल की छात्रा अपनी पढ़ाई पूरी करके रोज की तरह कॉलेज से घर लौट रही थी। मौके पर मौजूद चश्मदीदों के अनुसार, कलेक्ट्रेट के करीब पहुंचते ही छात्रा एक कार का पीछा करते हुए दिखाई दी। वह सड़क पर बेहद बदहवास होकर जोर-जोर से पकड़ो-पकड़ो की गुहार लगा रही थी ताकि आसपास के लोग कार चालक को रोक सकें।
इसी बीच छात्रा की स्कूटी में कार से टक्कर लग गई। टक्कर लगने के बाद छात्रा तुरंत अपनी स्कूटी से उतरी और हिम्मत दिखाते हुए सीधे कार के आगे पहुंच गई। वह भागने की कोशिश कर रहे चालक को रोकने के लिए बोनट पर चढ़ गई। इसके बाद कार चालक ने क्रूरता की सारी हदें पार कर दीं। आरोपी ने पहले गाड़ी को तेजी से बैक किया, जिससे संतुलन बिगड़ने के कारण छात्रा सीधे सड़क पर जा गिरी। जैसे ही वह जमीन पर गिरी, चालक ने गाड़ी की रफ्तार बढ़ाते हुए उस पर कार चढ़ा दी और उसे बेरहमी से कुचल दिया।
वारदात के बाद स्टेडियम की ओर भागा आरोपी
दिनदहाड़े व्यस्त सड़क पर हुए इस हादसे के बाद चारों तरफ चीख-पुकार और भगदड़ मच गई। लोगों को अपनी ओर आता देख आरोपी चालक कार समेत पंत स्टेडियम की दिशा में तेजी से भाग निकला। सड़क पर खून से लथपथ पड़ी छात्रा को देखकर राहगीर तुरंत मदद के लिए आगे आए और उसे उठाकर सड़क के किनारे सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया। इसके साथ ही प्रत्यक्षदर्शियों ने तुरंत उसके परिजनों को घटना की सूचना दी।
हादसे की खबर मिलते ही छात्रा का भाई बदहवास हालत में घटनास्थल पर पहुंचा। अपनी बहन को खून से लथपथ देखकर उसने स्थानीय लोगों की मदद ली और स्कूटी पर ही बैठाकर उसे फौरन राजकीय मेडिकल कॉलेज पहुंचाया। अस्पताल के चिकित्सकों ने प्राथमिक जांच के बाद बताया कि छात्रा के सिर, हाथ और पैरों में बेहद गंभीर चोटें आई हैं और उसकी हालत नाजुक बनी हुई है।
महीनों से छात्रा का पीछा कर रहा था मनचला
परिजनों ने इस मामले में बेहद गंभीर आरोप लगाए हैं। छात्रा के चचेरे भाई ने बताया कि कोतवाली नगर क्षेत्र के नारायणपुर का निवासी अजीत सिंह पिछले 2-3 महीने से लगातार छात्रा को मानसिक रूप से प्रताड़ित कर रहा था। परिजनों का कहना है कि कॉलेज आते-जाते वक्त आरोपी ने छात्रा को देखा था और तभी से वह लगातार उसका पीछा करते हुए अवांछित दबाव बना रहा था। छात्रा लगातार उसकी हरकतों को नजरअंदाज कर रही थी, लेकिन आरोपी की हिम्मत दिन-ब-दिन बढ़ती चली गई।
सीसीटीवी फुटेज खंगालने में जुटी पुलिस
घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस बल तुरंत मौके पर पहुंचा और स्थिति का मुआयना किया। पुलिस अब घटनास्थल और आसपास के रास्तों पर लगे सभी सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है ताकि गाड़ी के नंबर और भागने के रास्ते की सटीक जानकारी मिल सके। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की तहकीकात हर पहलू से की जा रही है कि छेड़छाड़ की शिकायत के बाद यह हिंसक टकराव कैसे हुआ। फरार आरोपी अजीत सिंह और उसकी गाड़ी को पकड़ने के लिए संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है।
























