पश्चिम बंगाल की राजनीति में उस वक्त तनाव पैदा हो गया जब तृणमूल कांग्रेस के सांसद और ममता बनर्जी के भतीजे अभिषेक बनर्जी के आवास के बाहर जमकर हंगामा हुआ। उन्होंने अपने कोलकाता स्थित घर पर हमले की बात कहते हुए भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि पिछले आधे साल के भीतर उन पर हमला होने की यह सातवीं घटना है। इस पूरे मामले को लेकर उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर कई वीडियो भी सार्वजनिक किए और स्थानीय प्रशासन की भूमिका पर बड़े सवाल खड़े किए हैं।
जन्मदिन की रात हुई झड़प और नारेबाजी
घटना की शुरुआत सांसद के जन्मदिन की रात को हुई जब दक्षिण कोलकाता के 121, कालीघाट स्थित उनके निवास के बाहर तृणमूल और बीजेपी के समर्थक आमने-सामने आ गए। रात लगभग ढाई बजे कुछ लोगों ने वहां पहुंचकर नारेबाजी शुरू कर दी और उनके बैनर तथा कटआउट को नुकसान पहुंचाया। जब पार्टी कार्यकर्ताओं ने इसका विरोध किया तो दोनों तरफ से धक्का-मुक्की शुरू हो गई, जिसमें कई लोग जख्मी भी हो गए।
रातभर धरने पर बैठे रहे सांसद
मामला बढ़ने पर अभिषेक बनर्जी खुद अपने घर से नीचे बाहर आ गए। इसके बाद वहां मौजूद लोगों ने और तेज नारे लगाए। पुलिस की मौजूदगी के बावजूद दोनों पक्षों के बीच तीखी नारेबाजी का दौर जारी रहा। हालात यह बन गए कि रात के दो बजकर पैंतालीस मिनट से लेकर सुबह के छह बजे तक सांसद खुद घर के बाहर ही बैठे रहे।



















