पश्चिम बंगाल के गंगारामपुर कस्बे में स्थित नारायणपुर इलाके से दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है, जहां 4 नवंबर को एक व्यक्ति ने अपनी पत्नी का बेरहमी से कत्ल कर दिया। हत्या की इस खौफनाक वारदात के बाद आरोपी अपनी पत्नी का कटा हुआ सिर हाथ में थामे घर के पास बने एक मंदिर में जाकर बैठ गया। इस मंजर को जिस किसी ने भी देखा, उसकी रूह कांप उठी और पूरे इलाके में हड़कंप मच गया।
मंदिर के भीतर कटा सिर और हाथ में चाकू देख सहमे लोग
स्थानीय प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, इलाके का यह मंदिर आम तौर पर खुला रहता है। सुबह के वक्त मंदिर के अंदर से असामान्य आवाजें और चीखें सुनकर आसपास के लोग चौंक गए। जब पड़ोसी मौके पर पहुंचे, तो उन्होंने आरोपी रिंटू घोष को मंदिर के फर्श पर अपनी पत्नी सीमा सरकार का कटा हुआ सिर लिए बैठे देखा। इसके कुछ ही देर बाद वह एक हाथ में खून से सना चाकू और दूसरे हाथ में कटा सिर लेकर मंदिर से बाहर निकल आया। इस भयानक दृश्य को देखकर रास्ते में मौजूद लोग दहशत के मारे पीछे हट गए और भगदड़ जैसी स्थिति बन गई।
पुलिस ने आरोपी को दबोचा, शव के हिस्से बरामद
घटना की जानकारी मिलते ही गंगारामपुर थाने की पुलिस टीम फौरन घटनास्थल पर पहुंची। पुलिस ने बिना देर किए रिंटू घोष को अपनी हिरासत में ले लिया और बाद में उसे औपचारिक तौर पर गिरफ्तार कर लिया गया। मौके से मृतका सीमा सरकार का कटा हुआ सिर और धड़ दोनों बरामद कर लिए गए हैं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आरोपी से गहन पूछताछ की जा रही है ताकि हत्या के पीछे की असल वजह और पूरी घटनाक्रम की कड़ियों को जोड़ा जा सके।
नौकरी छूटने और पारिवारिक विवाद का पहलू
स्थानीय निवासियों से मिली जानकारी के मुताबिक रिंटू घोष पहले सरकारी बस सेवा में एक बस कंडक्टर के तौर पर कार्यरत था। हालांकि, कुछ दिन पहले ही उसने यह नौकरी छोड़ दी थी या फिर काम पर जाना अचानक बंद कर दिया था। इसके बाद से वह ज्यादातर वक्त अपने घर पर ही बिता रहा था। मोहल्ले के कुछ बाशिंदों को संदेह है कि पति और पत्नी के बीच लंबे समय से चल रहा कोई घरेलू विवाद इस भयानक वारदात का कारण हो सकता है, लेकिन पुलिस ने अभी तक किसी भी ठोस मकसद की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है।
रिश्तेदारों का बयान और तांत्रिक क्रियाओं का अंदेशा
आरोपी के रिश्तेदार राजेश प्रमाणिक ने घटना पर गहरा सदमा व्यक्त करते हुए बताया कि दंपति के दो बेटे हैं। राजेश के अनुसार, सुबह जब वे सोकर उठे तो उन्हें खबर मिली कि रिंटू मंदिर में बैठा हुआ है। बाद में यह खौफनाक सच्चाई सामने आई कि उसने अपनी ही पत्नी की जान ले ली है और उसका कटा हुआ सिर लेकर मंदिर में बैठा था। रिश्तेदार ने यह भी साझा किया कि बस कंडक्टर की नौकरी छोड़ने के बाद रिंटू ने कुछ छोटे-मोटे काम शुरू करने की कोशिश की थी, लेकिन वह नियमित रूप से कोई काम कर भी रहा था या नहीं, यह किसी को स्पष्ट नहीं था। इसके साथ ही उन्होंने बताया कि रिंटू के व्यवहार में काफी बदलाव आ गया था, वह कभी-कभी शाकाहारी भोजन करने लगा था और अक्सर तांत्रिकों जैसा बर्ताव करता दिखता था। गंगारामपुर थाना पुलिस फिलहाल सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखकर मामले की बारीकी से जांच कर रही है।



















