पश्चिम बंगाल के दुर्गापुर से एक ऐसा साइबर ठगी का मामला सामने आया है जिसने पुलिस से लेकर बैंकिंग जांचकर्ताओं तक सबको हैरान कर दिया है। यहां एक कारोबारी के बैंक खाते से महज कुछ घंटों के भीतर 6 लाख रुपये निकल गए, जबकि उसने न तो किसी को OTP बताया, न किसी संदिग्ध लिंक पर क्लिक किया और न ही किसी अनजान कॉल का जवाब दिया। रकम कटने का मैसेज आते ही पूरा परिवार सन्न रह गया और इस मामले ने दुर्गापुर के पूरे औद्योगिक क्षेत्र में हड़कंप मचा दिया है।
सोमवार को मोबाइल पर आईं कई फोन कॉल
मिली जानकारी के अनुसार, दुर्गापुर के विधाननगर इलाके में रहने वाले कारोबारी प्रबुद्ध गुहा को सोमवार को उनके मोबाइल पर लगातार कई फोन कॉल आईं। प्रबुद्ध गुहा ने इनमें से किसी भी कॉल का जवाब नहीं दिया और न ही किसी को अपना OTP साझा किया। बार-बार आ रही इन कॉल्स को देखकर उन्हें कुछ गड़बड़ होने का शक हुआ। सतर्कता बरतते हुए उन्होंने तुरंत अपने बैंक के अधिकारियों को इसकी सूचना दे दी, ताकि खाते को किसी भी संभावित खतरे से सुरक्षित रखा जा सके।
बैंक को बताने के बाद भी नहीं बची रकम
प्रबुद्ध गुहा को उम्मीद थी कि बैंक अधिकारियों को समय रहते सूचना देने से उनका खाता सुरक्षित रहेगा। लेकिन आरोप है कि बैंक को जानकारी देने के महज कुछ घंटे बाद ही उनके मोबाइल पर एक मैसेज आया। इस मैसेज में साफ लिखा था कि उनके बैंक खाते से 6 लाख रुपये डेबिट हो चुके हैं। यह मैसेज पढ़ते ही प्रबुद्ध गुहा के होश उड़ गए, क्योंकि उन्होंने अपनी तरफ से कोई भी ऐसी जानकारी साझा नहीं की थी जिससे यह रकम निकल सके।
इलाज और बेटे के दाखिले के लिए जमा की थी रकम
इस घटना ने पूरे परिवार को झकझोर कर रख दिया। परिवार का कहना है कि यह 6 लाख रुपये उनकी आखिरी बची हुई जमा पूंजी थी, जिसे उन्होंने इलाज के खर्च और अपने बेटे के दाखिले के लिए बड़ी मुश्किल से जोड़ा था। खाते से अचानक पूरी रकम गायब हो जाने के बाद परिवार आर्थिक रूप से बेहद चिंतित हो गया है। घटना के तुरंत बाद प्रशासन के अलग-अलग विभागों में इस मामले को लेकर लिखित शिकायत दर्ज कराई गई है। संबंधित अधिकारियों ने मामले की जांच शुरू कर दी है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि आखिर बिना OTP और बिना कॉल उठाए भी रकम कैसे निकाली गई।
ठगों के बदलते तरीके
पिछले कुछ समय से ठग लोगों के बैंक खातों से रकम निकालने के लिए लगातार नए-नए तरीके अपना रहे हैं। इनमें साइबर ठगी का तरीका इन दिनों सबसे ज्यादा चर्चा में है। आमतौर पर साइबर ठग लोगों के फोन पर OTP भेजकर या कोई संदिग्ध लिंक भेजकर उसके जरिए फोन का एक्सेस हासिल कर लेते हैं और फिर उसी एक्सेस का इस्तेमाल कर खाते से रकम उड़ा देते हैं। दुर्गापुर के इस मामले में कारोबारी का दावा है कि उसने ऐसी कोई गलती नहीं की, इसके बावजूद उसका खाता खाली हो गया, जिससे यह मामला और भी संदिग्ध बन जाता है। स्थानीय लोगों में भी इस घटना को लेकर डर का माहौल है, क्योंकि अगर सतर्क रहने के बावजूद खाता खाली हो सकता है, तो आम नागरिकों की चिंता और बढ़ जाती है।



















