यूट्यूब ने अपने वीडियो प्लेटफॉर्म पर दर्शकों के आपसी संवाद और वीडियो बनाने वालों की कमाई बढ़ाने के इरादे से कई नए फीचर्स पेश किए हैं। बुधवार को आयोजित मेड ऑन यूट्यूब कार्यक्रम में कंपनी ने इन नए बदलावों की घोषणा की। अब दर्शक कमेंट सेक्शन में जीआईएफ के जरिए अपनी प्रतिक्रिया दे सकेंगे और स्मार्ट टीवी पर रिमोट से टाइप करने के बजाय अपनी आवाज रिकॉर्ड करके बोलकर कमेंट दर्ज करा सकेंगे। इसके अलावा यूट्यूब क्रिएटर्स को अपने समर्पित प्रशंसकों के लिए वीआईपी जैसा विशेष दायरा तैयार करने, कमेंट मॉडरेशन को अपनी जरूरत के अनुसार ढालने और दर्शकों के जरिए सीधी कमाई करने के नए साधन भी सौंपे जा रहे हैं।
टीवी पर बोलकर कमेंट और जीआईएफ सपोर्ट से बदलेगा बातचीत का तरीका
यूट्यूब पर दर्शकों और क्रिएटर्स के बीच बातचीत का सबसे बड़ा माध्यम कमेंट सेक्शन ही रहा है, लेकिन अन्य सोशल प्लेटफॉर्म्स के मुकाबले इसमें नए इंटरैक्टिव विकल्पों की कमी महसूस की जाती रही थी। उदाहरण के तौर पर टिकटॉक ने हाल ही में वॉयस कमेंट्स, पोल्स, फोटो कैरोसेल और लाइव फोटोज जैसे टूल्स पेश किए थे, जबकि स्पॉटिफाई भी वीडियो पॉडकास्टर्स को पोल्स और सवाल-जवाब के जरिए दर्शकों से जुड़ने की छूट देता है।
यूट्यूब अब इस अंतर को पाटने के लिए कमेंट्स में जीआईएफ जोड़ने की सुविधा ला रहा है। इसके साथ ही बड़ी स्क्रीन यानी टीवी पर यूट्यूब देखने वाले उपयोगकर्ता अब सीधे आवाज के जरिए अपनी बात कह सकेंगे। रिमोट कंट्रोल के सीमित बटनों से अक्षरों को बारी-बारी चुनकर टाइप करने की कठिन प्रक्रिया को खत्म करते हुए कंपनी ने वॉयस इनपुट की व्यवस्था की है, जिससे टीवी देखते हुए तुरंत प्रतिक्रिया दर्ज करना काफी सहज हो जाएगा।
लाइव स्ट्रीम्स के लिए पर्सनलाइज्ड कमेंट मॉडरेशन की तैयारी
क्रिएटर्स की सुविधा के लिए यूट्यूब एक नए पर्सनलाइज्ड कमेंट मॉडरेशन टूल का परीक्षण कर रहा है। हालांकि यूट्यूब में पहले से ही बुनियादी कमेंट फिल्टर मौजूद हैं, लेकिन हर क्रिएटर अपनी प्राथमिकताओं और चैनल की प्रकृति के हिसाब से इसे और सटीक बनाना चाहता है। विशेष रूप से लाइव वीडियो और लाइव स्ट्रीम्स के दौरान तेजी से आने वाली टिप्पणियों को संभालना काफी चुनौतीपूर्ण साबित होता है। कंपनी ने फिलहाल इस पर्सनलाइज्ड व्यवस्था को एक प्रयोग के रूप में पेश किया है और इसके काम करने की तकनीकी प्रणाली का विस्तृत ब्योरा अभी साझा नहीं किया है।
पेड मेंबर्स-ओनली कम्युनिटीज से बढ़ेगा प्रशंसकों का जुड़ाव
डिजिटल वीडियो निर्माण के क्षेत्र में विज्ञापन से होने वाली आमदनी के अलावा कमाई के अन्य रास्तों का विस्तार जरूरी हो गया है। इसी को देखते हुए यूट्यूब अपने चैनल मेंबरशिप के ढांचे में बड़ा बदलाव कर रहा है। इसके तहत खास पेड, मेंबर्स-ओनली कम्युनिटीज जोड़ी जा रही हैं, जहां पैसे चुकाकर सदस्य बनने वाले शीर्ष प्रशंसक आपस में चर्चा शुरू कर सकेंगे और पोस्ट शेयर कर पाएंगे। दर्शकों को अपनी पसंद के क्रिएटर्स की सदस्यता खोजने में मदद करने के लिए यूट्यूब एक नया 'चैनल मेंबरशिप्स' पेज भी शुरू करेगा, जहां इन विशेष कम्युनिटीज को प्रमुखता से दिखाया जाएगा।
'हाइप विद ज्वेल्स' से छोटे क्रिएटर्स की पहुंच बढ़ाएंगे प्रशंसक
कम सब्सक्राइबर वाले छोटे वीडियो निर्माताओं की मदद के लिए यूट्यूब के पास पहले से 'हाइप' फीचर उपलब्ध है। इस फीचर के जरिए प्रशंसक छोटे क्रिएटर्स के वीडियो को दूसरों तक पहुंचाने की सिफारिश करते हैं और फैन लीडरबोर्ड पर अपनी रैंक सुधारते हैं। अब इसमें 'हाइप विद ज्वेल्स' नामक एक नया स्तर जोड़ा जा रहा है। पहले प्रशंसक प्रति सप्ताह केवल तीन बार ही मुफ्त में किसी वीडियो को हाइप कर सकते थे। अब वे ज्वेल्स नामक वर्चुअल करेंसी खरीद सकेंगे, जिससे वे वीडियो को तय सीमा से अधिक बार हाइप कर पाएंगे। इससे क्रिएटर्स की दर्शक संख्या और पहुंच में इजाफा होगा। पहचान और प्रतिष्ठा चाहने वाले प्रशंसकों के लिए एक खास व्यवस्था यह भी की गई है कि उनका हैंडल उस वीडियो के विवरण में स्थायी रूप से जोड़ दिया जाएगा। कंपनी के आंकड़ों के अनुसार, दर्शकों ने अब तक 7.5 करोड़ से अधिक अनूठे वीडियो को 1 अरब से ज्यादा बार हाइप किया है।
ग्रुप चैट, डायरेक्ट मैसेजिंग और नए तकनीकी टूल्स
परिवार और दोस्तों के साथ वीडियो साझा करने वाले यूट्यूब के डायरेक्ट मैसेजिंग फीचर में अगले कुछ महीनों के भीतर ग्रुप चैट का सपोर्ट भी शामिल किया जाएगा। इस बातचीत के दौरान उपयोगकर्ता तुरंत छोटे और अनएडिटेड वीडियो रिकॉर्ड करके अपने संपर्कों के साथ साझा कर सकेंगे। इन कम्युनिटी फीचर्स के साथ ही यूट्यूब ने वीडियो ए/बी टेस्टिंग, लाइव डबिंग और एआई-असिस्टेड वीडियो एडिटिंग जैसे नए क्रिएटर टूल्स भी पेश किए हैं।


















