गुवाहाटी में आयोजित एक महत्वपूर्ण उच्च-स्तरीय बैठक के बाद असम सरकार ने राज्य के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए एक बड़े वित्तीय पैकेज पर मुहर लगा दी है। मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने लोक सेवा भवन में हुई मंत्रिपरिषद की इस अहम बैठक के बाद मीडिया को फैसले की जानकारी दी, जिसके तहत आगामी वर्ष 2027-28 से ज़मीनी स्तर पर काम शुरू किया जाएगा। इस बड़े वित्तीय प्रस्ताव का मुख्य उद्देश्य राज्यभर में भौतिक और सामाजिक दोनों तरह की बुनियादी व्यवस्थाओं में सुधार लाना है, ताकि आम जनता को बेहतर जनसुविधाएं मिल सकें।
राजस्व संसाधन और बुनियादी विकास के क्षेत्र
इस भारी-भरकम राशि की व्यवस्था मुख्य रूप से असम के अपने आंतरिक संसाधनों के जरिए की जाएगी, जिसमें राष्ट्रीय कृषि और ग्रामीण विकास बैंक यानी नाबार्ड और केंद्र सरकार की विभिन्न चल रही योजनाओं से भी अतिरिक्त आर्थिक सहायता मिलने की पूरी उम्मीद है। प्रस्तावित योजना के अंतर्गत विभिन्न प्रकार की पूंजी-प्रधान परियोजनाओं को पूरा किया जाएगा। इन प्रमुख क्षेत्रों में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, स्कूल भवन, आंगनवाड़ी केंद्र, चाय बागान मजदूरों के लिए आधुनिक आवास, सड़क नेटवर्क और मजबूत बिजली व्यवस्था शामिल हैं। इसके अलावा महिलाओं के लिए विशेष बाजारों और छात्रावासों का निर्माण, विभिन्न स्थानों पर नए औद्योगिक परिसरों का विकास तथा राज्य के तमाम हिस्सों में बाढ़ से सुरक्षा के लिए तटबंधों का निर्माण भी इस योजना का हिस्सा है।
अत्याधुनिक स्वास्थ्य और स्वच्छ ऊर्जा परियोजनाएं
स्वास्थ्य क्षेत्र को बढ़ावा देने के लिए कैबिनेट ने गुवाहाटी मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में प्रोटॉन बीम थेरेपी सुविधा स्थापित करने हेतु छह सौ करोड़ रुपये मंजूर किए हैं। इस अत्याधुनिक चिकित्सा इकाई का मकसद कैंसर के उन्नत इलाज तक लोगों की पहुंच को आसान बनाना है, जिसे देश की सार्वजनिक स्वास्थ्य प्रणाली में अपनी तरह का पहला केंद्र बताया गया है। इसके अलावा गोलपाड़ा जिले में पच्चीस मेगावाट की बैटरी ऊर्जा भंडारण क्षमता वाला तीस मेगावाट का एक सौर ऊर्जा संयंत्र लगाने का फैसला भी लिया गया है, जिसके लिए लगभग पांच सौ बीघा जमीन आवंटित की जा चुकी है। वहीं असम औद्योगिक विकास निगम को सौंपने के वास्ते विभिन्न जगहों पर एक हजार एक सौ चौहत्तर बीघा जमीन औद्योगिक कारखानों के लिए तय की गई है।
यातायात सुधार और शैक्षणिक संस्थानों का विकास
लंका इलाके में भारी ट्रैफिक जाम की समस्या से राहत दिलाने के लिए खेरोनी चारियाली और राष्ट्रीय राजमार्ग सत्ताईस के बीच रेलवे स्टेशन के पास एक नए रोड ओवरब्रिज के निर्माण के वास्ते एक सौ पचपन करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं। साथ ही गुवाहाटी विश्वविद्यालय के पहले चरण के बुनियादी ढांचे के विकास के लिए एक सौ नौ करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है, जिसमें शैक्षणिक ब्लॉक, हॉस्टल, स्टाफ क्वार्टर और बिरिंची कुमार बरुआ सभागार का आधुनिकीकरण शामिल है। इसके अलावा चाय बागानों या चाय भूमि के बाजार मूल्य के निर्धारण के लिए एकमुश्त समय सीमा का विस्तार करने का निर्णय लिया गया है जिससे स्टाम्प ड्यूटी और पंजीकरण शुल्क की गणना की जा सके।
आगामी सरकारी कार्यक्रम और योजना वितरण
प्रशासनिक बैठकों की श्रृंखला के तहत मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि दो सितंबर से डेरगांव में एसएसपी सम्मेलन आयोजित किया जाएगा, जबकि बारह सितंबर को जोरहाट में जिला आयुक्तों की बैठक तय की गई है। इसके अतिरिक्त जीवन प्रेरणा योजना और सीएम फ्लाइट योजना के लाभार्थियों को एक सितंबर से धन राशि मिलने की शुरुआत हो जाएगी।





















