बिहार के अत्यधिक व्यस्त माने जाने वाले भागलपुर रेलवे जंक्शन पर रविवार को दिनदहाड़े आपराधिक दुस्साहस का एक खौफनाक मामला सामने आया। प्लेटफॉर्म संख्या छह के प्रवेश द्वार के समीप सुबह लगभग नौ बजे भारी भीड़ के बीच हथियारबंद हमलावरों ने एक नौजवान को घेर लिया। हमलावरों ने पहले उस नौजवान की बुरी तरह पिटाई की, फिर धारदार चाकू से ताबड़तोड़ वार कर उसे लहूलुहान कर दिया। हमला इतने पर ही नहीं रुका, गिरोह के एक बदमाश ने पिस्तौल निकालकर सीधे फायरिंग कर दी। गोली पीड़ित युवक के हाथ को छूते हुए सनसनाती हुई निकल गई। भीड़भाड़ वाले इलाके में अचानक गोलियों की तड़तड़ाहट और चाकूबाजी से स्टेशन परिसर में भगदड़ मच गई और यात्री जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे। वारदात को अंजाम देकर सभी बदमाश मौके से आसानी से चंपत हो गए।
झपटमारी का विरोध करने पर रची गई थी बदले की साजिश
इस पूरे खूनी संघर्ष की जड़ में मोबाइल चोरी का एक पुराना विवाद बताया जा रहा है। प्रत्यक्षदर्शियों और सामने आए विवरण के अनुसार, स्टेशन परिसर में एक यात्री का मोबाइल फोन छीना जा रहा था। पीड़ित युवक ने बीच-बचाव करते हुए उस यात्री की सहायता की और झपटमारों का कड़ा विरोध किया। बदमाशों को यह दखलंदाजी नागवार गुजरी और वे सबक सिखाने की धमकी देकर वहां से चले गए। इस तकरार के करीब एक घंटे बाद अपराधी अपने अन्य साथियों को जुटाकर हथियारों से लैस होकर लौटे। उन्होंने युवक को अकेले पाकर चारों तरफ से घेर लिया और जानलेवा हमला बोल दिया। पुलिस इस थ्योरी के साथ-साथ रंजिश के अन्य संभावित पहलुओं की भी बारीकी से पड़ताल कर रही है।
चाकू से ताबड़तोड़ वार और फिर पिस्तौल से दागी गई गोली
स्टेशन पर मौजूद चश्मदीदों का कहना है कि हमलावर गिरोह में तकरीबन पांच से आठ लड़के शामिल थे। इन सभी ने सुनियोजित तरीके से युवक को घेरा और उस पर लात-घूंसों की बरसात कर दी। जब युवक खुद को बचाने की कोशिश करने लगा, तो बदमाशों ने चाकू निकालकर उस पर कई वार किए। इसी छीनाझपटी के बीच एक हमलावर ने अपनी कमर से पिस्तौल निकाली और जान लेने की नीयत से ट्रिगर दबा दिया। गनीमत रही कि गोली युवक के हाथ को छूकर निकल गई और उसकी जान बाल-बाल बच गई। गोली चलने की तेज आवाज से पूरे प्लेटफॉर्म और निकास द्वार के पास दहशत की लहर दौड़ गई। लोग अपनी जान बचाने के लिए सुरक्षित ठिकानों की ओर दौड़ पड़े। खून से लथपथ घायल युवक को स्थानीय लोगों की मदद से आनन-फानन में अस्पताल पहुंचाया गया, जहां चिकित्सकों की देखरेख में उसका उपचार चल रहा है।
रेलवे पुलिस ने दर्ज किया मामला, गिरफ्तारी के लिए छापेमारी तेज
इस सनसनीखेज वारदात की सूचना मिलते ही रेल पुलिस हरकत में आ गई। जीआरपी थानाध्यक्ष सह इंस्पेक्टर नसीम अहमद ने बताया, "प्लेटफॉर्म संख्या-6 के गेट के बाहर अपराधियों ने युवक पर चाकू से हमला कर उसे घायल कर दिया।" उन्होंने स्पष्ट किया कि जख्मी व्यक्ति को तुरंत मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती करा दिया गया है और पूरे मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। रेल पुलिस अपराधियों के खिलाफ कानूनी धाराओं में प्राथमिकी दर्ज करने की कार्रवाई में जुटी है। हमलावरों की शिनाख्त सुनिश्चित करने के लिए स्टेशन परिसर और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले जा रहे हैं। फरार अपराधियों को सलाखों के पीछे पहुंचाने के लिए पुलिस की अलग-अलग टीमें उनके संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दे रही हैं।
संवेदनशील रेलवे परिसर की सुरक्षा चाक-चौबंद होने के दावों पर सवाल
सैकड़ों मुसाफिरों की निरंतर आवाजाही वाले भागलपुर रेलवे जंक्शन पर सुबह के वक्त इस तरह का खूनी खेल होना सुरक्षा तंत्र की पोल खोलता है। सवाल उठ रहे हैं कि परिष्कृत हथियारों से लैस सात-आठ बदमाश इतने व्यस्त सार्वजनिक स्थल तक बेखौफ कैसे पहुंच गए। उन्होंने न सिर्फ एक युवक को दौड़ा-दौड़ा कर पीटा और चाकूबाजी की, बल्कि खुलेआम असलहा लहराते हुए फायरिंग की और सुरक्षित भाग निकलने में भी कामयाब रहे। इस दुस्साहसिक घटना के बाद नियमित रेल यात्रियों में अपनी सुरक्षा को लेकर गहरा डर बैठ गया है। अब पुलिस प्रशासन के सामने सबसे बड़ी चुनौती यह है कि हमलावरों को जल्द से जल्द दबोचा जाए, वारदात में प्रयुक्त हथियार जब्त किए जाएं और स्टेशन के सुरक्षा घेरे को अभेद्य बनाया जाए।


















