पारंपरिक पारिवारिक व्यवसाय को आधुनिक सोच के साथ आगे बढ़ाकर स्वरोजगार का एक बेहतरीन उदाहरण सामने आया है। बीकॉम तक शिक्षा हासिल करने वाले पोखन लाल साहू ने किसी दफ्तर में नौकरी तलाशने के बजाय अपने पिता के चाट कारोबार की बागडोर संभाली। उन्होंने पुराने ढर्रे पर चलने के बजाय इसमें एक अनूठा बदलाव किया और एक पुराने ऑटो को चलता-फिरता चाट स्टॉल बना दिया। इस रचनात्मक बदलाव के चलते वह हर दिन 3000 रुपये से अधिक की कमाई कर रहे हैं।
पिता की विरासत को मॉडर्न अंदाज में संवारा
इस चाट सेंटर की नींव पोखन के पिता ने रखी थी। लगभग 11 साल पहले पोखन ने इस दुकान की पूरी जिम्मेदारी अपने हाथों में ले ली थी। उच्च शिक्षा पूरी करने के बाद उन्होंने नौकरी की दौड़ में शामिल होने के स्थान पर पुश्तैनी काम को ही नई पहचान देने का फैसला किया। उनका मानना था कि यदि सही रणनीति और मेहनत लगाई जाए, तो परिवार के स्थापित व्यवसाय को एक बड़े मुकाम पर पहुंचाया जा सकता है।
1 लाख रुपये में तैयार हुआ चलता-फिरता ठेला
कारोबार को अधिक ग्राहकों तक पहुंचाने और बाजार की सीमाओं से बाहर निकलने के लिए पोखन ने एक पुराना ऑटो खरीदा। ऑटो की खरीद और उसे पूरी तरह से चाट सेंटर में मॉडिफाई कराने में कुल मिलाकर लगभग एक लाख रुपये की लागत आई। इस मोबाइल स्टॉल का सबसे बड़ा लाभ यह हुआ कि वह मांग के अनुसार अलग-अलग इलाकों और बाजारों में बिना किसी झंझट के अपना सेटअप ले जा सकते हैं।
स्वाद का खास तरीका और समय सारिणी
पोखन के चाट की खासियत उसकी खास रेसिपी है। वह बताते हैं कि फ्राई चाट तैयार करने से पहले सभी सामग्रियों को अच्छी तरह से तला जाता है और फिर उसे मसालेदार चाट के रूप में ग्राहकों को परोसा जाता है। यही विधि इसे सामान्य चाट से अलग और स्वादिष्ट बनाती है। इसके अलावा वह गुपचुप की भी बिक्री करते हैं। दोपहर 12 बजे से शाम 7 बजे तक वह अपनी दुकान संचालित करते हैं।
कई बाजारों में मौजूदगी और युवा पीढ़ी के लिए संदेश
एक तय स्थान पर निर्भर रहने के बजाय पोखन आसपास के चार से पांच प्रमुख साप्ताहिक और स्थानीय बाजारों में जाकर ग्राहकों को अपनी सेवाएं देते हैं। कम दाम और लाजवाब स्वाद के कारण लोग उनकी चाट को हाथों-हाथ लेते हैं। पोखन की यह यात्रा दर्शाती है कि सीमित संसाधनों और कम निवेश में भी यदि नवाचार जोड़ा जाए, तो जमीनी स्तर पर भी एक सफल और आत्मनिर्भर बिजनेस मॉडल खड़ा किया जा सकता है।





















