डार्विन के ऐतिहासिक मैदान पर ऑस्ट्रेलिया और बांग्लादेश के बीच शुरू हुए पहले टेस्ट मैच का पहला दिन अप्रत्याशित मोड़ों और जबरदस्त रोमांच से भरा रहा। मेजबान ऑस्ट्रेलियाई टीम अपनी पहली पारी में महज 198 रनों पर सिमट गई। बांग्लादेशी तेज गेंदबाजों के शानदार प्रदर्शन ने कंगारू बल्लेबाजी लाइनअप को पूरी तरह झकझोर दिया। हालांकि, पहले दिन खेल का सबसे चर्चित पहलू सिर्फ ऑस्ट्रेलिया का निराशाजनक बल्लेबाजी प्रदर्शन नहीं था, बल्कि दिग्गज बल्लेबाज स्टीव स्मिथ से जुड़ी एक विवादास्पद घटना और तकनीक की संदिग्ध चूक रही। जब ऑस्ट्रेलियाई पारी संघर्ष कर रही थी, तब स्मिथ ने एक छोर संभाले रखकर 71 रनों की सर्वाधिक पारी खेली, लेकिन उनकी इस पारी की शुरुआत में हुए एक वाकये ने खेल जगत में नई बहस छेड़ दी है।
डार्विन टेस्ट में बांग्लादेशी गेंदबाजों का दबदबा
मैच के पहले ही दिन बांग्लादेश के तेज गेंदबाजों ने परिस्थितियों का भरपूर लाभ उठाया और सटीक लाइन-लेंथ से ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाजों पर दबाव बनाए रखा। डार्विन की पिच पर गेंदबाजों को मिल रही अतिरिक्त उछाल और स्विंग का बांग्लादेशी पेस अटैक ने बेहतरीन इस्तेमाल किया। ऑस्ट्रेलियाई टीम केवल 53 ओवरों में 198 रन बनाकर ऑलआउट हो गई। शीर्ष क्रम से लेकर निचले क्रम तक कोई भी बल्लेबाज क्रीज पर टिककर बड़ी पारी नहीं खेल सका। बांग्लादेश की ओर से युवा तेज गेंदबाज हसन महमूद ने ऑस्ट्रेलियाई परिस्थितियों में सबसे प्रभावी गेंदबाजी की। उनके अलावा अनुभवी तेज गेंदबाज टास्किया अहमद और इबादत हुसैन ने भी ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाजों को खुलकर खेलने का कोई मौका नहीं दिया। पूरे दिन बांग्लादेशी गेंदबाजों का अनुशासन और आक्रामकता देखने लायक थी।
21वें ओवर की वह घटना जिसने मचाया बवाल
मैच का सबसे बड़ा ड्रामा 21वें ओवर में देखने को मिला, जब स्टीव स्मिथ केवल 7 रन बनाकर बल्लेबाजी कर रहे थे। बांग्लादेश के तेज गेंदबाज इबादत हुसैन ने पांचवें स्टंप की लाइन पर बाहर निकलती हुई एक बेहतरीन गेंद फेंकी। स्मिथ ने शुरुआत में शॉट खेलने की कोशिश की, लेकिन अंतिम क्षण में अपने बल्ले को पीछे खींचते हुए गेंद को छोड़ने का फैसला किया। गेंद काफी करीब से गुजरती हुई सीधे विकेटकीपर लिटन दास के दस्तानों में चली गई। बांग्लादेशी खिलाड़ियों ने बेहद आक्रामक अंदाज में कैच की अपील की। हालांकि, मैदानी अंपायर कुमार धर्मसेना ने इस अपील को खारिज कर दिया।
बांग्लादेश के कप्तान ने बिना किसी देरी के निर्णय समीक्षा प्रणाली यानी DRS का विकल्प चुना। मामला जब थर्ड अंपायर के पास गया और टेलीविजन रीप्ले देखा गया, तो रियल टाइम स्निकोमीटर में गेंद के बल्ले के पास से गुजरने के दौरान कोई स्पाइक या हलचल दिखाई नहीं दी। स्निकोमीटर के इस साक्ष्य के आधार पर थर्ड अंपायर ने स्मिथ को नॉट आउट करार दिया। इस फैसले से हर कोई हैरान था क्योंकि खुद स्टीव स्मिथ को भी लग रहा था कि गेंद उनके बल्ले से छुई है। अंपायर के फैसले से पहले ही स्मिथ निराशा में पवेलियन की तरफ चलना शुरू कर चुके थे, लेकिन थर्ड अंपायर का फैसला आते ही उन्हें वापस क्रीज पर लौटना पड़ा।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में स्टीव स्मिथ का सनसनीखेज कबूलनामा
दिन का खेल खत्म होने के बाद आयोजित आधिकारिक संवाददाताओं की बैठक में जब स्टीव स्मिथ से इस घटना के बारे में पूछा गया, तो उन्होंने इस बात को स्वीकार करने में कोई संकोच नहीं किया कि भाग्य ने उनका साथ दिया। जब संवाददाताओं ने उनसे सीधे सवाल किया कि क्या गेंद वास्तव में उनके बल्ले से लगी थी, तो स्मिथ ने मुस्कुराते हुए कहा कि उन्हें बल्ले पर संपर्क महसूस हुआ था।
स्टीव स्मिथ ने अपनी बात आगे बढ़ाते हुए कहा, "मुझे निश्चित तौर पर बल्ले पर कुछ महसूस हुआ था।" उन्होंने माना कि कभी-कभी क्रिकेट के खेल में इस प्रकार की किस्मत का लाभ मिल जाता है। जब उनसे तकनीक की विश्वसनीयता पर सवाल किया गया, तो उन्होंने कहा कि आमतौर पर आधुनिक तकनीक काफी सटीक परिणाम देती है। हालांकि, आज के मामले में तकनीक के कारण वे आउट होने से बच गए। स्मिथ ने यह भी स्पष्ट किया कि यदि मैदानी अंपायर कुमार धर्मसेना उन्हें आउट करार दे देते, तो वे बिना किसी विरोध के सीधे पवेलियन लौट जाते। स्मिथ के इस खुले कबूलनामे के बाद सोशल मीडिया पर क्रिकेट प्रेमियों के बीच तीखी बहस छिड़ गई है। बांग्लादेशी प्रशंसकों का मानना है कि स्निकोमीटर की इस बड़ी तकनीकी गड़बड़ी के कारण उनकी टीम को एक महत्वपूर्ण विकेट से वंचित होना पड़ा।
स्टीव स्मिथ की 71 रनों की पारी और हसन महमूद का पंजा
विवाद के बीच स्टीव स्मिथ ने अपनी पारी को आगे बढ़ाया और ऑस्ट्रेलियाई टीम को एक सम्मानजनक स्कोर तक पहुंचाने का प्रयास किया। उन्होंने 190 गेंदों का सामना करते हुए 71 रनों की जुझारू पारी खेली, जिसमें 7 चौके और 1 छक्का शामिल था। जब ऐसा लग रहा था कि स्मिथ टीम को 200 के पार ले जाएंगे, तभी बांग्लादेश के स्टार गेंदबाज हसन महमूद ने उन्हें अपना शिकार बनाया। 51वें ओवर में हसन महमूद की एक सटीक गेंद पर स्मिथ का कैच विकेटकीपर लिटन दास ने लपका और उनकी लंबी पारी का अंत किया।
हसन महमूद ने मैच में अद्भुत गेंदबाजी का प्रदर्शन करते हुए 55 रन देकर 6 विकेट हासिल किए। उनके इस 6 विकेट के स्पेल ने ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाजी की कमर तोड़ दी। हसन के अलावा टास्किया अहमद ने 2 विकेट और इबादत हुसैन ने 2 विकेट चटकाए। बांग्लादेशी गेंदबाजों के इस सामूहिक प्रयास की बदौलत ऑस्ट्रेलिया की पूरी टीम 200 रन के आंकड़े को छूने से पहले ही धराशायी हो गई।
बांग्लादेश की मजबूत जवाबी कार्रवाई
ऑस्ट्रेलिया को 198 रनों पर ढेर करने के बाद बांग्लादेशी बल्लेबाजों ने अपनी पहली पारी की शुरुआत बेहद संतुलित और समझदारी भरे अंदाज में की। ऑस्ट्रेलियाई तेज गेंदबाजों के सामने बांग्लादेश के सलामी बल्लेबाजों ने संयम का परिचय दिया। पहले दिन का खेल खत्म होने तक बांग्लादेश ने 24 ओवरों में 1 विकेट के नुकसान पर 96 रन बना लिए थे। क्रीज पर मोमिनुल हक 35 रन और तंजीद हसन 32 रन बनाकर टिके हुए हैं।
बांग्लादेश अब ऑस्ट्रेलिया के पहली पारी के स्कोर से केवल 102 रन पीछे है और उसके 9 विकेट शेष हैं। डार्विन टेस्ट का पहला दिन पूरी तरह से बांग्लादेशी टीम के नाम रहा है, जिसने गेंदबाजी के साथ-साथ बल्लेबाजी में भी अपनी पकड़ मजबूत कर ली है। हालांकि, स्टीव स्मिथ और स्निकोमीटर विवाद ने इस मुकाबले में एक नया मोड़ और चर्चा का विषय जोड़ दिया है, जो आने वाले दिनों में भी सुर्खियों में बना रहेगा।


















