भारतीय टीम के खिलाफ चौथे टी20 मुकाबले में न्यूजीलैंड के आक्रामक बल्लेबाज ग्लेन फिलिप्स का बल्ला जमकर गरजा। उन्होंने महज 49 गेंदों का सामना करते हुए 107 रनों की तूफानी शतकीय पारी खेली। इस पूरी श्रृंखला के दौरान उनका बल्ला लगातार आग उगल रहा है। मुकाबले के समापन के बाद उन्होंने अपने इस बेमिसाल फॉर्म और निरंतरता की असली वजह इंडियन प्रीमियर लीग यानी आईपीएल के कड़े माहौल और विशेष रूप से गुजरात टाइटंस के खेमे से मिले अनुभव को बताया। चार मुकाबलों के बाद वह मौजूदा सीरीज की रन तालिका में सबसे शीर्ष पर विराजमान हैं, जहां उनके खाते में 276 रन दर्ज हो चुके हैं।
कड़ी प्रतिस्पर्धा और अंतिम एकादश की चुनौती
मैच खत्म होने के बाद आयोजित प्रेस वार्ता में फिलिप्स ने दुनिया की सबसे मशहूर टी20 लीग की चुनौतियों को खुलकर साझा किया। उनके अनुसार इस टूर्नामेंट का स्तर पूरी दुनिया में सबसे अलग और बेहद कठिन है। स्क्वॉड में शामिल आठ विदेशी खिलाड़ियों में से मैच के दिन केवल चार को ही प्लेइंग इलेवन में जगह दी जाती है, जिससे टीम के भीतर स्थान बनाए रखने की होड़ बेहद तीव्र हो जाती है। जब कोई खिलाड़ी मैदान पर उतरकर असाधारण खेल नहीं दिखा पाता, तो डगआउट में उसकी जगह लेने के लिए हमेशा दूसरा विकल्प तैयार बैठा रहता है। इसके बावजूद उनका कहना है कि इस दबाव भरे माहौल में बिताए गए हर पल ने उन्हें एक बेहतर क्रिकेटर बनने में मदद की है।
गुजरात टाइटंस के माहौल और कोचिंग का असर
अपनी तकनीकी प्रगति के बारे में बात करते हुए फिलिप्स ने गुजरात टाइटंस के ट्रेनिंग माहौल की दिल खोलकर सराहना की। उन्होंने बताया कि वहां शीर्ष स्तर का बुनियादी ढांचा, विश्व स्तरीय कोच और अपनी बल्लेबाजी की बारीकियों पर मेहनत करने के लिए भरपूर वक्त हासिल हुआ। उन्होंने इंग्लैंड के अपने हालिया दौर का उल्लेख करते हुए स्पष्ट किया कि चाहे लाल गेंद का प्रारूप हो या सफेद गेंद का, वह हर फॉर्मेट में लगातार रन जुटाने का हुनर रखते हैं।
उनका मानना है कि आईपीएल जैसे बड़े मंच पर हर कोई रन बटोरना और मोटी रकम हासिल करना चाहता है, जो कि स्वाभाविक भी है। लेकिन प्लेइंग इलेवन में मौका मिले या न मिले, बेंच पर बैठकर भी बहुत कुछ सीखा जा सकता है। उन्होंने जोर देकर कहा कि किसी भी टूर्नामेंट से जुड़ने वाले हर पेशेवर क्रिकेटर का यह पहला कर्तव्य है कि वह वहां उपलब्ध सुविधाओं, दिग्गजों के अनुभव और अवसरों का भरपूर फायदा उठाए।
सीरीज के आंकड़ों में अव्वल स्थान
भारत और न्यूजीलैंड के बीच जारी इस टी20 सीरीज के आंकड़े फिलिप्स के दबदबे की गवाही दे रहे हैं। अब तक खेले गए 4 मैचों में उन्होंने 92 की हैरतअंगेज औसत से 276 रन अपने नाम किए हैं। इस दौरान उनके बल्ले से एक शतक के अलावा दो अर्धशतक भी निकले हैं। उन्होंने 189.04 के विध्वंसक स्ट्राइक रेट से रन बनाए हैं, जिसमें 21 चौके और 17 गगनचुंबी छक्के शामिल हैं। छक्कों की इस दौड़ में उन्होंने भारतीय बल्लेबाज अभिषेक शर्मा को भी पीछे छोड़ दिया है, जिनके नाम इस सीरीज में अब तक 16 छक्के दर्ज हैं।



















