अंतरराष्ट्रीय एकदिवसीय क्रिकेट में बराबरी पर समाप्त होने वाले मुकाबले खेल के सबसे यादगार और दबाव भरे पलों में गिने जाते हैं। जब किसी मैच की अंतिम गेंद तक यह तय न हो सके कि जीत किसकी होगी, तब क्रीज पर टिककर खेलने वाले बल्लेबाजों का कौशल असली परीक्षा से गुजरता है। इतिहास में कुछ ऐसे दिग्गज बल्लेबाज रहे हैं जिन्होंने टाई रहने वाले इन बेहद कड़े मैचों में लगातार शानदार पारियां खेलकर अपनी टीमों को हार से बचाया और मुकाबले को बराबरी के स्तर तक पहुंचाया। आंकड़ों के लिहाज से इन मुकाबलों में कैरेबियाई बल्लेबाज शाई होप शीर्ष पर काबिज हैं, जबकि भारत के दिग्गज विकेटकीपर बल्लेबाज महेंद्र सिंह धोनी दूसरे स्थान पर अपनी मौजूदगी दर्ज कराते हैं।
वेस्टइंडीज के शाई होप का पहला स्थान
एकदिवसीय प्रारूप में बराबरी पर छूटे मुकाबलों में सबसे ज्यादा रन बनाने का रिकॉर्ड वेस्टइंडीज के प्रमुख बल्लेबाज शाई होप के नाम दर्ज है। उन्होंने 2016 से 2025 के दौरान खेले गए टाई मैचों में असाधारण निरंतरता का परिचय दिया है। इस समयावधि में होप ने 4 मैचों की 4 पारियों में क्रीज संभालते हुए कुल 324 रन जुटाए। इन बेहद दबाव भरे पलों में वह 2 बार नाबाद पवेलियन लौटे, जिसके चलते उनका बल्लेबाजी औसत 162.00 का रहा। उनका उच्चतम व्यक्तिगत स्कोर नाबाद 123 रन रहा है। इसके साथ ही वह ऐसे मुकाबलों में 2 शतकीय पारियां खेलने वाले एकमात्र बल्लेबाज भी हैं।
दबाव में महेंद्र सिंह धोनी का बेजोड़ प्रदर्शन
इस सूची में दूसरे पायदान पर भारत के महेंद्र सिंह धोनी का नाम आता है, जिन्होंने मध्यक्रम में अपनी मजबूत बल्लेबाजी से कई रोमांचक मुकाबलों को निर्णायक मोड़ दिया। 2011 से 2018 के मध्य धोनी ने 6 ऐसे एकदिवसीय मुकाबलों में हिस्सा लिया जो बराबरी पर छूटे। इन 6 मैचों की 6 पारियों में धोनी ने 2 बार नाबाद रहते हुए 245 रन अपने खाते में जोड़े। इस दौरान उनका सर्वोच्च व्यक्तिगत स्कोर नाबाद 78 रन रहा। विपरीत परिस्थितियों में धैर्य से खेलने के कारण उनका औसत 61.25 रहा, जो शीर्ष बल्लेबाजों में उनकी दृढ़ता को स्पष्ट रूप से दर्शाता है।
स्टीव वॉ की ऐतिहासिक दृढ़ता
ऑस्ट्रेलिया के दिग्गज खिलाड़ी स्टीव वॉ इस सूची में तीसरे स्थान पर मौजूद हैं। साल 1989 से 2000 के दौर में जब भी ऑस्ट्रेलियाई टीम का कोई मैच टाई पर छूटा, वॉ ने अपनी सधी हुई बल्लेबाजी से टीम को मजबूती दी। उन्होंने 5 मैचों की 5 पारियों में खेलते हुए कुल 227 रन बनाए। इन मुकाबलों में वह 1 बार नाबाद रहे और उनका उच्चतम स्कोर नाबाद 72 रन दर्ज किया गया। स्टीव वॉ ने इन संघर्षपूर्ण मैचों में 56.75 के मजबूत औसत से रन बटोरे।
विराट कोहली का शीर्ष क्रम में प्रभाव
भारतीय बल्लेबाज विराट कोहली भी इस फेहरिस्त में मजबूती से शामिल हैं और चौथे स्थान पर काबिज हैं। 2011 से 2024 के बीच खेले गए टाई मैचों में कोहली ने 6 पारियों में बल्लेबाजी करते हुए कुल 226 रन बनाए। इन मुकाबलों में उनका सर्वश्रेष्ठ व्यक्तिगत स्कोर नाबाद 157 रन रहा, जो इस सूची में किसी भी खिलाड़ी द्वारा खेली गई सबसे बड़ी व्यक्तिगत पारी है। कोहली ने 45.20 के औसत से रन बनाए और इस दौरान उन्होंने 1 शतक भी जमाया।
जैक्स कैलिस का निरंतर योगदान
दक्षिण अफ्रीका के हरफनमौला खिलाड़ी जैक्स कैलिस इस खास सूची में पांचवें स्थान पर आते हैं। 1999 से 2005 के बीच दक्षिण अफ्रीका द्वारा खेले गए टाई वनडे मैचों में कैलिस ने 5 पारियों में बल्लेबाजी की और कुल 225 रन जोड़े। इन सभी पारियों में वह आउट हुए और एक बार भी नाबाद नहीं रहे। इस दौरान उनका उच्चतम स्कोर 71 रन रहा और उन्होंने 45.00 के औसत से योगदान दिया।


















