ईरानी कप के तीसरे दिन का खेल पूरी तरह रविचंद्रन स्मरण के जुझारू और आक्रामक खेल के नाम रहा। मध्यक्रम में बल्लेबाजी करने उतरे स्मरण ने संकट के समय बेहद संयमित और प्रभावी अंदाज में नाबाद 126 रन ठोक डाले। उनकी इस शानदार पारी के बूते रेस्ट ऑफ इंडिया ने जम्मू-कश्मीर के खिलाफ तीसरे दिन के खेल की समाप्ति तक 8 विकेट पर 306 रन बना लिए हैं। इसके साथ ही टीम ने विपक्षी टीम पर कुल 265 रनों की मजबूत बढ़त हासिल कर ली है। हालांकि, टीम के दिग्गज बल्लेबाज ऋषभ पंत और सरफराज खान इस मुकाबले में अपनी छाप छोड़ने में पूरी तरह विफल रहे।
स्मरण का आतिशी शतक और पुछल्ले बल्लेबाजों का साथ
रविचंद्रन स्मरण ने मैदान पर टिकने के बाद आक्रामक रुख अपनाया और विपक्षी गेंदबाजों की जमकर खबर ली। उन्होंने अपनी पारी में 131 गेंदों का सामना किया, जिसमें 15 चौके और पांच गगनचुंबी छक्के शामिल रहे। स्मरण को निचले क्रम में मानव सुथार और मुकेश चौधरी का बेहतरीन साथ मिला। स्मरण ने सुथार (16 रन) के साथ छठे विकेट के लिए 52 रनों की अहम साझेदारी की। इसके बाद उन्होंने मुकेश चौधरी (नाबाद 09 रन) के साथ मिलकर नौवें विकेट के लिए अटूट 109 रन जोड़कर विपक्षी टीम की उम्मीदों पर पानी फेर दिया।
शीर्ष क्रम ने संभाला, सांगवान का उपयोगी अर्धशतक
तीसरे दिन के खेल की शुरुआत में रेस्ट ऑफ इंडिया की टीम जम्मू-कश्मीर से 17 रन पीछे थी और उसने अपना एक विकेट गंवा दिया था। सलामी बल्लेबाज सनत सांगवान ने एक छोर संभाले रखा और धैर्यपूर्वक 160 गेंदों में 55 रन बनाए। उनकी इस पारी में तीन चौके और एक छक्का शामिल था। सांगवान ने पहले सुदीप कुमार घरामी (33 रन) के साथ दूसरे विकेट के लिए 50 रनों की साझेदारी की। इसके बाद सांगवान और सारांश जैन (25 रन) ने मिलकर तीसरे विकेट के लिए 70 रन जोड़कर पारी को पटरी पर बनाए रखा।
पंत और सरफराज का बल्ला फिर रहा खामोश
टीम के प्रमुख भारतीय सितारों के लिए यह दिन बेहद निराशाजनक साबित हुआ। कप्तान ऋषभ पंत आठवें नंबर पर बल्लेबाजी करने उतरे, लेकिन वह सिर्फ 8 रन बनाकर साहिल लोटरा की गेंद पर पगबाधा आउट हो गए। यह इस मैच में लगातार दूसरी बार था जब पंत कोई बड़ा योगदान नहीं दे पाए। उनसे पहले पांचवें नंबर पर आए सरफराज खान खराब फुटवर्क का शिकार होकर बिना खाता खोले शून्य पर पवेलियन लौट गए। जम्मू-कश्मीर की ओर से उमर नजीर मीर ने 87 रन देकर तीन विकेट चटकाए, जिसमें सारांश और सरफराज को चार गेंदों के अंतराल में आउट करना शामिल था। वहीं साहिल लोटरा ने भी 71 रन देकर तीन बल्लेबाजों को अपना शिकार बनाया, लेकिन स्मरण की बेहतरीन बल्लेबाजी ने विरोधी गेंदबाजों की मेहनत पर पानी फेर दिया।



















