कैलेंडर वर्ष में सर्वाधिक टेस्ट शतक ठोकने का रिकॉर्ड आज भी यूसुफ के नाम, पोंटिंग और सचिन भी रहे अव्वल2 अक्टूबर को चंद्रमा का बुध की राशि में गोचर, इन राशियों की खुलेगी किस्मतरायगढ़ में जलाशय के कैचमेंट क्षेत्र पर अवैध कॉलोनियों का निर्माण, 120 कब्जाधारियों को नोटिसश्राद्ध की थाली में कद्दू का खास स्थान, जानिए पितरों के भोज से जुड़ी सदियों पुरानी परंपराएंदिखने में एक जैसे लगने वाले परिधानों की असल पहचान, बनावट और अवसर के आधार पर समझें फर्कसोने के बढ़ते दामों के बीच दिल्ली के बाजारों में ₹30 से बिक रही बंगाली ज्वेलरी की मांग बढ़ीबदलते मौसम और स्मॉग के बीच चेहरे की चमक कैसे रखें बरकरार, त्वचा रोग विशेषज्ञ ने साझा किए जरूरी सुझावमैदान से बाहर भी जीत दिलाएंगे विराट कोहली के जीवन सिद्धांत, युवाओं के लिए बने 10 बड़े सबकसर्वोच्च अदालत के न्यायाधीश के आरोपों पर पूर्व कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश संजीव प्रकाश शर्मा का कड़ा जवाब, प्रक्रिया के तहत सवाल उठाने की दी नसीहतसवाई माधोपुर में वन्यजीव प्रेमियों का तांता, तीन माह बाद शुरू हुई सफारी
महिला के चरित्र पर आपत्तिजनक टिप्पणी करने वाले शख्स को अदालत ने ठहराया दोषी, जेल की सजाअपराध
1 अक्तू॰ 2026, 9:34 am (19 मिनट पहले)· 0

महिला के चरित्र पर आपत्तिजनक टिप्पणी करने वाले शख्स को अदालत ने ठहराया दोषी, जेल की सजा

दिल्ली के पश्चिम विहार में एक महिला से 'कौन से वाले पापा' कहने वाले शख्स को अदालत ने महिला की मर्यादा का अपमान करने का दोषी मानते हुए जेल भेज दिया है.

सार्वजनिक जगहों पर महिलाओं के प्रति अनुचित या अमर्यादित टिप्पणियां करने वालों के लिए राजधानी दिल्ली की एक अदालत का फैसला बेहद कड़ा संदेश लेकर आया है. पश्चिमी दिल्ली के पश्चिम विहार इलाके में एक महिला के चरित्र पर सवाल खड़ी करने वाली फब्ती कसना एक व्यक्ति को भारी पड़ गया. अदालत ने आरोपी की इस हरकत को महिला की गरिमा और लज्जा को ठेस पहुंचाने वाला अपराध मानते हुए उसे दोषी करार दिया और जेल की सजा सुनाई. न्यायिक व्यवस्था ने साफ कर दिया कि जुबान से बिना सोचे-समझे बोले गए ऐसे शब्दों को केवल अनजानी बातचीत कहकर नजरअंदाज नहीं किया जा सकता.

सड़क पर रोती बच्ची को चुप कराते वक्त हुई थी घटना

यह पूरा मामला 23 मार्च 2021 का है. पश्चिम विहार की रहने वाली प्रियंका गुप्ता उस दिन अपनी तीन साल की मासूम बेटी के साथ भारतीय रिजर्व बैंक एन्क्लेव के गेट के पास मौजूद थीं. उस दौरान छोटी बच्ची लगातार रो रही थी और मां उसे संभालने व चुप कराने की पूरी कोशिश कर रही थीं. बच्ची को शांत करने के लिए प्रियंका ने उससे कहा कि देखो पापा आ गए, अब रोना बंद करो और चुप हो जाओ. ठीक उसी समय गेट के पास कपड़े प्रेस करने का ठेला लगाने वाला गिरधारी लाल वहां मौजूद था. उसने महिला की बात सुनते ही अचानक से तंज कसते हुए कहा, कौन से वाले पापा आ गए.

ये भी पढ़ें

परिजनों के हस्तक्षेप के बाद दर्ज हुई थी प्राथमिकी

अचानक हुई इस अपमानजनक टिप्पणी पर उस समय प्रियंका ने सीधे तौर पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी. कुछ ही पलों में बच्ची के पिता अपनी गाड़ी लेकर वहां पहुंचे और दोनों को कार में बैठाकर घर ले गए. घर पहुंचने के बाद महिला ने पूरी आपबीती अपने ससुर को विस्तार से बताई. मामले की गंभीरता और महिला के सम्मान को देखते हुए ससुर ने तुरंत नजदीकी पुलिस थाने में इस घटना की जानकारी दी. पुलिस ने शिकायत के आधार पर त्वरित कार्रवाई करते हुए गिरधारी लाल के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर मामले की जांच शुरू की थी.

अदालत में आरोपी के बहानों को जज ने किया खारिज

न्यायालय में मामले की सुनवाई के दौरान जज मोक्षा बेन्स ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनीं. पूछताछ के दौरान गिरधारी लाल ने अपने बचाव में तर्क दिया कि उसका कोई गलत इरादा नहीं था और उसने बिना किसी बुरी नीयत के बस ऐसे ही यह बात कह दी थी. हालांकि अदालत ने आरोपी की इस दलील को पूरी तरह से खोखला बताते हुए सिरे से ठुकरा दिया. न्यायाधीश ने अपने फैसले में टिप्पणी की कि ऐसा कोई आधार या स्थिति मौजूद नहीं थी जिससे इस बात को एक मासूम या सामान्य सवाल माना जा सके. किसी महिला से यह कहना कि कौन से वाले पापा आ गए, सीधे तौर पर यह इशारा करता है कि उसके कई पुरुष मित्र हैं या बच्चे के असली पिता को लेकर संदेह पैदा किया जा रहा है. अदालत ने स्पष्ट किया कि यह महिला के चरित्र पर लांछन लगाने जैसा गंभीर कृत्य है.

सवाल-जवाब

यह घटना किस तारीख और किस जगह की है?
यह मामला 23 मार्च 2021 को पश्चिमी दिल्ली के पश्चिम विहार इलाके में आरबीआई एन्क्लेव गेट के पास हुआ था.
आरोपी व्यक्ति क्या काम करता था?
आरोपी गिरधारी लाल इलाके में कपड़े प्रेस करने का ठेला लगाता था.
अदालत ने आरोपी के बयान पर क्या रुख अपनाया?
जज मोक्षा बेन्स ने आरोपी के इस दावे को खारिज कर दिया कि उसने यह टिप्पणी बिना किसी बुरी नीयत के कही थी.
मामले में अंतिम फैसला कब सुनाया गया?
अदालत ने इस मामले की सुनवाई के बाद 24 सितंबर को अपना फैसला सुनाते हुए आरोपी को दोषी ठहराया.
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 0

अभी तक कोई टिप्पणी नहीं — पहली टिप्पणी आपकी हो!

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR
Chamar no WhatsApp