सिनेमा जगत में मां बनने के बाद अभिनेत्रियों के रंग-रूप और शारीरिक बदलावों को लेकर होने वाली ऑनलाइन टिप्पणियों पर परिणीति चोपड़ा ने बेहद सख्त रुख अपनाया है। कटरीना कैफ के मां बनने के बाद जब उनका नया लुक सामने आया, तो कई सोशल मीडिया यूजर्स ने उनके बढ़े वजन और बदलावों को लेकर निशाना साधना शुरू कर दिया था। इस मामले में पहले सलमान ने आगे आकर अनुचित टिप्पणियां करने वालों को जवाब दिया था, और अब परिणीति चोपड़ा ने भी महिलाओं के शरीर पर उंगली उठाने वालों को खरी-खरी सुनाई है। उनका साफ कहना है कि मातृत्व के बाद एक महिला के शरीर में होने वाले परिवर्तन पूरी तरह प्राकृतिक होते हैं, और किसी को भी इसे लेकर शर्मिंदगी महसूस कराने का कोई अधिकार नहीं है।
मातृत्व के बाद शारीरिक बदलावों को नकारात्मक नजरिए से देखना गलत
परिणीति चोपड़ा ने सवाल खड़ा किया कि आखिर बच्चे को जन्म देने के बाद एक महिला के शरीर में दिखने वाले प्राकृतिक निशानों और परिवर्तनों को समाज नकारात्मक चश्मे से क्यों देखता है। मातृत्व एक जटिल और सुंदर प्रक्रिया है, जिसमें महिला का शरीर कई चरणों से गुजरता है। वजन में इजाफा होना या त्वचा पर खिंचाव के निशान पड़ना इसी स्वाभाविक सफर का अभिन्न हिस्सा है। उन्होंने जोर देकर कहा कि इन सभी शारीरिक प्रक्रियाओं को किसी खामी के रूप में देखने के बजाय सहजता से स्वीकार किया जाना चाहिए। प्रसव के बाद शरीर में आने वाले ये बदलाव मातृत्व के प्रमाण हैं और इनमें कोई भी बात ऐसी नहीं है जिसे लेकर हीन भावना पैदा की जाए।
साल 2026 में प्रसव बाद के बदलावों पर तंज कसना अजीब
कटरीना कैफ की प्रसव बाद की शारीरिक बनावट पर लोगों द्वारा की गई टिप्पणियों पर परिणीति चोपड़ा ने भारी नाराजगी जाहिर की। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि आधुनिक दौर में पहुंचकर भी अगर लोग ऐसी संकीर्ण मानसिकता नहीं छोड़ पा रहे हैं, तो यह बेहद अजीब है। साल 2026 जैसे समय में भी यदि नई माताओं को उनके वजन या रूप-रंग के लिए निशाना बनाया जाता है, तो यह सोच अज्ञानता और पिछड़ेपन की निशानी है। परिणीति ने हैरानी जताते हुए कहा कि बच्चे को जन्म देने वाली महिलाओं के प्रति सहानुभूति और सम्मान दिखाने के बजाय उनके शरीर की कमियां निकालना समझ से परे है। किसी भी नई मां के लिए यह दौर शारीरिक और मानसिक रूप से बेहद नाजुक होता है, ऐसे में ऑनलाइन मंचों पर उनके स्वरूप का उपहास उड़ाना अत्यंत निंदनीय व्यवहार है।
सोशल मीडिया की नकारात्मकता से पूरी तरह दूर रहती हैं परिणीति
ट्रोलिंग और नकारात्मक माहौल से खुद को सुरक्षित रखने के सवाल पर परिणीति चोपड़ा ने अपनी कार्यशैली और जीवन दर्शन साझा किया। उन्होंने बताया कि वह डिजिटल मंचों पर अनावश्यक समय नहीं गंवाती हैं, जिसकी वजह से ऐसी अधिकांश चर्चाएं उन तक पहुंच ही नहीं पाती हैं। उनका मानना है कि अनजान लोगों द्वारा इंटरनेट पर की जाने वाली टिप्पणियों को तवज्जो देकर अपनी मानसिक शांति खराब करना समझदारी नहीं है। परिणीति ने कहा कि वह अपनी वास्तविक जिंदगी, अपने परिवार, अपने दोस्तों और अपने दैनिक काम को लेकर पूरी तरह समर्पित हैं। उनके पास ऐसे अनजान लोगों की बातों पर ध्यान देने का बिल्कुल समय नहीं है जो उनके बारे में निराधार बातें करते हैं। जमीन से जुड़े रहकर और अपने करीबी लोगों के बीच समय बिताकर वह खुद को इन फिजूल की ऑनलाइन बहसों से दूर रखती हैं।
शरीर पर पड़े निशान खूबसूरती की निशानी
शारीरिक स्वरूप पर होने वाली आलोचनाओं का जवाब देते हुए परिणीति चोपड़ा ने कहा कि बच्चे के जन्म के बाद जो निशान शरीर पर उभरते हैं, वे किसी भी लिहाज से नकारात्मक नहीं हैं। उन्होंने इन निशानों को खूबसूरत बताते हुए कहा कि यह एक नए जीवन को दुनिया में लाने का गौरवशाली प्रतीक हैं। किसी भी महिला को अपने मातृत्व के अनुभवों या उसके बाद आए शारीरिक बदलावों को छिपाने या उन पर शर्मिंदा होने की रत्ती भर भी जरूरत नहीं है। इस तरह के बदलावों का जश्न मनाया जाना चाहिए, न कि उनके आधार पर किसी का मूल्यांकन किया जाए।

















