झारखंड का औद्योगिक शहर जमशेदपुर अपने लजीज खानपान और अनूठे स्ट्रीट फूड के लिए भी खूब पहचाना जाता है। शहर की गलियों और मुख्य चौराहों पर सुबह से लेकर शाम तक ऐसे कई ठेले और दुकानें सजती हैं, जहां का स्वाद लोगों को बरबस ही अपनी तरफ खींच लेता है। इसी कड़ी में जमशेदपुर के हावड़ा ब्रिज के ठीक सामने स्थित एक छोटी सी दुकान इन दिनों भोजन प्रेमियों का प्रमुख केंद्र बनी हुई है। यहां मिलने वाली पालक पत्ते की खास पकौड़ी का जायका ऐसा है कि लोग सुबह की सैर के बाद सीधे यहीं नाश्ता करने पहुंचते हैं।
सुबह छह बजे से शुरू हो जाती है गरमागरम तैयारी
दुकान संचालक राजू जी हर दिन सुबह छह बजे से अपनी दुकान पर पकौड़ी तैयार करने का काम शुरू कर देते हैं। जैसे ही कड़ाही में तेल गरम होता है और पालक के ताजे पत्तों को बेसन के घोल में लपेटकर तला जाता है, वैसे ही वहां नाश्ता करने वालों का तांता लगना शुरू हो जाता है। सुबह की शुरुआत में ही लोग गरमागरम और कुरकुरी पकौड़ियों का आनंद लेने के लिए अपनी बारी का इंतजार करते दिखाई देते हैं। शाम के समय भी हल्की भूख मिटाने के लिए यह दुकान एक बेहतरीन ठिकाना साबित होती है।
परफेक्ट कॉम्बिनेशन और प्लेट की किफायती कीमत
इस दुकान की सबसे बड़ी खासियत पकौड़ी का कुरकुरापन और उसे ग्राहकों के सामने परोसने का खास तरीका है। राजू जी मात्र 20 रुपये की एक प्लेट में करीब 10 से 12 पीस पालक पकौड़ी देते हैं। केवल पकौड़ी ही नहीं, बल्कि प्लेट को खास बनाने के लिए उसके ऊपर उबले हुए मटर, मीठी चटनी, बारीक कटा सलाद और एक खास घरेलू मसाला छिड़का जाता है। इन सभी सामग्रियों का मेल पकौड़ी के स्वाद को कई गुना बढ़ा देता है, जिससे एक साधारण स्नैक भी बेहद खास चाट जैसा अनुभव देने लगता है।
सस्ता, स्वादिष्ट और पेट भरने वाला नाश्ता
दुकान पर नियमित रूप से नाश्ता करने आने वाले स्थानीय ग्राहक नीतीश बताते हैं कि पालक पत्ते की यह पकौड़ी बेहद कुरकुरी और स्वादिष्ट होती है। उनके अनुसार, जब इसके ऊपर मीठी चटनी, मटर और चटपटा मसाला डाला जाता है, तो इसका स्वाद लाजवाब हो जाता है। नीतीश का कहना है कि आज के दौर में जहां 20 रुपये में कुछ खास नहीं मिलता, वहीं इस दुकान पर मात्र 20 रुपये की एक प्लेट खाकर पूरा पेट भर जाता है। यही कारण है कि कम बजट में बेहतरीन स्वाद चाहने वालों के लिए यह जगह सबसे पसंदीदा बन गई है।
शहर के स्ट्रीट फूड में बना ली अपनी अलग पहचान
संचालक राजू जी का कहना है कि उनकी पकौड़ी अन्य आम पकौड़ियों से बिल्कुल अलग है क्योंकि वे पालक के पत्तों की ताजगी और कुरकुरेपन पर विशेष ध्यान देते हैं। चटपटी टॉपिंग और मीठी चटनी का संतुलन ग्राहकों को बार-बार यहां आने के लिए प्रेरित करता है। अगर आप भी जमशेदपुर के आसपास हैं और किफायती दाम में किसी अनोखे और तृप्त कर देने वाले स्ट्रीट फूड का लुत्फ उठाना चाहते हैं, तो हावड़ा ब्रिज के सामने राजू जी की यह दुकान एक बेहतरीन पड़ाव है।


















