गुरुग्राम में एक महिला बाइकर को अपनी गाड़ी से टक्कर मारने के सनसनीखेज मामले में गिरफ्तार किए गए आरोपी ने पुलिस हिरासत से भाग निकलने की एक नाकाम कोशिश की है। मंगलवार को हुई इस घटना के दौरान आरोपी ने पेशाब करने की अनुमति मांगी और मौका मिलते ही वहां से भाग खड़ा हुआ। हालांकि, भागने के दौरान वह संतुलन बिगड़ने से नीचे गिर गया, जिससे उसे हल्की चोटें आईं। इसके बाद पुलिसकर्मियों ने उसे तुरंत अस्पताल पहुंचाया और उसका प्राथमिक उपचार कराया। आरोपी की पहचान पलवल के चांदहट निवासी 33 वर्षीय कल्याण बैंसला के रूप में हुई है, जिसे पुलिस ने राजस्थान के दौसा और राजगढ़ के बीच से दबोचा था।
राजस्थान से हुई गिरफ्तारी और भागने की फिल्मी कोशिश
गुरुग्राम पुलिस के अनुसार, क्राइम ब्रांच की एक विशेष टीम आरोपी की तलाश में लगातार जुटी हुई थी और इसी क्रम में टीम राजस्थान पहुंची थी। मंगलवार को जब टीम ने दौसा और राजगढ़ के मध्य कल्याण को धर दबोचा, तो उसने चालाकी दिखाने की कोशिश की। गिरफ्तारी के फौरन बाद उसने पुलिसकर्मियों से पेशाब जाने की इच्छा जताई। जैसे ही उसे इसकी इजाजत मिली, उसने भागने की ठान ली और तेजी से दौड़ पड़ा। हालांकि, वह ज्यादा दूर तक नहीं भाग सका और रास्ते में गिर पड़ा। पुलिस ने स्पष्ट किया कि गिरने की वजह से उसे मामूली चोटें आई थीं, जिन्हें दूर करने के लिए उसे नजदीकी अस्पताल ले जाकर फर्स्ट एड दिया गया।
घटना में इस्तेमाल गाड़ी बरामद और रिश्तेदार हिरासत में
कानून का शिकंजा कसते हुए पुलिस ने उस कार को भी अपने कब्जे में ले लिया है, जिसका इस्तेमाल महिला बाइकर को कुचलने या टक्कर मारने के लिए किया गया था। जांच में यह बात सामने आई है कि यह गाड़ी किसी अन्य व्यक्ति यानी आरोपी के दोस्त के नाम पर पंजीकृत है। इस बीच, पुलिस ने मामले में आगे की कार्रवाई करते हुए कल्याण के एक रिश्तेदार और कथित सहयोगी लवनीश को भी हिरासत में ले लिया है। फिलहाल पुलिस दोनों से गहनता से पूछताछ कर रही है ताकि इस पूरी वारदात की परतें खोली जा सकें और यह पता लगाया जा सके कि इस दौरान कौन-कौन लोग उसके संपर्क में थे।
सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो से खुला था पूरा राज
यह पूरा मामला तब प्रकाश में आया जब पीड़ित महिला बाइकर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर एक वीडियो शेयर किया। इस वीडियो में साफ तौर पर देखा जा सकता है कि गुरुग्राम की व्यस्त गोल्फ कोर्स रोड पर किस तरह एक कार चालक ने महिला बाइकर को टक्कर मारी थी। यह भयानक घटना 13 सितंबर की सुबह की बताई गई थी। सामने आए इस वीडियो में गाड़ी चलाने वाले शख्स का चेहरा भी बिल्कुल स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा था। इसी वीडियो को अहम सबूत बनाते हुए पुलिस ने आरोपी की शिनाख्त की और उसकी धरपकड़ के लिए जाल बिछाना शुरू कर दिया।
मीडिया के सामने आने के बाद हो गया था भूमिगत
पुलिस की शुरुआती जांच के मुताबिक, जब यह वीडियो सोशल मीडिया पर जंगल की आग की तरह फैल गया, तब कल्याण बैंसला खुद मीडिया के सामने आया था और उसने इस दुर्घटना को लेकर अपनी दलीलें रखी थीं। हालांकि, मीडिया के सामने आने के तुरंत बाद उसने अपना मोबाइल फोन हमेशा के लिए बंद कर लिया और कथित तौर पर पुलिस से बचने के लिए छिप गया। इस बीच, पुलिस ने इस गंभीर मामले में स्वतः संज्ञान लेते हुए सेक्टर-56 थाने में औपचारिक मुकदमा दर्ज किया। इसके बाद पुलिस ने इलाके के दर्जनों सीसीटीवी फुटेज को खंगाला और तकनीकी सर्विलांस की मदद से आरोपी की लोकेशन का पता लगाना शुरू किया।
भारतीय न्याय संहिता की कड़ी धाराएं जोड़ी गईं
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और साक्ष्यों की गहन जांच-पड़ताल के बाद इस केस में भारतीय न्याय संहिता यानी BNS की धारा 109 भी शामिल कर दी है। आपको बता दें कि यह धारा हत्या के प्रयास जैसे गंभीर अपराधों से जुड़ी हुई है। इसके अलावा, पीड़िता द्वारा दर्ज कराए गए बयानों के आधार पर पुलिस ने BNS की धारा 78 और 79 को भी इस प्राथमिकी में जोड़ दिया है। पुलिस अब इस आरोपी को स्थानीय अदालत में पेश करने की तैयारी कर रही है और आगे की पूछताछ के लिए उसकी पुलिस रिमांड की मांग की जाएगी। अधिकारियों का कहना है कि इस आपराधिक मामले में अभी जांच जारी है और कई अन्य खुलासे होने बाकी हैं।

















