हरियाणा के हिसार जिले में हुए टोल मैनेजर हत्याकांड के वांछित आरोपियों और स्पेशल टास्क फोर्स के बीच सोनीपत के पास जोरदार टकराव हुआ। पानीपत की दिशा से राष्ट्रीय राजमार्ग 44 के रास्ते दिल्ली की ओर बढ़ रहे संदिग्धों का सोनीपत एसटीएफ की टीम पीछा कर रही थी। भिगान फ्लाईओवर के ऊपर सुरक्षाबलों ने योजनाबद्ध तरीके से घेराबंदी करते हुए उनकी गाड़ी को चारों तरफ से रोक लिया। खुद को पुलिस से घिरा देखकर एक बदमाश ने गिरफ्तारी से बचने की कोशिश में फ्लाईओवर की रेलिंग से सीधे नीचे छलांग लगा दी, जबकि गाड़ी में मौजूद उसके दूसरे साथी को एसटीएफ ने बिना मौका दिए तुरंत पकड़ लिया।
कई फीट नीचे गिरने से आरोपी गंभीर रूप से जख्मी
फ्लाईओवर से नीचे गिरने के कारण बदमाश को गंभीर चोटें आईं और वह बुरी तरह लहूलुहान होकर वहीं गिर पड़ा। एसटीएफ के जवानों ने नीचे कूदने वाले आरोपी को तुरंत हिरासत में लिया और इलाज के लिए सोनीपत के नागरिक अस्पताल पहुंचाया। छानबीन में उसकी शिनाख्त हिसार स्थित बहबलपुर गांव निवासी मनोज उर्फ फिल्मी के रूप में की गई है। इस आरोपी का पुराना आपराधिक इतिहास भी रहा है और पुलिस रिकॉर्ड में वह वांछित चल रहा था। वहीं मौके से पकड़े गए दूसरे आरोपी की पहचान सोनीपत के कबीरपुर निवासी सचिन के तौर पर हुई है, जो वारदात के समय मनोज के साथ गाड़ी में मौजूद था।
हिसार के टोल प्लाजा पर हुई हत्या का मामला
यह पूरी कार्रवाई बीते जून महीने में हिसार के बड़ो पट्टी टोल प्लाजा पर घटी एक सनसनीखेज वारदात से जुड़ी हुई है। उस दौरान टोल मैनेजर संजय शुक्ला की कुछ बदमाशों ने मिलकर हत्या कर दी थी। इस मामले में मनोज उर्फ फिल्मी और उसका साथी सचिन मुख्य आरोपियों में शामिल थे और वारदात को अंजाम देने के बाद से ही लगातार फरार चल रहे थे। पुलिस टीमें लंबे समय से इन दोनों की तलाश में संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही थीं, लेकिन दोनों लगातार अपने ठिकाने बदल रहे थे।
गाड़ी और अवैध पिस्टल बरामद, पूछताछ जारी
एसटीएफ इंचार्ज अजय धनखड़ ने कार्रवाई के संदर्भ में बताया कि टीम को गुप्त सूचना प्राप्त हुई थी कि बड़ो पट्टी टोल प्लाजा हत्याकांड के फरार आरोपी एक गाड़ी में सवार होकर राष्ट्रीय राजमार्ग 44 के रास्ते दिल्ली की तरफ जा रहे हैं। इस पुख्ता इनपुट के मिलते ही टीम ने निगरानी बढ़ाई और भिगान फ्लाईओवर पर संदिग्ध गाड़ी को रोक लिया। पुलिस की मौजूदगी देखते ही मनोज ने फ्लाईओवर से छलांग लगाई, जिससे वह चोटिल हो गया। एसटीएफ ने घटनास्थल से आरोपियों द्वारा इस्तेमाल की जा रही गाड़ी और एक अवैध पिस्टल अपने कब्जे में ले ली है। अस्पताल में भर्ती मनोज का उपचार चल रहा है, जबकि हिरासत में लिए गए सचिन से उसके आपराधिक रिकॉर्ड और अन्य गतिविधियों के संबंध में पूछताछ की जा रही है।





















