इम्यूनिटी का सीधा संबंध इस बात से है कि आपका शरीर बीमारियों और संक्रमणों से कितनी देर तक और कितनी मजबूती से मुकाबला कर सकता है। यदि आप बार-बार बीमार पड़ते हैं या किसी बीमारी की चपेट में आने के बाद रिकवर होने में लंबा समय लगाते हैं, तो यह इस बात का स्पष्ट संकेत है कि आपकी रोग प्रतिरोधक क्षमता यानी इम्यूनिटी कमजोर हो चुकी है। सर्दियों का मौसम बहुत से लोगों को अपनी खूबसूरती और सुहावने तापमान के कारण पसंद होता है, लेकिन इसी मौसम में लोग स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं से सबसे ज्यादा घिरते हैं। इसके पीछे का मुख्य कारण केवल ठंड या सर्द हवाएं नहीं होती हैं, बल्कि वह वातावरण होता है जो ठंड के मौसम में तैयार होता है और जिसमें वायरस तथा बैक्टीरिया बेहद तेजी से पनपते व फैलते हैं।
ऐसे हालात में यदि आपकी शारीरिक प्रतिरोधक क्षमता कमजोर है, तो आप सर्दियों के दौरान सर्दी, जुकाम और खांसी जैसी समस्याओं से लंबे समय तक परेशान रह सकते हैं। आमतौर पर इस तरह की परेशानियां उन लोगों को ज्यादा होती हैं जिनका खानपान सही नहीं होता है और जो अपनी डाइट में पोषक तत्वों को शामिल नहीं करते हैं। इस लेख में हम आपको कुछ ऐसे बेहतरीन और घरेलू ड्रिंक्स के बारे में बता रहे हैं, जिनका सेवन करके आप अपने शरीर को सर्दियों में आने वाली तमाम स्वास्थ्य परेशानियों से लड़ने के लिए पूरी तरह तैयार कर सकते हैं और खुद को स्वस्थ रख सकते हैं।
अदरक की चाय
अदरक की चाय सर्दियों के मौसम में सबसे ज्यादा पसंद की जाने वाली और लोकप्रिय ड्रिंक्स में से एक मानी जाती है। इसकी गर्म तासीर और इसकी खास खुशबू ठंड के दिनों में शरीर को अंदर से राहत और अच्छा महसूस कराती है। अदरक के अंदर जिंजरॉल नामक एक खास तत्व पाया जाता है, जो शरीर के भीतर सूजन को कम करने का बेहद प्रभावी काम करता है। इस असरदार ड्रिंक को तैयार करने के लिए एक कप पानी में अदरक के कुछ छोटे टुकड़े डालकर उसे लगभग 5 मिनट तक अच्छी तरह उबालना होता है। इसके बाद इसे छानकर इसमें अपनी पसंद के अनुसार नींबू या थोड़ा सा शहद मिलाया जाता है और फिर गर्मागरम इसका स्वाद लिया जाता है।
हल्दी वाला दूध
हल्दी वाला दूध भारतीय घरों में पीढ़ियों से बहुत अधिक पसंद किया जाता रहा है और इसे सेहत के लिए वरदान माना जाता है। हल्दी में करक्यूमिन नामक एक शक्तिशाली तत्व पाया जाता है, जिसके अंदर भरपूर मात्रा में एंटीऑक्सीडेंट गुण मौजूद होते हैं। इसके साथ ही दूध का सेवन करने से शरीर को प्रोटीन, कैल्शियम और विटामिन बी12 जैसे जरूरी पोषक तत्व आसानी से मिल जाते हैं। यह पारंपरिक पेय शरीर को अंदर से गर्म रखने के साथ-साथ किसी भी तरह के बाहरी इंफेक्शन को रोकने में बहुत मददगार साबित होता है। इसे बनाने की प्रक्रिया में एक कप दूध को गर्म किया जाता है और उसमें चौथाई चम्मच हल्दी मिलाई जाती है। इसके बाद इसे कुछ मिनटों तक धीमी आंच पर पकाया जाता है और स्वाद तथा फायदे को बढ़ाने के लिए इसमें चुटकी भर दालचीनी या काली मिर्च भी डाली जा सकती है। इस मिश्रण को हल्का गर्म रहते हुए ही पी लेना चाहिए।
आंवला जूस
आंवला को विटामिन सी का एक बेहद बेहतरीन और समृद्ध स्रोत माना जाता है। यह खास विटामिन हमारे शरीर के इम्यून सिस्टम के सही कामकाज में बहुत मदद करता है और इसके साथ ही यह शरीर के अंदर आयरन के अवशोषण को भी काफी बेहतर बनाता है। इस स्वास्थ्यवर्धक पेय को तैयार करने के लिए एक या दो ताजे आंवलों को अच्छी तरह धोकर काट लिया जाता है और उनके अंदर के बीजों को बाहर निकाल दिया जाता है। इसके बाद इन्हें थोड़े से पानी के साथ मिक्सी में ब्लेंड किया जाता है, और यदि आप चाहें तो इसे छानकर इसमें थोड़ा सा अतिरिक्त पानी और मिला सकते हैं। इसके कड़वेपन को कम करने और मिठास लाने के लिए इसमें हल्का सा शहद मिलाया जा सकता है और फिर इसका सेवन किया जाता है।
गर्म नींबू पानी
सुबह के समय एक गिलास गर्म नींबू पानी का सेवन करना शरीर को लंबे समय तक हाइड्रेट रखने का सबसे आसान और लोकप्रिय तरीका माना जाता है। नींबू का सेवन करने से शरीर को भरपूर मात्रा में विटामिन सी प्राप्त होता है, जबकि शहद इस पेय में प्राकृतिक मिठास जोड़ने का काम करता है। इसके अलावा, एक साल से अधिक उम्र के लोगों के मामले में शहद खांसी की समस्या से कुछ राहत दिलाने में भी काफी मददगार साबित हो सकता है। इसे बहुत ही आसानी से एक गिलास गुनगुने ताजे पानी में नींबू का रस निचोड़कर और जरूरत के अनुसार एक चम्मच शहद मिलाकर तैयार किया जाता है, जिसके बाद इसका नियमित सेवन किया जाता है।
दालचीनी की चाय
दालचीनी की चाय अपनी बेहतरीन खुशबू और हल्के मीठे स्वाद के कारण लोगों के बीच काफी पसंद की जाती है। इस मसाले के अंदर कुछ ऐसे खास पौधों के तत्व पाए जाते हैं जिनमें मजबूत एंटीऑक्सीडेंट गुण मौजूद होते हैं। इस चाय को बनाने की विधि बहुत सरल है, जिसमें एक कप पानी के अंदर दालचीनी का एक छोटा टुकड़ा डालकर उसे 5 से 10 मिनट तक अच्छी तरह उबाला जाता है। उबालने के बाद इसे छानकर पिया जाता है और इसके स्वाद को और अधिक बढ़ाने के लिए इसमें चाहें तो नींबू या अदरक के टुकड़े भी मिलाए जा सकते हैं।

















