हिमाचल प्रदेश के हमीरपुर जिले के तहत आने वाले उझाण गांव में उस समय भारी हंगामा खड़ा हो गया, जब बिजली बोर्ड की टीम स्मार्ट बिजली मीटर लगाने की प्रक्रिया पूरी करने पहुंची थी। गांव में डिडवी टिक्कर डाकघर क्षेत्र के तहत आने वाले इस इलाके में कर्मचारियों के पहुंचते ही स्थानीय निवासियों का विरोध शुरू हो गया। देखते ही देखते यह विरोध तीखी बहसबाजी और हाथापाई में बदल गया। आरोप है कि इस गहमागहमी के दौरान एक स्थानीय महिला ने बिजली विभाग के कनिष्ठ अभियंता (जेई) को थप्पड़ जड़ दिया, जिससे मौके पर माहौल काफी तनावपूर्ण हो गया।
उझाण गांव में मीटर लगाने पहुंची थी बिजली बोर्ड की टीम
बिजली बोर्ड के लंबलू सेक्शन के अंतर्गत कार्यरत कनिष्ठ अभियंता सनी चंदेल अपनी विभागीय टीम के कर्मचारियों के साथ उझाण गांव में स्मार्ट मीटर लगाने का कार्य निष्पादित कर रहे थे। इसी बीच गांव के निवासी सरवन और प्रकाशो देवी सहित कई अन्य लोग वहां पहुंच गए। इन लोगों ने स्मार्ट मीटर लगाने का विरोध करते हुए कर्मचारियों के साथ तीखी बहस शुरू कर दी। शिकायत के अनुसार, ग्रामीणों ने बिजली कर्मचारियों के साथ भारी बदतमीजी की, उन्हें सरेआम गालियां दीं और गंभीर परिणाम भुगतने की धमकियां भी दीं।
गाली-गलौज के बाद हाथापाई, जेई को मारा थप्पड़
बहसबाज़ी का यह विवाद जल्द ही हाक-पुकार में बदल गया। जेई सनी चंदेल ने पुलिस को सौंपी अपनी आधिकारिक शिकायत में आरोप लगाया है कि कहासुनी के दौरान प्रकाशो देवी अचानक आक्रामक हो गईं और उन्होंने उनके साथ मारपीट करते हुए कई थप्पड़ मार दिए। इस अचानक हुए हमले से मौके पर अफरातफरी मच गई। घटना के तुरंत बाद पीड़ित कनिष्ठ अभियंता और बिजली बोर्ड के अन्य कर्मचारी हमीरपुर पुलिस थाना पहुंचे और आरोपी ग्रामीणों के खिलाफ औपचारिक लिखित शिकायत दर्ज कराई। शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने संबंधित आरोपियों के विरुद्ध मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
स्मार्ट मीटर पर अदालती आदेश का हवाला
गौरतलब है कि हमीरपुर क्षेत्र में स्मार्ट बिजली मीटरों की अनिवार्यता को लेकर पहले भी विवाद होता रहा है। पूर्व में हमीरपुर की अदालत ने एक महत्वपूर्ण मामले में स्पष्ट फैसला सुनाया था कि यदि कोई उपभोक्ता अपने परिसर में स्मार्ट बिजली मीटर नहीं लगवाना चाहता है, तो उसके साथ किसी भी तरह की जबरदस्ती नहीं की जा सकती। अदालत ने अपने आदेश में यह भी साफ किया था कि मीटर लगवाने से मना करने पर किसी भी नागरिक का बिजली कनेक्शन नहीं काटा जाएगा। इसी पृष्ठभूमि के कारण जिले के विभिन्न ग्रामीण इलाकों में स्मार्ट मीटर की स्थापना को लेकर बिजली विभाग और आम जनता के बीच लगातार गतिरोध देखने को मिल रहा है।





















