वर्ष 2026 के अंतिम महीनों के आगमन के साथ ही देश भर में त्योहारों का उल्लास छाने लगा है, जिसका सबसे बड़ा लाभ स्कूली विद्यार्थियों को शैक्षणिक अवकाश के रूप में मिलने जा रहा है. आगामी नवंबर माह में कई बड़े धार्मिक उत्सव एक साथ आ रहे हैं, जिससे शिक्षण संस्थानों में अवकाश की झड़ी लगने वाली है. दीपावली की रोशनी, लोक आस्था का पावन पर्व छठ और प्रकाश पर्व गुरु नानक जयंती जैसे प्रमुख अवसरों के कारण बच्चों को पढ़ाई से फुर्सत और परिवार के साथ समय बिताने का भरपूर अवसर मिलेगा.
विभिन्न प्रांतीय सरकारों तथा शिक्षा परिषदों ने अपने वार्षिक अकादमिक कार्यक्रम और आंचलिक सांस्कृतिक प्राथमिकताओं के आधार पर अवकाश तालिका निर्धारित की है. किसी सूबे में छात्रों को लगभग दो सप्ताह का सघन दीपोत्सव अवकाश प्रदान किया जा रहा है, तो कहीं चार से पांच दिनों का संक्षिप्त विराम तय हुआ है. जो अभिभावक सपरिवार पर्यटन स्थलों की सैर अथवा अपने पैतृक निवास जाने का विचार बना रहे हैं, उनके लिए यातायात व्यवस्था को समय रहते सुरक्षित करना आवश्यक हो गया है. उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र, राजस्थान और हिमाचल प्रदेश जैसे प्रमुख प्रांतों में विद्यालय बंद रहने की रूपरेखा स्पष्ट हो चुकी है.
नवंबर 2026 के दौरान प्रमुख उत्सव और शैक्षणिक अवकाश
इस माह की शुरुआत से ही कई अहम पर्व क्रमिक रूप से दस्तक देंगे. महीने की 8 तारीख को दीपावली का त्योहार मनाया जाना निश्चित है. इसके तुरंत बाद 9 नवंबर के दिन, जो कि सोमवार पड़ रहा है, गोवर्धन पूजा संपन्न होगी और 11 नवंबर यानी बुधवार को भैया दूज तथा चित्रगुप्त जयंती का अवकाश रहेगा. माह के दूसरे पखवाड़े की ओर बढ़ते हुए 15 नवंबर को रविवार के दिन छठ पूजा का मुख्य अनुष्ठान आयोजित होगा. इसके अतिरिक्त उत्तर प्रदेश राज्य में 16 नवंबर को वीरांगना ऊदा देवी शहादत दिवस के निमित्त शिक्षण संस्थान बंद रखे जा सकते हैं. वहीं महीने के उत्तरार्ध में 24 नवंबर यानी मंगलवार को गुरु नानक जयंती, कार्तिक पूर्णिमा तथा गुरु तेग बहादुर शहादत दिवस पर भी विद्यालयों में पूर्ण विराम रहेगा.
उत्तर प्रदेश में चार दिवसीय मिनी अवकाश और बिहार की स्थिति
उत्तर प्रदेश के प्राथमिक व माध्यमिक विद्यालयों में 8 नवंबर से 11 नवंबर की अवधि में लगातार अवकाश का माहौल रहेगा. हालांकि 8 तारीख को रविवार का साप्ताहिक अवकाश है, किंतु 9 से 11 नवंबर तक गोवर्धन पूजा और भैया दूज के चलते निरंतर कक्षाएं स्थगित रहने की व्यवस्था है. इस मिनी ब्रेक के अलावा 16 तारीख को ऐतिहासिक शहादत दिवस तथा 24 तारीख को गुरु पर्व पर अतिरिक्त अवकाश की सुविधा उपलब्ध होगी. पड़ोसी राज्य बिहार में छठ महापर्व के पावन अवसर पर विद्यार्थियों और शिक्षकों को लंबा अवकाश मिलने जा रहा है.
महाराष्ट्र में लगभग दो सप्ताह का सघन दीपोत्सव अवकाश
छुट्टियों की कुल संख्या के मामले में महाराष्ट्र राज्य सबसे आगे दिखाई दे रहा है. वहां के स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा अनुमोदित तालिका के तहत विद्यार्थियों के लिए 2 नवंबर से 14 नवंबर 2026 तक लगातार 13 दिनों का अवकाश निर्धारित हुआ है. चूंकि 14 नवंबर के अगले दिन 15 तारीख को रविवार का नियमित अवकाश है, इसलिए छात्र-छात्राएं सीधे 16 नवंबर को अपनी कक्षाओं में अध्ययन के लिए वापस लौटेंगे.
राजस्थान और हिमाचल प्रदेश में अवकाश का स्वरूप
पश्चिम भारतीय राज्य राजस्थान में भी छात्र समुदाय के लिए अवकाश का विस्तृत कार्यक्रम तय किया गया है. वहां 4 नवंबर से 15 नवंबर 2026 तक लगभग 12 दिनों के दीर्घकालिक विद्यालयी अवकाश की व्यवस्था बनाई जा रही है. दूसरी ओर उत्तरी पर्वतीय प्रदेश हिमाचल प्रदेश में ठंड और त्योहार के संयोजन को देखते हुए 6 नवंबर से 10 नवंबर तक 5 दिनों का दीपोत्सव कालीन अवकाश रहने की संभावना है.
छुट्टियों की योजना बनाते समय ध्यान रखने योग्य सावधानियां
पारिवारिक भ्रमण अथवा यात्रा का कार्यक्रम निर्धारित करने से पूर्व अभिभावकों को कुछ महत्वपूर्ण बिंदुओं की जांच कर लेनी चाहिए. सबसे पहले संबंधित स्कूल का आधिकारिक परिपत्र अवश्य देखें, क्योंकि राजकीय विद्यालयों और निजी संस्थानों के कैलेंडर में भिन्नता हो सकती है. दूसरा पक्ष यह है कि अवकाश समाप्त होते ही कई बार अर्धवार्षिक परीक्षाएं अथवा आवधिक मूल्यांकन परीक्षाएं प्रारंभ हो जाती हैं, अतः छात्रों की पढ़ाई का तालमेल बनाए रखना जरूरी है. अंत में किसी भी अस्पष्टता से बचने के लिए विद्यालय के अधिकृत संचार समूह अथवा कक्षाध्यापक से अवकाश की तिथियों का सत्यापन कर लेना श्रेयस्कर रहता है.
























