खराब जीवनशैली, तनाव और खानपान में पोषण की कमी के कारण बाल टूटना, बेजान होना और गंजापन आज बेहद सामान्य समस्याएं बन चुकी हैं। इन परेशानियों से राहत पाने के लिए कई लोग प्राकृतिक उपायों की तलाश में रहते हैं। घरेलू नुस्खों की सूची में प्याज के रस को बालों की सेहत के लिए सबसे कारगर विकल्पों में गिना जाता है। वैज्ञानिक रूप से भी प्याज में सल्फर प्रचुर मात्रा में मौजूद होता है, जो बालों के रोम छिद्रों और जड़ों को पोषण देकर नए बाल उगाने में बेहद अहम भूमिका निभाता है। इसके नियमित उपयोग से पतले हो रहे बालों को मजबूती मिलती है और हेयर फॉल पर नियंत्रण पाना संभव हो जाता है।
तीखी महक और जलन से बचने की जरूरत
सल्फर और अन्य पोषक तत्वों से भरपूर होने के बावजूद कई लोग प्याज के रस को सिर में लगाने से बचते हैं। इसका सबसे बड़ा कारण प्याज से निकलने वाली तेज, तीखी और असहज करने वाली गंध है। यह दुर्गंध कई बार बाल धोने के बाद भी पूरी तरह नहीं निकलती। इसके अलावा कुछ लोगों की सिर की त्वचा बेहद संवेदनशील होती है, जिसके चलते सीधा प्याज का रस लगाने पर तेज खुजली, जलन या लालिमा की शिकायत हो जाती है। यदि सही तकनीक और कुछ सहायक सामग्रियों का संतुलन बनाया जाए, तो प्याज के रस का पूरा लाभ बिना किसी परेशानी, दुर्गंध या जलन के उठाया जा सकता है।
रस निकालने और तैयार करने का सही तरीका
इस घरेलू उपचार को तैयार करने के लिए सबसे पहले पूरी तरह ताजे प्याज का चुनाव करें। प्याज के छिलके उतारकर उन्हें छोटे टुकड़ों में काट लें और ग्राइंडर में अच्छी तरह महीन पीस लें। अब इस पिसे हुए पेस्ट को किसी महीन छलनी या एकदम साफ सूती कपड़े में डालकर निचोड़ें, ताकि केवल शुद्ध रस ही कटोरी में जमा हो सके। रस को कपड़े से पूरी तरह छानना बहुत जरूरी है, क्योंकि यदि प्याज का बारीक पल्प या गूदा रस में रह गया, तो वह सिर की त्वचा पर चिपक जाएगा। ऐसा होने पर बाल धोते समय काफी परेशानी होगी और वह आसानी से बाहर नहीं निकलेगा।
बदबू को दूर करने वाले प्राकृतिक तत्व
प्याज की तीखी गंध को खत्म करने के लिए ताजे नींबू के रस की कुछ बूंदें इस रस में मिलाना बेहद असरदार साबित होता है। नींबू में मौजूद सिट्रिक गुण प्याज की दुर्गंध को तुरंत दबा देते हैं। इसके साथ ही नींबू सिर की त्वचा को अंदर से साफ करता है और स्कैल्प पर एक ताजगी भरा अहसास छोड़ता है।
यदि आप चाहते हैं कि बालों में प्याज की महक का नामोनिशान भी न रहे, तो इस रस में लैवेंडर या रोजमेरी जैसे सुगंधित एसेंशियल ऑयल की कुछ बूंदें मिला सकते हैं। ये दोनों तेल न केवल प्याज की तीखी गंध को प्राकृतिक रूप से पूरी तरह छुपा देते हैं, बल्कि बालों की जड़ों के लिए भी काफी लाभकारी माने जाते हैं। इनके प्रयोग से यह पूरा हेयर केयर उपचार बेहद सुकून भरा और आरामदायक बन जाता है।
जलन और खुजली से राहत के लिए जेल का उपयोग
संवेदनशील स्कैल्प वाले लोगों को प्याज के तीखेपन से बचाने के लिए इस मिश्रण में शुद्ध एलोवेरा जेल शामिल करना चाहिए। एलोवेरा जेल सिर की त्वचा को फौरन ठंडक पहुंचाता है और किसी भी प्रकार की खुजली या जलन के खतरे को खत्म कर देता है। इसके अलावा एलोवेरा जेल मिलाने से प्याज के रस का टेक्सचर गाढ़ा और सौम्य हो जाता है। इससे यह मिश्रण तरल पानी की तरह बहने के बजाय सिर की त्वचा पर एकसमान रूप से आसानी से फैल जाता है और जड़ों तक गहराई से असर करता है।
लगाने और धोने की सही विधि
तैयार किए गए इस पूरे मिश्रण को सिर पर लगाने के लिए एक साफ रुई के फाहे यानी कॉटन बॉल का सहारा लें। रुई को मिश्रण में हल्का सा डुबोएं और स्कैल्प तथा बालों की जड़ों में हल्के हाथों से थपथपाते हुए लगाएं। पूरे सिर की जड़ों में इसे अच्छी तरह लगाने के बाद लगभग 20 से 30 मिनट तक ऐसे ही छोड़ दें। इस समयावधि में प्याज के रस के पोषक तत्व त्वचा में समा जाते हैं।
आधा घंटा बीत जाने के बाद बालों को किसी माइल्ड यानी सौम्य शैंपू की सहायता से धो लें। यदि सही गुणवत्ता वाले हल्के शैंपू से सिर को धोया जाए, तो प्याज की बची हुई महक भी पूरी तरह साफ हो जाती है। साथ ही बालों का प्राकृतिक तेल और नमी भी बरकरार रहती है। इस संतुलित मिश्रण का सही तरीके से इस्तेमाल करने पर बाल घने, लंबे और पहले से ज्यादा मजबूत बन सकते हैं।



















