सिंगापुर डॉलर में उतार-चढ़ाव बढ़ा: अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 1.2680 से 1.2780 के दायरे में कारोबार की संभावनाओपनएआई का नया एआई मॉडल एस्ट्रा साइबर सिक्योरिटी के लिए बना खतरा, कंपनी ने डेवलपमेंट रोककर लगाए सख्त सेफ्टी सिस्टममध्य पूर्व तनाव और मजबूत अमेरिकी आंकड़ों के बीच मेक्सिकन पेसो 17.00 के स्तर पर दबाव मेंचीन के निर्यात मॉडल पर बढ़ा वैश्विक दबाव, राबोबैंक ने कमजोर घरेलू मांग और बाजार हलचल पर चेतायासितंबर 2026 में आसमान के प्रमुख नजारे वीनस की चमक से लेकर नेप्च्यून के दीदार तकअमेरिका ने ईरान के सैन्य ठिकानों पर फिर किए ताबड़तोड़ हमले, डोनाल्ड ट्रंप ने दी बड़ी चेतावनीराजस्थान के 2017 डबल मर्डर मामले में 9 वर्षों से वांछित आरोपी चुम्मा उर्फ नवल किशोर दिल्ली के मोहन गार्डन से गिरफ्तारअफगानिस्तान सीरीज से बाहर होने के बाद भी क्रुणाल पंड्या के हौसले बुलंद, सोशल मीडिया पोस्ट से दिया वापसी का संकेतसमस्तीपुर के नंदिनी लगुनिया इलाके में ज़मीन की कीमतों में भारी उछाल, 10 साल में ₹60 हजार से ₹3 लाख तक पहुंचे रेटहोर्मुज जलडमरूमध्य में जहाजों पर हमले के बाद अमेरिका ने ईरान में आईआरजीसी के ठिकानों को बनाया निशाना
मुंबई में सीएनजी हुई और महंगी, महानगर गैस लिमिटेड ने दो रुपये बढ़ाए दाम; जानें अब कितनी चुकानी होगी कीमतमहाराष्ट्र
31 अग॰ 2026, 11:38 pm (1 दिन पहले)· 1

मुंबई में सीएनजी हुई और महंगी, महानगर गैस लिमिटेड ने दो रुपये बढ़ाए दाम; जानें अब कितनी चुकानी होगी कीमत

मुंबई में कंप्रेस्ड नेचुरल गैस और घरेलू पीएनजी के दाम बढ़ा दिए गए हैं। महानगर गैस लिमिटेड ने एक सितंबर से नई दरें लागू कर दी हैं, जिससे ऑटो और टैक्सी चालकों की परेशानियां बढ़ गई हैं।

आर्थिक राजधानी मुंबई के निवासियों को महंगाई का एक नया सामना करना पड़ा है। महानगर गैस लिमिटेड ने एक सितंबर से प्रभावी होने वाले नए दामों का ऐलान कर दिया है, जिसके तहत कंप्रेस्ड नेचुरल गैस यानी सीएनजी की खुदरा कीमतों में दो रुपये प्रति किलोग्राम की बढ़ोतरी की गई है। इस संशोधन के बाद मुंबई में सीएनजी का नया दाम अब 88 रुपये प्रति किलोग्राम हो गया है। इसके अलावा रसोईघरों में इस्तेमाल होने वाली घरेलू पीएनजी की कीमतों में भी एक रुपये प्रति एससीएम की वृद्धि दर्ज की गई है। इस ताजा मूल्य वृद्धि के पीछे मुख्य कारण मध्य पूर्व में चल रहे तनाव के कारण गैस की कुल उत्पादन लागत में इजाफा होना और सीएनजी की लगातार बढ़ती घरेलू मांग को पूरा करने के वास्ते महंगे आयातित स्पॉट आरएलएनजी पर बढ़ती निर्भरता को बताया गया है।

करीब बारह लाख वाहनों की बढ़ी मुश्किलें

मुंबई महानगर क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ठाणे, नवी मुंबई और मुंबई मेट्रोपॉलिटन रीजन के अन्य इलाकों में अब सीएनजी के लिए ग्राहकों को 88 रुपये प्रति किलोग्राम चुकाने होंगे। इस क्षेत्र में परिवहन का एक बड़ा हिस्सा सीएनजी ईंधन पर निर्भर है। बड़ी संख्या में टैक्सियों, कैब और ऑटो रिक्शा के साथ-साथ कई निजी वाहन भी इसी ईंधन से संचालित होते हैं। इस मूल्य वृद्धि का सीधा असर मुंबई और आसपास के इलाकों में दौड़ रहे लगभग बारह लाख सीएनजी चालित वाहनों पर पड़ेगा, जिनमें अकेले करीब दो लाख अस्सी हजार ऑटो रिक्शा शामिल हैं। ईंधन के दाम बढ़ने से इन व्यावसायिक चालकों की दैनिक कमाई पर विपरीत असर पड़ रहा है और उनकी मुश्किलें काफी हद तक बढ़ गई हैं।

ये भी पढ़ें

कुछ समय पहले भी बढ़े थे दाम

गौर करने वाली बात यह है कि इससे पहले भी महानगर गैस लिमिटेड ने इसी साल तीस मई को सीएनजी की कीमतों में संशोधन किया था। उस दौरान कंपनी ने सीएनजी के दाम में दो रुपये प्रति किलोग्राम की वृद्धि की थी, जिसके बाद ईंधन की कीमत बढ़कर 86 रुपये प्रति किलोग्राम पर पहुंच गई थी। कीमतों में लगातार हो रहे इस तरह के इजाफे से आम लोगों और वाहन चालकों का बजट लगातार गड़बड़ा रहा है, जिससे परिवहन की लागत भी ऊपर जा रही है।

विस्तृत कार्यक्षेत्र और बढ़ता वित्तीय बोझ

वर्तमान समय में महानगर गैस लिमिटेड मुंबई के अलावा ठाणे, नवी मुंबई, कल्याण, रायगढ़, रत्नागिरी, चित्रदुर्ग, दावणगेरे, लातूर और उस्मानाबाद जैसे विभिन्न जिलों और शहरों में सीएनजी की आपूर्ति का कार्य संभालती है। कीमतों में हुए इस ताजा बदलाव के कारण न केवल व्यक्तिगत वाहन मालिकों बल्कि सार्वजनिक परिवहन से जुड़े तमाम बेड़ों और टैक्सियों के परिचालन खर्च में भारी बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है। ईंधन की यह लगातार बढ़ती दरें अब वाहन चालकों के लिए एक बड़ी और गंभीर चिंता का विषय बनती जा रही हैं, क्योंकि इससे उनकी बचत सीधे तौर पर प्रभावित हो रही है।

आम जनता और परिवहन तंत्र पर दबाव

सीएनजी के दामों में लगातार हो रही बढ़ोतरी से वाहन चालकों के सामने आर्थिक संकट गहराता जा रहा है। विशेष रूप से ऑटो, कैब और टैक्सी चालकों की रोजाना की लागत में इजाफा होने से उनकी आजीविका पर सीधा असर पड़ रहा है। दूसरी ओर, निजी सीएनजी वाहनों के मालिकों को भी अपनी जेब से अधिक पैसे खर्च करने पड़ रहे हैं। ईंधन की आसमान छूती इन कीमतों के बीच मुंबई के चालकों के लिए गाड़ी चलाना और चलाना कठिन होता जा रहा है। इसके अलावा, राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में भी सीएनजी महंगी हो चुकी है, जहां इसके दाम पहले ही तीन रुपये नवासी पैसे प्रति किलोग्राम बढ़ चुके हैं।

सवाल-जवाब

मुंबई में सीएनजी की नई कीमत कितनी हो गई है?
महानगर गैस लिमिटेड द्वारा दाम बढ़ाए जाने के बाद मुंबई में सीएनजी अब 88 रुपये प्रति किलोग्राम हो गई है।
घरेलू पीएनजी के दाम में कितनी बढ़ोतरी की गई है?
घरेलू पीएनजी की कीमत में 1 रुपये प्रति एससीएम की बढ़ोतरी की गई है।
नई दरें कब से लागू हुई हैं?
यह नई बढ़ी हुई दरें 1 सितंबर से लागू कर दी गई हैं।
सीएनजी महंगे होने से कितने वाहन प्रभावित होंगे?
इस बढ़ोतरी का असर मुंबई क्षेत्र के लगभग 12 लाख सीएनजी वाहनों पर पड़ेगा, जिनमें करीब 2.80 लाख ऑटो रिक्शा शामिल हैं।
कीमतों में बढ़ोतरी का मुख्य कारण क्या है?
मध्य पूर्व संकट के कारण गैस की लागत बढ़ना और महंगे आयातित स्पॉट आरएलएनजी पर निर्भरता इस बढ़ोतरी की मुख्य वजह है।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 5

Sandeep Yadav@sandeep-yadav·20 घंटे पहले

खेल और खिलाड़ियों की आवाजाही पर भी इस आर्थिक तंगी का असर पड़ना तय है। जब ईंधन के दाम 88 रुपये प्रति किलोग्राम तक पहुँच जाते हैं और ऑटो-टैक्सी चालकों की परिचालन लागत बढ़ती है, तब ज़मीनी स्तर के एथलीटों और खेल प्रेमियों का स्टेडियमों या खेल अकादमियों तक पहुँचना भी महँगा हो जाता है। बारह लाख से अधिक सीएनजी वाहनों पर निर्भर इस परिवहन तंत्र का महंगा होना खेल आयोजन स्थलों तक लॉजिस्टिक्स और दैनिक आवागमन के खर्च को सीधे तौर पर प्रभावित करेगा।

Arshdeep Ahluwalia@arshdeep-ahluwalia·21 घंटे पहले

महानगर गैस लिमिटेड द्वारा सीएनजी के दाम दो रुपये प्रति किलोग्राम बढ़ाए जाने से मुंबई महानगर क्षेत्र में बारह लाख वाहनों का परिचालन खर्च सीधा प्रभावित हुआ है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मध्य पूर्व के तनाव और महंगे आयातित आरएलएनजी पर बढ़ती निर्भरता के कारण उत्पादन लागत में इजाफा हुआ है, जिसका सीधा असर लगभग दो लाख अस्सी हजार ऑटो रिक्शा चालकों और टैक्सी आपरेटरों की दैनिक कमाई पर पड़ रहा है। लगातार होती इन मूल्य वृद्धियों से परिवहन लागत बढ़ने का खतरा गहरा गया है।

Rohan Verma@rohan-verma·22 घंटे पहले

महानगर गैस लिमिटेड द्वारा सीएनजी और पीएनजी के दाम बढ़ाए जाने से मुंबई महानगर क्षेत्र में बारह लाख वाहनों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। भू-राजनीतिक तनाव और आयातित आरएलएनजी पर बढ़ती निर्भरता के कारण कीमतों में यह वृद्धि हुई है। इससे ऑटो और टैक्सी चालकों की दैनिक कमाई सीधे प्रभावित होगी, जिससे आने वाले समय में सार्वजनिक परिवहन और आम जनता पर वित्तीय बोझ और गहरा सकता है।

Ravikash Gupta@ravikash·22 घंटे पहले

महानगर गैस लिमिटेड द्वारा सीएनजी कीमतों में दो रुपये प्रति किलोग्राम की यह बढ़ोतरी मुख्य रूप से भू-राजनीतिक तनाव और महंगे आयातित स्पॉट आरएलएनजी पर बढ़ती निर्भरता का परिणाम है। मुंबई क्षेत्र के लगभग बारह लाख सीएनजी चालित वाहनों, विशेषकर दो लाख अस्सी हजार ऑटो-रिक्शा और टैक्सियों की रोज़ाना की परिचालन लागत में सीधे तौर पर इज़ाफा हुआ है। इस निरंतर मूल्य वृद्धि से न केवल वाणिज्यिक चालकों के मुनाफे का दायरा सिकुड़ रहा है, बल्कि परिवहन खर्च बढ़ने से आम यात्रियों के मासिक बजट पर भी गहरा आर्थिक दबाव पड़ रहा है। वैश्विक ऊर्जा बाज़ार की अस्थिरता का असर अब स्थानीय वित्तीय गतिकी और दैनिक आवागमन को सीधे प्रभावित कर रहा है।

Karan Malhotra@karan-malhotra·1 दिन पहले

महानगर गैस लिमिटेड द्वारा सीएनजी और पीएनजी के दामों में की गई यह बढ़ोतरी सीधे तौर पर बारह लाख वाहनों और आम जनता के बजट को प्रभावित कर रही है। मध्य पूर्व के तनाव और आयातित आरएलएनजी पर बढ़ती निर्भरता को इस वृद्धि का कारण बताया गया है, जिसका असर सार्वजनिक परिवहन की लागत पर पड़ रहा है। आने वाले दिनों में यह देखना अहम होगा कि क्या इस मूल्य वृद्धि से यात्रियों के किराए में भी कोई फेरबदल होता है या नहीं।

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR