जीएसटी काउंसिल का बड़ा कदम: टैक्स अधिकारियों के सीधे गिरफ्तारी अधिकार पर रोक और 5 करोड़ रुपये तक की छूट पर मंथनहिमाचल प्रवास पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु, सुरक्षा में 600 जवान मुस्तैद और मनाली में व्यापक रूट डायवर्जनबीते कल की घटनाओं पर सट्टा: विवादित सच तय करने के लिए खुला नया प्रेडिक्शन मार्केटअमेरिकी बॉन्ड यील्ड और डॉलर की मजबूती के बीच सोने की रफ्तार थमी, जानिए अहम सपोर्ट और रेजिस्टेंस स्तरयूरोपीय सेंट्रल बैंक के लेन ने दी धीमी आर्थिक वृद्धि की चेतावनी, वैश्विक मुद्रा और कमोडिटी बाजारों में दिखा दबावयूरोपीय सेंट्रल बैंक के नागेल ने मुद्रास्फीति के बढ़ते जोखिमों पर दी चेतावनी, वैश्विक मुद्राओं और जिंस बाजार में तेज हलचलमल्लिका फतेहपुरिया ने घटाया 35 किलो वजन, साझा किए फिटनेस से जुड़े 35 व्यावहारिक सबकघर में बेकार पड़े डिब्बों और बाल्टियों से बनाएं खूबसूरत प्लांटर, पेंट और जूट से मिलेगा नया रूपअमेरिकी सर्विस पीएमआई से मजबूत अर्थव्यवस्था के संकेत, सोने और डॉलर में हलचलविंटेज किस-लॉक बैग्स की धमाकेदार वापसी, रनवे से रेड कार्पेट तक छाया दादी के बटुए वाला अंदाज
वैश्विक तनाव के बीच डॉलर इंडेक्स में जोरदार तेजी, 102.30 के स्तर के पास पहुंचाबाज़ार
5 अक्तू॰ 2026, 1:41 pm (2 घंटे पहले)· 1

वैश्विक तनाव के बीच डॉलर इंडेक्स में जोरदार तेजी, 102.30 के स्तर के पास पहुंचा

मध्य पूर्व संकट और रूस-यूक्रेन युद्ध के बीच अमेरिकी डॉलर इंडेक्स 102.30 के स्तर के पास पहुंच गया है, जो अप्रैल 2025 के बाद का उच्चतम स्तर है। अमेरिकी केंद्रीय बैंक फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दरों में बढ़ोतरी की संभावनाओं और सुरक्षित निवेश मांग ने ग्रीनबैक को मजबूत सहारा दिया है।

DX-Y.NYB━SMA20 ━SMA50 · RSI · MACD
Candles + SMA20/50 · RSI(14) · MACD(12,26,9) with buy/sell signals — live from Yahoo

तकनीकी विश्लेषण5 अक्टूबर 2026

RSIRelative Strength Index (14)

यह क्या है

RSI 0 से 100 तक का मोमेंटम मापक है जो हालिया बढ़त बनाम गिरावट दिखाता है। 70 के ऊपर ओवरबॉट (खिंचा हुआ), 30 के नीचे ओवरसोल्ड (बिकवाली से थका), और 50 तटस्थ रेखा है।

अभी यह कहाँ है

DX-Y.NYB का RSI 74 है।

आगे संभावित चाल

70 के नीचे फिसलना तेजी के थकने का संकेत है।

सोमवार को नए कारोबारी सप्ताह की शुरुआत के साथ ही अमेरिकी डॉलर इंडेक्स (DXY) में आक्रामक खरीदारी देखने को मिली, जिसके चलते यह अप्रैल 2025 के बाद के अपने उच्चतम स्तर पर पहुंच गया। प्रमुख वैश्विक मुद्राओं की बास्केट के मुकाबले डॉलर का मूल्यांकन करने वाला यह सूचकांक यूरोपीय सत्र के शुरुआती घंटों में 102.30 के स्तर के करीब टिका रहा, जिसमें दिन के दौरान लगभग 0.35 प्रतिशत की बढ़त दर्ज की गई। शुक्रवार को कमजोर अमेरिकी रोजगार आंकड़ों के कारण आई हल्की गिरावट को पीछे छोड़ते हुए डॉलर ने जबरदस्त वापसी की है। लाइव मार्केट डेटा के अनुसार, डॉलर इंडेक्स 102.22 के स्तर पर कारोबार कर रहा है, जो पिछले 101.93 के बंद स्तर के मुकाबले 0.29 प्रतिशत की तेजी दर्शाता है, जबकि इसका 52 हफ्तों का दायरा 95.55 से 102.54 के बीच रहा है।

भू-राजनीतिक अनिश्चितताओं से सुरक्षित निवेश के रूप में डॉलर को मजबूती

वैश्विक वित्तीय बाजारों में भू-राजनीतिक तनाव गहराने से सुरक्षित निवेश विकल्प के रूप में अमेरिकी डॉलर की मांग में भारी उछाल आया है। मध्य पूर्व में तनाव और रूस-यूक्रेन के बीच बढ़ते युद्ध ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर निवेशकों को सतर्क कर दिया है। ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने बयान दिया कि अमेरिका के साथ टकराव का कोई सैन्य समाधान नहीं है, हालांकि तेहरान दोबारा युद्ध में उतरने के लिए तैयार है। इसके साथ ही, ईरानी संसद के स्पीकर मोहम्मद बागेर गालिबफ ने स्पष्ट किया कि जब तक उनकी शर्तें पूरी नहीं हो जातीं, तब तक होर्मुज जलडमरूमध्य को खोला नहीं जाएगा। मध्य पूर्व के इस सामरिक जलमार्ग पर तनाव ने ऊर्जा आपूर्ति को लेकर भी जोखिम बढ़ा दिए हैं।

ये भी पढ़ें

इसी बीच यमन की प्रशासनिक परिषद के प्रमुख रशाद अल-अलिमी ने देश में हूती विद्रोहियों के कब्जे वाले शेष क्षेत्रों को वापस लेने के लिए सैन्य अभियानों की घोषणा कर दी है। दूसरी तरफ, यूक्रेन ने रविवार को कीव क्षेत्र, खार्किव और निप्रो पर घातक रूसी हवाई हमलों की जानकारी दी। इस सैन्य हमले के बाद यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोडिमिर ज़ेलेंस्की ने संकल्प लिया कि रूस को निश्चित रूप से इसका जवाब भुगतना पड़ेगा। अंतरराष्ट्रीय सीमाओं पर एक साथ बढ़ रहे इन संघर्षों के कारण पूंजी बाजार में जोखिम से बचने की प्रवृत्ति बढ़ी है, जिससे निवेशक डॉलर जैसी सुरक्षित संपत्तियों की ओर रुख कर रहे हैं।

फेडरल रिजर्व की मौद्रिक नीति और बाजार की उम्मीदें

अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में गिरावट और अक्टूबर में संभावित फेडरल रिजर्व दर वृद्धि को लेकर घटती उम्मीदों के बावजूद डॉलर के खरीदार बाजार में हावी बने हुए हैं। शिकागो मर्केंटाइल एक्सचेंज यानी CME Group के फेडवॉच टूल के आंकड़ों से पता चलता है कि वित्तीय बाजार के ट्रेडर अभी भी 85 प्रतिशत से अधिक संभावना मान रहे हैं कि अमेरिकी केंद्रीय बैंक इस वर्ष के अंत तक उधारी लागत में वृद्धि करेगा। बॉन्ड यील्ड के पीछे हटने के बावजूद दर वृद्धि की यह संभावना डॉलर को मजबूती प्रदान कर रही है।

फेडरल ओपन मार्केट कमेटी (FOMC) के आगामी नीतिगत कदमों को लेकर दिशा-निर्देश हासिल करने के लिए बाजार सहभागियों की नजरें बुधवार को जारी होने वाले FOMC बैठक के विवरण पर टिकी हैं। ट्रेडर अल्पकालिक रणनीतियों के लिए अमेरिकी ISM सर्विसेज PMI आंकड़ों और प्रमुख फेडरल रिजर्व अधिकारियों के भाषणों का भी इंतजार कर रहे हैं। सेवा क्षेत्र के आंकड़े अमेरिकी अर्थव्यवस्था के वास्तविक स्वास्थ्य को दर्शाएंगे, जिससे आने वाले महीनों में मौद्रिक सख्ती के फैसले प्रभावित हो सकते हैं।

तकनीकी स्तर और चार्ट का विश्लेषण

तकनीकी दृष्टिकोण से देखें तो पिछले सप्ताह 101.60 से 101.70 के क्षैतिज प्रतिरोध स्तर के ऊपर हुआ ब्रेकआउट डॉलर इंडेक्स के लिए एक बड़ा उत्प्रेरक साबित हुआ है। तकनीकी संकेतकों में 14-दिवसीय रिलेटिव स्ट्रेंथ इंडेक्स यानी RSI 70 से ऊपर 74 के स्तर पर दर्ज किया गया है, जो ओवरबॉट क्षेत्र में होने का संकेत देता है। इसके बावजूद, तेजी की दिशा में गति पूरी तरह से खरीदारों के नियंत्रण में दिख रही है। 20-दिवसीय एक्सपोनेंशियल मूविंग एवरेज 100.86, 50-दिवसीय EMA 100.32 और 200-दिवसीय EMA 99.48 पर स्थित है, जो एक मजबूत दीर्घकालिक अपट्रेंड और गोल्डन क्रॉस स्थिति को दर्शाते हैं।

बोलिंजर बैंड्स (20,2) की सीमा 98.39 से 102.64 के बीच बनी हुई है और इसका मध्य स्तर 100.52 है, जिससे स्पष्ट है कि मौजूदा भाव बैंड के ऊपरी दायरे के अंदर सुरक्षित है। चार्ट पर 14-दिवसीय ADX सूचकांक 38 पर ट्रेंडिंग स्थिति दिखा रहा है, जबकि एमएसीडी 0.62 पर 0.44 की सिग्नल लाइन के ऊपर बना हुआ है, जिसका 0.19 का हिस्टोग्राम बुलिश मोमेंटम की पुष्टि करता है। स्टोकेस्टिक संकेतक की फास्ट लाइन 90 और सिग्नल लाइन 92 पर है, जबकि 14-दिवसीय एवरेज ट्रू रेंज यानी ATR 0.48 दर्ज की गई है। मुख्य स्तरों में पिवट 102.20 पर है, जिसमें निकटतम प्रतिरोध R1 102.55 और R2 102.88 पर स्थित हैं, वहीं समर्थन S1 101.87 और S2 101.52 पर देखा जा रहा है। यदि कोई सुधारात्मक गिरावट आती भी है, तो 101.60-101.70 का पूर्व प्रतिरोध अब एक मजबूत समर्थन के रूप में नए खरीदारों को आकर्षित कर सकता है।

वैश्विक मुद्राओं और अन्य परिसंपत्तियों पर असर

अमेरिकी डॉलर में आई मजबूती का सीधा असर अन्य प्रमुख वैश्विक मुद्राओं और कमोडिटी बाजारों पर पड़ा है। सोमवार के कारोबार में यूरो के मुकाबले डॉलर सबसे अधिक मजबूत साबित हुआ। EUR/USD गिरकर मई 2025 के बाद के अपने सबसे निचले स्तर पर आ गया है। यह जोड़ी बुधवार को 1.1312 के स्तर तक गिर चुकी थी और जनवरी के अपने 1.2082 के शिखर से काफी नीचे कारोबार कर रही है। ऊर्जा कीमतों के जोखिम और भू-राजनीतिक उथल-पुथल ने यूरोपीय मुद्रा पर भारी दबाव बनाया हुआ है।

एशियाई सत्र के अंत में AUD/USD पर भी बिकवाली का दबाव देखा गया और यह 0.6900 के स्तर की ओर फिसल गया। ऑस्ट्रेलियाई डॉलर के ट्रेडर अब कच्चे तेल की कीमतों, ट्रेजरी यील्ड और रिज़र्व बैंक ऑफ ऑस्ट्रेलिया की आगामी नीतिगत दिशा पर नजर रखे हुए हैं। दूसरी ओर, USD/JPY अपने नुकसान की भरपाई करते हुए 158.00 के स्तर को दोबारा हासिल करने में कामयाब रहा और पिछले एक सप्ताह के सीमित दायरे में बना रहा। हालांकि, बैंक ऑफ जापान के सख्त रुख और संभावित सरकारी हस्तक्षेप की आशंकाएं येन की गिरावट को सीमित कर सकती हैं।

कमोडिटी बाजार में, सोने की कीमतें 4,150 डॉलर प्रति औंस से नीचे एक सीमित दायरे में बनी रहीं। मजबूत डॉलर ने सोने की तेजी पर अंकुश लगाया है, लेकिन अक्टूबर में फेड दर वृद्धि की घटती उम्मीदों ने इसकी गिरावट को भी सीमित रखा। क्रिप्टो बाजार की बात करें तो BNB, जिसे पहले बिनांस कॉइन के नाम से जाना जाता था, लगातार तीन हफ्तों की बढ़त के बाद सोमवार को गिरकर लगभग 790 डॉलर पर कारोबार करता दिखा। इसके बावजूद डेरिवेटिव बाजार में बढ़ते ओपन इंटरेस्ट और सकारात्मक फंडिंग दरों से संकेत मिलता है कि तेजी की स्थिति अभी भी बरकरार है।

सवाल-जवाब

अमेरिकी डॉलर इंडेक्स हाल ही में किस स्तर तक पहुंच गया है?
डॉलर इंडेक्स सोमवार को 102.30 के स्तर के पास पहुंच गया, जो अप्रैल 2025 के बाद का इसका उच्चतम स्तर है।
डॉलर में इस मजबूती का मुख्य कारण क्या है?
मध्य पूर्व और रूस-यूक्रेन संघर्षों के कारण सुरक्षित निवेश की मांग और फेडरल रिजर्व द्वारा वर्ष के अंत तक ब्याज दरें बढ़ाने की संभावना इसकी मुख्य वजह है।
फेडवॉच टूल के अनुसार दर वृद्धि की कितनी संभावना जताई गई है?
सीएमई ग्रुप के फेडवॉच टूल के अनुसार 85 प्रतिशत से अधिक व्यापारी मानते हैं कि केंद्रीय बैंक इस साल के अंत तक उधारी लागत बढ़ाएगा।
यूरो और जापानी येन के मुकाबले डॉलर का क्या प्रदर्शन रहा?
यूरो गिरकर मई 2025 के बाद के सबसे निचले स्तर पर आ गया, जबकि डॉलर येन के मुकाबले अपने नुकसान की भरपाई करते हुए 158.00 के स्तर पर पहुंच गया।
सोने की कीमतों पर डॉलर की तेजी का क्या असर पड़ा है?
डॉलर की मजबूती के कारण अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने की कीमतें 4,150 डॉलर प्रति औंस के नीचे एक सीमित दायरे में कारोबार कर रही हैं।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 5

Kavya Nair@kavya-nair·33 मिनट पहले

डॉलर के मजबूत होने की बात तो ठीक है, पर मुझे समझ नहीं आता कि हर बार ऐसे तनावों में लोगों को सिर्फ अमेरिकी करेंसी ही क्यों सबसे सुरक्षित लगती है। बाकी देशों के हालात भी तो हैं, फिर भी सारा पैसा यहीं क्यों भागता है?

Rohan Gupta@rohan-gupta·54 मिनट पहले

डेटा कहता है कि युद्ध की वजह से डॉलर चढ़ रहा है, पर क्या सचमुच हर बार अनिश्चितता से करेंसी मजबूत होती है?

Nyra Kaif@nyra-kaif·53 मिनट पहले

रोहन, सच कहा! होर्मुज जलडमरूमध्य वाला पॉइंट अजीब है—लगता है दुनिया का हर पंगा सीधे हमारे बटुए पर असर डाल रहा है।

Ravikash Gupta@ravikash·1 घंटे पहले

दुनियाभर में तनाव इतना बढ़ रहा है कि हर कोई अपने पैसे सुरक्षित करने में लगा है। क्या होर्मुज जलडमरूमध्य लंबे समय तक बंद रहा, तो तेल की कीमतें आसमान छूने लगेंगी?

Michael Anderson@michael-anderson·1 घंटे पहले

रविकाश, होर्मुज जलडमरूमध्य बंद होने की बात सचमुच डरावनी है, तेल के दाम तो सच में उछल पड़ेंगे।

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR
Chamar no WhatsApp