संसदीय लोकतंत्र, समावेशी शासन और आधुनिक विधायी चुनौतियों पर वैश्विक चर्चा के लिए दक्षिण अफ्रीका के केप टाउन शहर में 69वां राष्ट्रमंडल संसदीय सम्मेलन आयोजित किया जा रहा है। इस अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन में भारतीय राज्य मेघालय का प्रतिनिधित्व विधानसभा अध्यक्ष थॉमस ए संगमा की अगुवाई में एक विशेष प्रतिनिधिमंडल कर रहा है। 13 सितंबर से शुरू हुआ यह व्यापक विधायी सम्मेलन 19 सितंबर तक चलेगा, जिसमें राष्ट्रमंडल के विभिन्न देशों से आए कानून निर्माता और संसदीय प्रतिनिधि एकत्र हुए हैं।
प्रतिनिधिमंडल के प्रमुख सदस्य और सहभागिता
इस आधिकारिक यात्रा में विधानसभा अध्यक्ष थॉमस ए संगमा के साथ मेघालय विधानसभा के उपाध्यक्ष लिमिसन डी संगमा भी मौजूद हैं। प्रशासनिक और विधायी तंत्र की ओर से विधानसभा सचिव मालथस एस संगमा, उप सचिव राजा खारपुरी तथा अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी दल के साथ केप टाउन पहुंचे हैं। मेघालय से गया यह दल विभिन्न चर्चा सत्रों में सक्रिय भागीदारी कर रहा है, जिसका मुख्य उद्देश्य अपने विधायी अनुभवों को साझा करना और समकालीन शासन प्रणालियों से जुड़ी नई प्रक्रियाओं को समझना है।
सम्मेलन की थीम और मुख्य चर्चा के विषय
इस वर्ष का सम्मेलन 'बदलती वैश्विक व्यवस्था में अंतरराष्ट्रीय कानून और संसदीय लोकतंत्र को सुदृढ़ बनाना: राष्ट्रमंडल नेतृत्व' विषय पर केंद्रित है। सम्मेलन के तहत 15 सितंबर को आयोजित सत्रों में कई गंभीर और प्रासंगिक मुद्दों पर विचार-विमर्श किया गया। इनमें पीढ़ियों के बीच समानता, लैंगिक मुख्यधारा, समावेशी संसद, निष्पक्ष व्यापार, आर्थिक व सामाजिक असमानता और दिव्यांगजनों के लिए सुगम पहुंच जैसे अहम विषय शामिल रहे। इसके अतिरिक्त कार्यक्रम के दौरान चौथे सीपीए लिफाका व्याख्यान का आयोजन भी हुआ और प्रतिनिधियों के लिए विशेष ब्रीफिंग सत्र आयोजित किए गए।





















